टेलीग्राम ग्रुप में सदस्यों में आपसी विवाद के चलते ग्रुप से सदस्यों को हटा दिया गया है क्योंकि उसमें सभी एक दूसरे पर आरोप लगा रहे थे कि यह फेल गैंग वाले हैं और कुछ पता भी नहीं चल रहा था क्योंकि अधिकांश आईडी फर्जी थी इसलिए आप सभी अब केवल इसी चैनल से जुड़े रहिए।
जिन्हें पर्सनल बात करनी है वह हमें मैसेज कर सकते हैं।
कुछ सदस्य कह रहे थे कि हमारे विचारों में परिवर्तन क्यों हो गया है जबकि वह यह नहीं समझ रहे हैं कि परिस्थितियों के अनुसार विचारों में परिवर्तन अवश्यंभावी है। हम तो आज भी चाहते हैं कि इंटरव्यू हो जाए क्योंकि फिर से परीक्षा देना बहुत बड़ा रिस्क लेना है क्योंकि एक तो पता नहीं परीक्षा कब होगी दूसरा जब परीक्षा होगी उस समय हमारी स्थिति कैसी होगी।
लेकिन क्या कर सकते हैं पास हुए छात्रों ने अपनी सुस्ती में बहुत बड़ा अवसर खो दिया है। सब चुप होकर बैठे रहे हैं और चार महीना निकल गया है जिसमें फेल छात्रों ने ज्ञापन देकर समाचार पत्रों में यह स्पष्ट कर दिया कि परीक्षा में धांधली हुई है। अगर इन चार महीनों में पास हुए छात्रों ने इंटरव्यू के लिए जरा भी दबाव बनाया होता तो सरकार परीक्षा को रद्द नहीं करती बल्कि रिजल्ट में संशोधन कर देती।
बीते चार महीना में परीक्षा में इंटरव्यू हेतु सफल हुए छात्र कहीं दिखाई नहीं पड़े। मैदान साफ था जिसमें फेल हुए छात्रों ने बाजी मार ली।
अब पता चला सुस्ती कितनी भारी पड़ती है
जो भी छात्र कोर्ट गए हैं उनसे कहना है कि अपने वकील साहब से पूछ लीजिए ग्राउंड क्या है क्योंकि हम सुप्रीम कोर्ट के वकील साहब से इस पर विचार कर लेंगे।
aspirant.advt51@gmail.com
इस मेल पर आप हमें अपना मैसेज कर सकते हैं
हमारी सुप्रीम कोर्ट के वकीलों से जो बात हुई है उनके अनुसार इस केस में कोई ग्राउंड नहीं बनती है। हम यह बात इसलिए बता रहे हैं कि कहीं कोई आपको भ्रमित करके आपका पैसा और समय खराब न कर दे। हम भी इंटरव्यू हेतु सफल घोषित किए गए हैं इसलिए हम भी चाहते हैं कि इंटरव्यू हो जाए किंतु ऐसा न हो कि कोई भ्रमित करके आपका फायदा उठा ले।
इसलिए अपने वकील साहब से ग्राउंड पर बात करिए क्योंकि हाई कोर्ट में केस ग्राउंड पर किए जाते हैं।
इसलिए अपने वकील साहब से ग्राउंड पर बात करिए क्योंकि हाई कोर्ट में केस ग्राउंड पर किए जाते हैं।