Nodal list Sem. Exam Dec.2025.pdf
1.6 MB
Designation of Nodal Centres for Conduct of Odd Semester (December 2025) Examinations for NEP UG & PG Courses and Traditional PG Programs
001 (99).pdf
5.6 MB
Challenges Evaluation Result S.N. 9609-9729 New
सीसीएसयू : सेमेस्टर परीक्षाओं के लिए कई कॉलेजों के परीक्षा केंद्र बदले
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय ने दिसंबर-2025 की विषम सेमेस्टर (एनईपी-2020 यूजी/पीजी एवं परंपरागत कोर्स) परीक्षाओं के लिए कुछ कॉलेजों के परीक्षा केंद्रों में बदलाव किया है। ये परीक्षाएं 26 नवंबर से शुरू हो रही हैं। अपरिहार्य कारणों से विश्वविद्यालय ने कई कॉलेजों को नए केंद्रों से संबद्ध किया है। बदलाव के चलते डिवाइन लॉ कॉलेज (कोड-839) मऊखास गढ़ रोड का केंद्र अब एनएएस कॉलेज (कोड-056) होगा। पहले यह बीडीएस स्कूल ऑफ लॉ, जागृति विहार का था।
आईपी कॉलेज बुलंदशहर (केवल लड़के) का केंद्र अब डीएवी कॉलेज बुलंदशहर (कोड-006) होगा। रुद्र इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (कोड-664) मवाना खुर्द का केंद्र नवजीवन किसान (पीजी) कॉलेज मवाना (कोड-049) होगा। सुशील इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी मवाना (केवल लड़के) का केंद्र अब एएस (पीजी) कॉलेज मवाना (कोड-686) होगा।
इसके अलावा, विश्वविद्यालय के 15 नवंबर के पत्र (पत्रांक 9929) में भगवती कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक सिवाया (मेरठ) गलती से लिखा गया था। कॉलेज का सही नाम भगवती कॉलेज ऑफ एजुकेशन सिवाया (मेरठ) है और इसका कोड 722 है।विश्वविद्यालय ने सभी छात्र-छात्राओं और कॉलेजों से अनुरोध किया है कि वे परीक्षा देते समय नए केंद्र पर ही पहुंचें। केंद्रों की पूरी सूची विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर उपलब्ध है।
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय ने दिसंबर-2025 की विषम सेमेस्टर (एनईपी-2020 यूजी/पीजी एवं परंपरागत कोर्स) परीक्षाओं के लिए कुछ कॉलेजों के परीक्षा केंद्रों में बदलाव किया है। ये परीक्षाएं 26 नवंबर से शुरू हो रही हैं। अपरिहार्य कारणों से विश्वविद्यालय ने कई कॉलेजों को नए केंद्रों से संबद्ध किया है। बदलाव के चलते डिवाइन लॉ कॉलेज (कोड-839) मऊखास गढ़ रोड का केंद्र अब एनएएस कॉलेज (कोड-056) होगा। पहले यह बीडीएस स्कूल ऑफ लॉ, जागृति विहार का था।
आईपी कॉलेज बुलंदशहर (केवल लड़के) का केंद्र अब डीएवी कॉलेज बुलंदशहर (कोड-006) होगा। रुद्र इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (कोड-664) मवाना खुर्द का केंद्र नवजीवन किसान (पीजी) कॉलेज मवाना (कोड-049) होगा। सुशील इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी मवाना (केवल लड़के) का केंद्र अब एएस (पीजी) कॉलेज मवाना (कोड-686) होगा।
इसके अलावा, विश्वविद्यालय के 15 नवंबर के पत्र (पत्रांक 9929) में भगवती कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक सिवाया (मेरठ) गलती से लिखा गया था। कॉलेज का सही नाम भगवती कॉलेज ऑफ एजुकेशन सिवाया (मेरठ) है और इसका कोड 722 है।विश्वविद्यालय ने सभी छात्र-छात्राओं और कॉलेजों से अनुरोध किया है कि वे परीक्षा देते समय नए केंद्र पर ही पहुंचें। केंद्रों की पूरी सूची विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर उपलब्ध है।
भूल जाएं स्पेशल बैक परीक्षा, राजभवन ने उठाया व्यवस्था पर सवाल... पूछा-क्या हो सकता है?
📌सीसीएसयू में बैक पेपर परीक्षाओं को समाप्त करने पर विचार किया जा रहा है।
👉राजभवन से आए पत्र में विश्वविद्यालयों से इस बारे में जानकारी मांगी गई है।
👉प्रथम सेमेस्टर के परीक्षा फार्म समर्थ पोर्टल से भरे जाएंगे और परीक्षाएं दिसंबर के अंत तक शुरू होने की संभावना है।
https://whatsapp.com/channel/0029VaFF5RlLSmbi4bzE2L0O
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📌सीसीएसयू में बैक पेपर परीक्षाओं को समाप्त करने पर विचार किया जा रहा है।
👉राजभवन से आए पत्र में विश्वविद्यालयों से इस बारे में जानकारी मांगी गई है।
👉प्रथम सेमेस्टर के परीक्षा फार्म समर्थ पोर्टल से भरे जाएंगे और परीक्षाएं दिसंबर के अंत तक शुरू होने की संभावना है।
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मेरठ। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने प्रदेश के विश्वविद्यालयों से बैक पेपर परीक्षाओं को समाप्त करने का आह्वान किया है। राजभवन से इस बाबत भेजा गया पत्र भी चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय में आ गया है। इसमें राज्यपाल ने बैक पेपर परीक्षा को लेकर विश्वविद्यालयों के नीति व नियमों की जानकारी लेने के साथ ही इसे खत्म करने पर विचार भी मांगा है। बैक पेपर परीक्षाएं फेल छात्रों को पास होने का अवसर प्रदान करती हैं। सीसीएसयू की ओर से राजभवन के पत्र में निहित तमाम शर्तों पर परीक्षा समिति की बैठक में मंथन करने के बाद जवाब भेजा जाएगा।
सीसीएसयू की वर्तमान व्यवस्था में सेमेस्टर पाठ्यक्रमों में बैक पेपर परीक्षा सम सेमेस्टर और विषम सेमेस्टर की परीक्षा के साथ देने की व्यवस्था है। सेमेस्टर प्रणाली में जब किसी विद्यार्थी की डिग्री पूरी हो जाती है और वह किसी विषय में फेल है तो स्पेशल बैंक परीक्षाएं कराई जाती हैं। वहीं वार्षिक प्रणाली में विद्यार्थी कम हैं, लेकिन इसके अंतर्गत कोई यदि यूजी की मुख्य परीक्षा में दो विषयों में फेल है तो वह बैक पेपर की परीक्षा दे सकता है। स्पेशल बैक जैसी असमय परीक्षाओं के आयोजन का असर विश्वविद्यालय के सत्र की अन्य विषयों की पढ़ाई व परीक्षाओं के शेड्यूल पर पड़ता है। अब समर्थ पोर्टल के जरिए प्रवेश से लेकर परीक्षा और परिणाम तक की सारी व्यवस्था केंद्रीय स्तर पर एक ही शेड्यूल के तहत लाने के प्रयास के अंतर्गत अन्य स्पेशल गतिविधियों पर भी लगाम कसने की कोशिश की जा रही है।
सीसीएसयू की वर्तमान व्यवस्था में सेमेस्टर पाठ्यक्रमों में बैक पेपर परीक्षा सम सेमेस्टर और विषम सेमेस्टर की परीक्षा के साथ देने की व्यवस्था है। सेमेस्टर प्रणाली में जब किसी विद्यार्थी की डिग्री पूरी हो जाती है और वह किसी विषय में फेल है तो स्पेशल बैंक परीक्षाएं कराई जाती हैं। वहीं वार्षिक प्रणाली में विद्यार्थी कम हैं, लेकिन इसके अंतर्गत कोई यदि यूजी की मुख्य परीक्षा में दो विषयों में फेल है तो वह बैक पेपर की परीक्षा दे सकता है। स्पेशल बैक जैसी असमय परीक्षाओं के आयोजन का असर विश्वविद्यालय के सत्र की अन्य विषयों की पढ़ाई व परीक्षाओं के शेड्यूल पर पड़ता है। अब समर्थ पोर्टल के जरिए प्रवेश से लेकर परीक्षा और परिणाम तक की सारी व्यवस्था केंद्रीय स्तर पर एक ही शेड्यूल के तहत लाने के प्रयास के अंतर्गत अन्य स्पेशल गतिविधियों पर भी लगाम कसने की कोशिश की जा रही है।
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सीसीएसयू : नर्सिंग छात्रों के परीक्षा फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय ने एलएलआरएम मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत बीएससी नर्सिंग (प्रथम से छठा सेमेस्टर, मेन एवं बैक) और एमएससी नर्सिंग प्रथम वर्ष (बैक) के छात्र-छात्राओं के लिए परीक्षा फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सभी छात्रों को 26 नवंबर तक विश्वविद्यालय की वेबसाइट www.ccsuniversity.ac.in पर ऑनलाइन फॉर्म भरना अनिवार्य है। इसके बाद कोई फॉर्म स्वीकार नहीं किया जाएगा।
विश्वविद्यालय ने निर्देश दिए हैं कि फॉर्म भरते समय छात्र अपना फोटो और हस्ताक्षर जरूर अपलोड करें। फोटो न चिपकाने पर फॉर्म रद्द कर दिया जाएगा। परीक्षा शुल्क भी पूरी तरह ऑनलाइन जमा करना होगा, ड्राफ्ट किसी भी हाल में स्वीकार नहीं होगा। फॉर्म केवल एक बार ही भरा जा सकता है, इसलिए सभी जानकारी ध्यान से भरें। ऑनलाइन फॉर्म भरने के बाद प्रिंटआउट निकालकर 27 नवंबर तक एलएलआरएम मेडिकल कॉलेज में जमा करना होगा।
कॉलेज प्रशासन को सभी फॉर्मों की जांच कर 28 नवंबर तक विश्वविद्यालय में जमा कराने हैं। फॉर्म अल्फाबेटिकल और सेमेस्टर वार क्रम में बांधकर, कम्प्यूटर से बनी नॉमिनल रोल के साथ ही जमा करने होंगे। केवल पात्र छात्रों के फॉर्म ही आगे भेजे जाएं। विश्वविद्यालय ने चेतावनी दी है कि अगर फॉर्म में कोई त्रुटि मिली और उसकी वजह से किसी छात्र का फॉर्म रद्द होता है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी छात्र और कॉलेज प्राचार्य की होगी। विश्वविद्यालय इसके लिए जिम्मेदार नहीं होगा। छात्रों से अपील है कि वे अंतिम तारीख से पहले फॉर्म भर लें, क्योंकि इसके बाद कोई छूट नहीं दी जाएगी।
मेरठ। चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय ने एलएलआरएम मेडिकल कॉलेज में अध्ययनरत बीएससी नर्सिंग (प्रथम से छठा सेमेस्टर, मेन एवं बैक) और एमएससी नर्सिंग प्रथम वर्ष (बैक) के छात्र-छात्राओं के लिए परीक्षा फॉर्म भरने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। सभी छात्रों को 26 नवंबर तक विश्वविद्यालय की वेबसाइट www.ccsuniversity.ac.in पर ऑनलाइन फॉर्म भरना अनिवार्य है। इसके बाद कोई फॉर्म स्वीकार नहीं किया जाएगा।
विश्वविद्यालय ने निर्देश दिए हैं कि फॉर्म भरते समय छात्र अपना फोटो और हस्ताक्षर जरूर अपलोड करें। फोटो न चिपकाने पर फॉर्म रद्द कर दिया जाएगा। परीक्षा शुल्क भी पूरी तरह ऑनलाइन जमा करना होगा, ड्राफ्ट किसी भी हाल में स्वीकार नहीं होगा। फॉर्म केवल एक बार ही भरा जा सकता है, इसलिए सभी जानकारी ध्यान से भरें। ऑनलाइन फॉर्म भरने के बाद प्रिंटआउट निकालकर 27 नवंबर तक एलएलआरएम मेडिकल कॉलेज में जमा करना होगा।
कॉलेज प्रशासन को सभी फॉर्मों की जांच कर 28 नवंबर तक विश्वविद्यालय में जमा कराने हैं। फॉर्म अल्फाबेटिकल और सेमेस्टर वार क्रम में बांधकर, कम्प्यूटर से बनी नॉमिनल रोल के साथ ही जमा करने होंगे। केवल पात्र छात्रों के फॉर्म ही आगे भेजे जाएं। विश्वविद्यालय ने चेतावनी दी है कि अगर फॉर्म में कोई त्रुटि मिली और उसकी वजह से किसी छात्र का फॉर्म रद्द होता है तो उसकी पूरी जिम्मेदारी छात्र और कॉलेज प्राचार्य की होगी। विश्वविद्यालय इसके लिए जिम्मेदार नहीं होगा। छात्रों से अपील है कि वे अंतिम तारीख से पहले फॉर्म भर लें, क्योंकि इसके बाद कोई छूट नहीं दी जाएगी।
बीडीएस सप्लीमेंट्री परीक्षा के केंद्रों की सूची जारी
सीसीएसयू ने स्ववित्तपोषित संस्थानों में चल रहे बीडीएस (द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ वर्ष) सप्लीमेंट्री परीक्षाओं के लिए परीक्षा केंद्रों की सूची जारी कर दी है। ये परीक्षाएं 25 नवंबर से शुरू होंगी। विश्वविद्यालय ने पांच परीक्षा केंद्र निर्धारित किए हैं। इसमें ग्रेटर नोएडा का आईटीएस डेंटल कॉलेज (कोड-609) शामिल है, जहां एमएमएच कॉलेज गाजियाबाद (कोड-019) के छात्र परीक्षा देंगे। इसके अलावा इंद्रप्रस्थ डेंटल कॉलेज साहिबाबाद (608), श्री बांके बिहारी डेंटल कॉलेज मसूरी गाजियाबाद (863), कालका डेंटल कॉलेज मेरठ (611) और आईटीएस सेंटर फॉर डेंटल स्टडीज मुरादनगर (983) के साथ आईडीएसटी मोदीनगर (998) व कादराबाद (998) के छात्र भी यहीं परीक्षा देंगे। परीक्षा नियंत्रक ने सभी छात्रों से कहा है कि वे अपने प्रवेश पत्र में दिए गए केंद्र पर ही पहुंचें। किसी भी तरह की गड़बड़ी से बचने के लिए समय से तैयारी कर लें।
सीसीएसयू ने स्ववित्तपोषित संस्थानों में चल रहे बीडीएस (द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ वर्ष) सप्लीमेंट्री परीक्षाओं के लिए परीक्षा केंद्रों की सूची जारी कर दी है। ये परीक्षाएं 25 नवंबर से शुरू होंगी। विश्वविद्यालय ने पांच परीक्षा केंद्र निर्धारित किए हैं। इसमें ग्रेटर नोएडा का आईटीएस डेंटल कॉलेज (कोड-609) शामिल है, जहां एमएमएच कॉलेज गाजियाबाद (कोड-019) के छात्र परीक्षा देंगे। इसके अलावा इंद्रप्रस्थ डेंटल कॉलेज साहिबाबाद (608), श्री बांके बिहारी डेंटल कॉलेज मसूरी गाजियाबाद (863), कालका डेंटल कॉलेज मेरठ (611) और आईटीएस सेंटर फॉर डेंटल स्टडीज मुरादनगर (983) के साथ आईडीएसटी मोदीनगर (998) व कादराबाद (998) के छात्र भी यहीं परीक्षा देंगे। परीक्षा नियंत्रक ने सभी छात्रों से कहा है कि वे अपने प्रवेश पत्र में दिए गए केंद्र पर ही पहुंचें। किसी भी तरह की गड़बड़ी से बचने के लिए समय से तैयारी कर लें।
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चुनौती मूल्यांकन का परिणाम जारी, अंक बढ़े तो जल्द जमा करें पुरानी मार्कशीट
सीसीएसयू ने चुनौती मूल्यांकन (रि-वैल्यूएशन) के 121 आवेदनों (क्रमांक 9609 से 9729 तक) का परिणाम बृहस्पतिवार को अपनी आधिकारिक वेबसाइट www.ccsuniversity.ac.in पर अपलोड कर दिया है। विभिन्न कोर्स के जिन छात्र-छात्राओं के अंक बढ़े हैं या कोई बदलाव हुआ है, उन्हें नई मार्कशीट लेने के लिए तुरंत कार्यवाही करनी होगी। विश्वविद्यालय ने निर्देश दिया है कि प्रभावित छात्र अपनी पुरानी मूल मार्कशीट के साथ आवेदन पत्र लेकर सहायक कुलसचिव (गोपनीय) कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से जमा करें। इसके बाद ही अपडेटेड मार्कशीट जारी की जाएगी। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया कि बिना पुरानी मार्कशीट जमा किए नई अंकतालिका नहीं दी जाएगी।
सीसीएसयू ने चुनौती मूल्यांकन (रि-वैल्यूएशन) के 121 आवेदनों (क्रमांक 9609 से 9729 तक) का परिणाम बृहस्पतिवार को अपनी आधिकारिक वेबसाइट www.ccsuniversity.ac.in पर अपलोड कर दिया है। विभिन्न कोर्स के जिन छात्र-छात्राओं के अंक बढ़े हैं या कोई बदलाव हुआ है, उन्हें नई मार्कशीट लेने के लिए तुरंत कार्यवाही करनी होगी। विश्वविद्यालय ने निर्देश दिया है कि प्रभावित छात्र अपनी पुरानी मूल मार्कशीट के साथ आवेदन पत्र लेकर सहायक कुलसचिव (गोपनीय) कार्यालय में व्यक्तिगत रूप से जमा करें। इसके बाद ही अपडेटेड मार्कशीट जारी की जाएगी। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया कि बिना पुरानी मार्कशीट जमा किए नई अंकतालिका नहीं दी जाएगी।
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सीसीएसयू: बीएससी एग्री, बीए, बीकॉम व बीएससी का परिणाम जारी
मेरठ। सीसीएसयू ने जून-2025 सत्र की कई प्रमुख परीक्षाओं का परिणाम घोषित कर दिया है। इसमें बीएससी एग्रीकल्चर (ऑनर्स) द्वितीय, चतुर्थ व षष्ठम सेमेस्टर, बीए द्वितीय व चतुर्थ सेमेस्टर, बीएससी द्वितीय व चतुर्थ सेमेस्टर, बीकॉम द्वितीय व चतुर्थ सेमेस्टर तथा बीएससी होम साइंस द्वितीय सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं का रिजल्ट शामिल है। ये परिणाम विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट www.ccsuniversity.ac.in पर अपलोड कर दिए गए हैं। संबंधित कॉलेज कोड वाले सभी छात्र- छात्राएं तुरंत अपना रिजल्ट चेक कर लें। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया कि रिजल्ट केवल ऑनलाइन ही उपलब्ध होगा, ऑफलाइन कॉपी कॉलेजों में बाद में भेजी जाएगी। जिन छात्रों को मार्कशीट में कोई त्रुटि दिखे, वे निर्धारित समय में सुधार के लिए आवेदन कर सकते हैं
मेरठ। सीसीएसयू ने जून-2025 सत्र की कई प्रमुख परीक्षाओं का परिणाम घोषित कर दिया है। इसमें बीएससी एग्रीकल्चर (ऑनर्स) द्वितीय, चतुर्थ व षष्ठम सेमेस्टर, बीए द्वितीय व चतुर्थ सेमेस्टर, बीएससी द्वितीय व चतुर्थ सेमेस्टर, बीकॉम द्वितीय व चतुर्थ सेमेस्टर तथा बीएससी होम साइंस द्वितीय सेमेस्टर के छात्र-छात्राओं का रिजल्ट शामिल है। ये परिणाम विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट www.ccsuniversity.ac.in पर अपलोड कर दिए गए हैं। संबंधित कॉलेज कोड वाले सभी छात्र- छात्राएं तुरंत अपना रिजल्ट चेक कर लें। विश्वविद्यालय ने स्पष्ट किया कि रिजल्ट केवल ऑनलाइन ही उपलब्ध होगा, ऑफलाइन कॉपी कॉलेजों में बाद में भेजी जाएगी। जिन छात्रों को मार्कशीट में कोई त्रुटि दिखे, वे निर्धारित समय में सुधार के लिए आवेदन कर सकते हैं