📖 दैनिक प्रश्नोत्तरी
•••••••••••••••••••••••••••
76- आत्म परिचय कविता की प्रकृति है ?
-- गीत
77- आत्म परिचय कविता का संकलन निशा निमंत्रण में किस वर्ष किया गया ?
-- 1969 में
78-" दिन जल्दी-जल्दी ढलता है" की प्रकृति है ?
-- गीत
79- "दिन जल्दी-जल्दी ढलता है" गीत संकलित है?
-- निशा निमंत्रण में
80- "मिट्टी का तन, मस्ती का मन, क्षण भर जीवन मेरा परिचय" पंक्तियां किसकी है?
-- हरिवंश राय बच्चन की
81- "बच्चन में दूसरों को रुला सकने की अपूर्व क्षमता है" कथन किसका है?
-- मुक्तिबोध का
82- "नीड का निर्माण फिर फिर कविता संकलित है ?
-- सतरंगिनी में
83- "जो बीत गई सो बात गई" कविता संग्रहित है ?
-- सतरंगिनी
84- उमर खय्याम की रुबाइयों का अनुवाद किसने किया ?
अ) भगवती चरण वर्मा
ब) शिवमंगल सिंह सुमन
स) नरेंद्र शर्मा
द) मैथिलीशरण गुप्त √√
85- "मदशाला" कृति के लेखक कौन है ?
-- श्री कृष्ण चंद्र
86- हरिवंशराय बच्चन में भगवद्गीता का हिंदी में किस नाम से अनुवाद किया था ?
-- नागर गीता नाम से
87- हरिवंशराय बच्चन के गीतों में आए "साकी" शब्द का क्या अर्थ है?
-- सुंदरी ( जो अपने हाथों से मधुपान कराती है )
88- "इनका काव्य उमर खय्याम के काव्य की पेरोडी अर्थात व्यंग्य काव्य मात्र बनकर रह गया है।" यह कथन किस के लिए है ?
-- हरिवंशराय बच्चन के लिए
89- "क्षीण, क्षुद्र, क्षणभंगुर दुर्बल मानव के पास जगजीवन की समस्त आधि- व्याधियों की यही एक महषधि है।" हरिवंशराय बच्चन के इस कथन में "यही" शब्द का अर्थ है?
-- जीवन रूपी मदिरा ( मधुशाला की भूमिका, जिसे सम्बोधन नाम दिया गया है, में उक्त कथन है। )
90- "मधुकर" काव्य संग्रह के लेखक है ?
-- भगवती चरण वर्मा
91- "प्रेम संगीत" काव्य संग्रह किसका है ?
-- भगवती चरण वर्मा का
92- "अहंवादी वैयक्तिकता प्रधान साहित्य के रचयिता" के रूप में सर्वाधिक प्रसिद्ध है ?
-- भगवती चरण वर्मा
93- "यौवन की इस मधुशाला में है प्यासों का ही स्थान प्रिये" यह पंक्ति किसकी है ?
--भगवती चरण वर्मा की ( प्रेम संगीत में )
94- "भैसा गाडी" नामक प्रसिद्ध कविता किसकी है ?
-- भगवती चरण वर्मा की
95- हिंदी में मांसलवाद के प्रवर्तक कौन माने जाते हैं ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
96- "मधुलिका" काव्य संग्रह के लेखक कौन हैं ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
97- "अपराजिता" काव्य संग्रह किसका है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल का
98- "किरण बेला" काव्य संग्रह के लेखक हैं ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
99- कटील, लाल चुनर, वर्षान्त के बादल और विराम चिन्ह आदि काव्य संग्रह किसके हैं ?
--रामेश्वर शुक्ल अंचल के
100- अंचल मूलतः कवि है ?
-- प्रेम, यौवन और सौंदर्य के कवि
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76- आत्म परिचय कविता की प्रकृति है ?
-- गीत
77- आत्म परिचय कविता का संकलन निशा निमंत्रण में किस वर्ष किया गया ?
-- 1969 में
78-" दिन जल्दी-जल्दी ढलता है" की प्रकृति है ?
-- गीत
79- "दिन जल्दी-जल्दी ढलता है" गीत संकलित है?
-- निशा निमंत्रण में
80- "मिट्टी का तन, मस्ती का मन, क्षण भर जीवन मेरा परिचय" पंक्तियां किसकी है?
-- हरिवंश राय बच्चन की
81- "बच्चन में दूसरों को रुला सकने की अपूर्व क्षमता है" कथन किसका है?
-- मुक्तिबोध का
82- "नीड का निर्माण फिर फिर कविता संकलित है ?
-- सतरंगिनी में
83- "जो बीत गई सो बात गई" कविता संग्रहित है ?
-- सतरंगिनी
84- उमर खय्याम की रुबाइयों का अनुवाद किसने किया ?
अ) भगवती चरण वर्मा
ब) शिवमंगल सिंह सुमन
स) नरेंद्र शर्मा
द) मैथिलीशरण गुप्त √√
85- "मदशाला" कृति के लेखक कौन है ?
-- श्री कृष्ण चंद्र
86- हरिवंशराय बच्चन में भगवद्गीता का हिंदी में किस नाम से अनुवाद किया था ?
-- नागर गीता नाम से
87- हरिवंशराय बच्चन के गीतों में आए "साकी" शब्द का क्या अर्थ है?
-- सुंदरी ( जो अपने हाथों से मधुपान कराती है )
88- "इनका काव्य उमर खय्याम के काव्य की पेरोडी अर्थात व्यंग्य काव्य मात्र बनकर रह गया है।" यह कथन किस के लिए है ?
-- हरिवंशराय बच्चन के लिए
89- "क्षीण, क्षुद्र, क्षणभंगुर दुर्बल मानव के पास जगजीवन की समस्त आधि- व्याधियों की यही एक महषधि है।" हरिवंशराय बच्चन के इस कथन में "यही" शब्द का अर्थ है?
-- जीवन रूपी मदिरा ( मधुशाला की भूमिका, जिसे सम्बोधन नाम दिया गया है, में उक्त कथन है। )
90- "मधुकर" काव्य संग्रह के लेखक है ?
-- भगवती चरण वर्मा
91- "प्रेम संगीत" काव्य संग्रह किसका है ?
-- भगवती चरण वर्मा का
92- "अहंवादी वैयक्तिकता प्रधान साहित्य के रचयिता" के रूप में सर्वाधिक प्रसिद्ध है ?
-- भगवती चरण वर्मा
93- "यौवन की इस मधुशाला में है प्यासों का ही स्थान प्रिये" यह पंक्ति किसकी है ?
--भगवती चरण वर्मा की ( प्रेम संगीत में )
94- "भैसा गाडी" नामक प्रसिद्ध कविता किसकी है ?
-- भगवती चरण वर्मा की
95- हिंदी में मांसलवाद के प्रवर्तक कौन माने जाते हैं ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
96- "मधुलिका" काव्य संग्रह के लेखक कौन हैं ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
97- "अपराजिता" काव्य संग्रह किसका है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल का
98- "किरण बेला" काव्य संग्रह के लेखक हैं ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
99- कटील, लाल चुनर, वर्षान्त के बादल और विराम चिन्ह आदि काव्य संग्रह किसके हैं ?
--रामेश्वर शुक्ल अंचल के
100- अंचल मूलतः कवि है ?
-- प्रेम, यौवन और सौंदर्य के कवि
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आदिकाल साहित्य के महत्वपूर्ण तथ्य:-
> आचार्य रामचंद्र शुक्ल के अनुसार ‘आदिकाल’ की सर्वमान्य समय सीमा वीं.सं 1050 से 1375 और (993 ई. से 1318 ई.) है।
> हजारीप्रसाद द्विवेदी के अनुसार ‘आदिकाल’ का सर्वमान्य नाम ‘आदिकाल’ ही है।
> आदिकाल को अत्यधिक ‘विरोधों’ और ‘व्याघातों’ का युग कहने वाले आलोचक आचार्य हजारीप्रसाद द्विवेदी जी हैं।
> आदिकाल को ‘अपभ्रंश’ का ‘बढ़ाव या विकसित’ रूप कहने वाले आलोचक आचार्य हजारीप्रसाद द्विवेदी हैं। डॉ. नगेंद्र ने भी इसका समर्थन किया है।
> आदिकाल या हिंदी का प्रथम कवि- ‘सरहपा’ थे।
> आदिकाल या हिंदी की प्रथम रचना – देवसेन की रचना – ‘श्रवकाचार’ (933 ई.) है।
> अपभ्रंस में ‘कड़वक’ पद्धति का प्रयोग करनेवाले दूसरा कवि ‘स्वयंभू’ है। स्वयंभू ने ‘पउमचरिउ’ स्वयं लिखा है।
> हिंदी में दोहा, चौपाई/कड़वक पद्धति का प्रयोग करनेवाले प्रथम कवि ‘सरहपा’ थे।
> 84 सिद्धों का उल्लेख सबसे पहले ‘ज्योतिरीश्वर ठाकुर’ के ‘वर्णरत्नाकर’ से प्राप्त होता है। > 84 सिद्धों में प्रथम सिद्ध ‘सरहपा’ थे।
> सिद्धों का चरमोत्कर्ष का काल ‘8वीं से 13वीं’ शताब्दी के मध्य था।
> रास परंपरा की ‘करुणरस’ प्रधान रचना ‘चंदनबाला रास’ है।
> हिंदी में शृंगारिक काव्यों की परंपरा का आरंभ हजारीप्रसाद द्विवेदी के अनुसार ‘संदेश रासक’ से माना जाता है।
> हिंदी में मनोरंजनपूर्ण साहित्य लिखनेवाले प्रथम कवि ‘अमीर खुसरो’ हैं।
> खड़ीबोली हिंदी के प्रथम कवि ‘अमीर खुसरो’ हैं।
> अमीर खुसरो का पूरानाम ‘अबुल यमीनुद्दीन खुसरो’ था।
> नख-शिख वर्णन परंपरा की प्रथम रचना ‘रोड़ा’ कवि की ‘राउलवेल’ है।
> हिंदी ‘चंपू’ परंपरा की प्रथम रचना ‘रोडा’ कवि कृत ‘राउलवेल’ है।
> बारहमासा का वर्णन सबसे पहले ‘नेमिनाथ चौपई’ (अपभ्रंश) में मिलता है।
> आचार्य रामचंद्र शुक्ल के अनुसार ‘आदिकाल’ की सर्वमान्य समय सीमा वीं.सं 1050 से 1375 और (993 ई. से 1318 ई.) है।
> हजारीप्रसाद द्विवेदी के अनुसार ‘आदिकाल’ का सर्वमान्य नाम ‘आदिकाल’ ही है।
> आदिकाल को अत्यधिक ‘विरोधों’ और ‘व्याघातों’ का युग कहने वाले आलोचक आचार्य हजारीप्रसाद द्विवेदी जी हैं।
> आदिकाल को ‘अपभ्रंश’ का ‘बढ़ाव या विकसित’ रूप कहने वाले आलोचक आचार्य हजारीप्रसाद द्विवेदी हैं। डॉ. नगेंद्र ने भी इसका समर्थन किया है।
> आदिकाल या हिंदी का प्रथम कवि- ‘सरहपा’ थे।
> आदिकाल या हिंदी की प्रथम रचना – देवसेन की रचना – ‘श्रवकाचार’ (933 ई.) है।
> अपभ्रंस में ‘कड़वक’ पद्धति का प्रयोग करनेवाले दूसरा कवि ‘स्वयंभू’ है। स्वयंभू ने ‘पउमचरिउ’ स्वयं लिखा है।
> हिंदी में दोहा, चौपाई/कड़वक पद्धति का प्रयोग करनेवाले प्रथम कवि ‘सरहपा’ थे।
> 84 सिद्धों का उल्लेख सबसे पहले ‘ज्योतिरीश्वर ठाकुर’ के ‘वर्णरत्नाकर’ से प्राप्त होता है। > 84 सिद्धों में प्रथम सिद्ध ‘सरहपा’ थे।
> सिद्धों का चरमोत्कर्ष का काल ‘8वीं से 13वीं’ शताब्दी के मध्य था।
> रास परंपरा की ‘करुणरस’ प्रधान रचना ‘चंदनबाला रास’ है।
> हिंदी में शृंगारिक काव्यों की परंपरा का आरंभ हजारीप्रसाद द्विवेदी के अनुसार ‘संदेश रासक’ से माना जाता है।
> हिंदी में मनोरंजनपूर्ण साहित्य लिखनेवाले प्रथम कवि ‘अमीर खुसरो’ हैं।
> खड़ीबोली हिंदी के प्रथम कवि ‘अमीर खुसरो’ हैं।
> अमीर खुसरो का पूरानाम ‘अबुल यमीनुद्दीन खुसरो’ था।
> नख-शिख वर्णन परंपरा की प्रथम रचना ‘रोड़ा’ कवि की ‘राउलवेल’ है।
> हिंदी ‘चंपू’ परंपरा की प्रथम रचना ‘रोडा’ कवि कृत ‘राउलवेल’ है।
> बारहमासा का वर्णन सबसे पहले ‘नेमिनाथ चौपई’ (अपभ्रंश) में मिलता है।
कामायनी महाकाव्य के बारे में महत्तवपूर्ण कथन:-
★कामायनी महाकाव्य -जय शंकर प्रसाद
★सर्ग – 15
★मुख्य छंद – तोटक
★कामायनी पर प्रसाद को मंगलाप्रसाद पारितोषिक पुरस्कार मिला है
★काम गोत्र में जन्म लेने के कारण श्रद्धा को कामायनी कहा गया है।
★प्रसाद ने कामायनी में आदि मानव मनु की कथा के साथ साथ युगीन समस्याओं पर प्रकाश डाला है।
★कामायनी का अंगीरस शांत रस है।
★कामायनी दर्शन समरसता – आनन्दवाद है।
★कामायनी की कथा का आधार ऋग्वेद,छांदोग्य उपनिषद् ,शतपथ ब्राहमण तथा श्री मद्भागवत हैं।
★घटनाओं का चयन शतपथ ब्राह्मण से किया गया है।
★कामायनी की पूर्व पीठिका प्रेमपथिक है।
★कामायनी की श्रद्धा का पूर्व संस्करण उर्वशी है।
★कामायनी का हृदय लज्जा सर्ग है।
⇒ कामायनी के विषय में कथन
1. कामायनी मानव चेतना का महाकाव्य है।यह आर्ष ग्रन्थ है।
-©डॉ.नगेन्द्र
2.कामायनी फैंटेसी है।~©मुक्तिबोध
3.कामायनी एक असफल कृति है।-©इन्द्रनाथ मदान
4. कामायनी नये युग का प्रतिनिधि काव्य है।-©नन्द दुलारे वाजपेयी
5.कामायनी ताजमहल के समान है-©सुमित्रानन्दन पंत
6.कामायनी एक रूपक है-©नगेन्द्र
7.कामायनी विश्व साहित्य का आठवाँ महाकाव्य है~©श्यामनारायण
8. कामायनी दोष रहित दोषण सहित रचना ~©रामधारी सिंह दिनकर
9. कामायनी समग्रतः में समासोक्ति का विधान लक्षित करती है~©डॉ नगेन्द्र
10. कामायनी आधुनिक सभ्यता का प्रतिनिधि महाकाव्य है~©नामवर सिंह
कामायनी के विषय में कथन
11. कामायनी आधुनिक हिन्दी साहित्य का सर्वोत्तम महाकाव्य है-©हरदेव बाहरी
12.कामायनी मधुरस से सिक्त महाकाव्य है-©रामरतन भटनाकर
13. कामायनी विराट सांमजस्य की सनातन गाथा है -©विशवंभर मानव
14.कामायनी का कवि दूसरी श्रेणी का कवि है -©हजारी प्रसाद द्विवेदी
15. कामायनी वर्तमान हिन्दी कविता में दुर्लब कृति है- ©हजारी प्रसाद द्विवेदी
16. कामायनी में प्रसाद ने मानवता का रागात्मक इतिहास प्रस्तुत किया है जिस प्रकार निराला ने तुलसीदास के मानस विकास का बड़ा दिव्य और विशाल रंगीन चित्र खिंचा है~©रामचन्द्र शुक्ल
17. कामायनी छायावाद का उपनिषद है-©शांति प्रिय द्विवेदी
18.कामायनी को कंपोजिशन की संज्ञा देने वाले-©रामस्वरूप चतुर्वेदी
19.मुक्तिबोध का कामायनी संबंधि अध्ययन फूहड़ मारक्स वाद का नमूना है-©बच्चन सिंह
20.कामायनी जीवन की पूनर्रचना है -©मुक्तिबोध
21.कामायनी मनोविज्ञान की ट्रीटाइज है -©नगेन्द्र
22.कामायनी आधुनिक समीक्षक और रचनाकार दोनों के लिए परीक्षा स्थल है ~©रामस्वरूप चतुर्वेदी
★कामायनी महाकाव्य -जय शंकर प्रसाद
★सर्ग – 15
★मुख्य छंद – तोटक
★कामायनी पर प्रसाद को मंगलाप्रसाद पारितोषिक पुरस्कार मिला है
★काम गोत्र में जन्म लेने के कारण श्रद्धा को कामायनी कहा गया है।
★प्रसाद ने कामायनी में आदि मानव मनु की कथा के साथ साथ युगीन समस्याओं पर प्रकाश डाला है।
★कामायनी का अंगीरस शांत रस है।
★कामायनी दर्शन समरसता – आनन्दवाद है।
★कामायनी की कथा का आधार ऋग्वेद,छांदोग्य उपनिषद् ,शतपथ ब्राहमण तथा श्री मद्भागवत हैं।
★घटनाओं का चयन शतपथ ब्राह्मण से किया गया है।
★कामायनी की पूर्व पीठिका प्रेमपथिक है।
★कामायनी की श्रद्धा का पूर्व संस्करण उर्वशी है।
★कामायनी का हृदय लज्जा सर्ग है।
⇒ कामायनी के विषय में कथन
1. कामायनी मानव चेतना का महाकाव्य है।यह आर्ष ग्रन्थ है।
-©डॉ.नगेन्द्र
2.कामायनी फैंटेसी है।~©मुक्तिबोध
3.कामायनी एक असफल कृति है।-©इन्द्रनाथ मदान
4. कामायनी नये युग का प्रतिनिधि काव्य है।-©नन्द दुलारे वाजपेयी
5.कामायनी ताजमहल के समान है-©सुमित्रानन्दन पंत
6.कामायनी एक रूपक है-©नगेन्द्र
7.कामायनी विश्व साहित्य का आठवाँ महाकाव्य है~©श्यामनारायण
8. कामायनी दोष रहित दोषण सहित रचना ~©रामधारी सिंह दिनकर
9. कामायनी समग्रतः में समासोक्ति का विधान लक्षित करती है~©डॉ नगेन्द्र
10. कामायनी आधुनिक सभ्यता का प्रतिनिधि महाकाव्य है~©नामवर सिंह
कामायनी के विषय में कथन
11. कामायनी आधुनिक हिन्दी साहित्य का सर्वोत्तम महाकाव्य है-©हरदेव बाहरी
12.कामायनी मधुरस से सिक्त महाकाव्य है-©रामरतन भटनाकर
13. कामायनी विराट सांमजस्य की सनातन गाथा है -©विशवंभर मानव
14.कामायनी का कवि दूसरी श्रेणी का कवि है -©हजारी प्रसाद द्विवेदी
15. कामायनी वर्तमान हिन्दी कविता में दुर्लब कृति है- ©हजारी प्रसाद द्विवेदी
16. कामायनी में प्रसाद ने मानवता का रागात्मक इतिहास प्रस्तुत किया है जिस प्रकार निराला ने तुलसीदास के मानस विकास का बड़ा दिव्य और विशाल रंगीन चित्र खिंचा है~©रामचन्द्र शुक्ल
17. कामायनी छायावाद का उपनिषद है-©शांति प्रिय द्विवेदी
18.कामायनी को कंपोजिशन की संज्ञा देने वाले-©रामस्वरूप चतुर्वेदी
19.मुक्तिबोध का कामायनी संबंधि अध्ययन फूहड़ मारक्स वाद का नमूना है-©बच्चन सिंह
20.कामायनी जीवन की पूनर्रचना है -©मुक्तिबोध
21.कामायनी मनोविज्ञान की ट्रीटाइज है -©नगेन्द्र
22.कामायनी आधुनिक समीक्षक और रचनाकार दोनों के लिए परीक्षा स्थल है ~©रामस्वरूप चतुर्वेदी
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📖 दैनिक प्रश्नोत्तरी
•••••••••••••••••••••••••••••
51- "कर रहा हूं आज मैं आजाद हिंदुस्तान का आह्वान" पंक्ति किसकी है?
-- बच्चन की
52- "जब तक मानव हृदय में रागात्मकता का अवशेष रहेगा तब तक बच्चन की कविता का आकर्षण चिरंतन एवं चिरस्थाई रहेगा" कथन किसका है ?
-- गणपति चंद्रगुप्त
53- बच्चन की कृतियों निशा निमंत्रण, एकांत संगीत और आकुल अंतर में झलकता है ?
-- विषाद
54- बच्चन की कविताओं में विषाद का प्रमुख कारण है ?
-- उनकी पत्नी की मृत्यु
55- बच्चन के काव्य संग्रह सतरंगिनी और मिलनयामिनी किस प्रकार के काव्य हैं?
-- प्रणय काव्य
56- बच्चन की रचनाओं सतरंगिनी और मिलनयामिनी में संकलित है ?
-- बच्चन के उल्लास भरे गीत
57- बच्चन की कविता "नीड़ का पुनर्निर्माण" संबंधित है ?
-- पुनर्विवाह से ( तेजी बच्चन से )
58- बच्चन ने अपनी रचना "एकांत संगीत" में इशारा किया है ?
-- अपने निजी जीवन की ओर
59- हरिवंशराय बच्चन को बचपन में किस नाम से पुकारा जाता था ?
-- बच्चन नाम से
60- "मैकबेथ" रचना किसकी है?
-- हरिवंश राय बच्चन की
61- "जनगीता" रचना किसकी है?
-- हरिवंश राय बच्चन की
62- "चार खेमे चौंसठ खूंटे " रचना किसकी है ?
-- हरिवंश राय बच्चन की
63- "बंगाल का अकाल" रचना किसकी है ?
-- हरिवंशराय बच्चन की
64- "धार की इधर-उधर", "आरती और अंगारे ", "बुद्ध और नाचघर" रचनाए किसकी है ?
-- हरिवंश राय बच्चन की
65- "त्रिभंगीमा" कती के लेखक कौन है ?
-- हरिवंशराय
66- "स्मृति यात्रा यज्"ञ नाम से किसे जाना जाता है?
-- हरिवंश राय बच्चन की आत्मकथा को
67- बच्चन की मधुशाला, मधुबाला और मधुकलश रचनाओं पर प्रभाव है?
-- उमर खय्याम की रुबाइयों का
68- कौनसा कवि हरिवंशराय बच्चन का प्रतिद्वंद्वी कवि माना जाता है?
-- रामधारी सिंह दिनकर
69- डॉक्टर नगेंद्र ने हालावादी कविता को क्या नाम दिया है?
-- व्यैक्तिक प्रेम की कविता
70- "प्रवासी की डायरी" संस्मरण किसका है ?
--हरिवंशराय बच्चन का
71- "प्रवासी के गीत" किसकी प्रसिद्ध रचना है ?
-- नरेंद्र शर्मा की
72- किस कवि ने अपने आपको छायावादी सुक्ष्मता से अलग रखा ?
-- हरिवंश राय बच्चन ने
73- हरिवंशराय बच्चन ने प्रथम बार जीवन और मानवीयता के प्रति अपने प्रौढ़ भावों की वाणी किस कृति में दी थी ?
-- प्रणय पत्रिका में
74- आत्म परिचय कविता किस संग्रह में संग्रहीत है ?
-- "निशा निमंत्रण" में
75- आत्म परिचय कविता की शैली है?
-- गेय एवं आत्मकथात्मक शैली
•••••••••••••••••••••••••••••
51- "कर रहा हूं आज मैं आजाद हिंदुस्तान का आह्वान" पंक्ति किसकी है?
-- बच्चन की
52- "जब तक मानव हृदय में रागात्मकता का अवशेष रहेगा तब तक बच्चन की कविता का आकर्षण चिरंतन एवं चिरस्थाई रहेगा" कथन किसका है ?
-- गणपति चंद्रगुप्त
53- बच्चन की कृतियों निशा निमंत्रण, एकांत संगीत और आकुल अंतर में झलकता है ?
-- विषाद
54- बच्चन की कविताओं में विषाद का प्रमुख कारण है ?
-- उनकी पत्नी की मृत्यु
55- बच्चन के काव्य संग्रह सतरंगिनी और मिलनयामिनी किस प्रकार के काव्य हैं?
-- प्रणय काव्य
56- बच्चन की रचनाओं सतरंगिनी और मिलनयामिनी में संकलित है ?
-- बच्चन के उल्लास भरे गीत
57- बच्चन की कविता "नीड़ का पुनर्निर्माण" संबंधित है ?
-- पुनर्विवाह से ( तेजी बच्चन से )
58- बच्चन ने अपनी रचना "एकांत संगीत" में इशारा किया है ?
-- अपने निजी जीवन की ओर
59- हरिवंशराय बच्चन को बचपन में किस नाम से पुकारा जाता था ?
-- बच्चन नाम से
60- "मैकबेथ" रचना किसकी है?
-- हरिवंश राय बच्चन की
61- "जनगीता" रचना किसकी है?
-- हरिवंश राय बच्चन की
62- "चार खेमे चौंसठ खूंटे " रचना किसकी है ?
-- हरिवंश राय बच्चन की
63- "बंगाल का अकाल" रचना किसकी है ?
-- हरिवंशराय बच्चन की
64- "धार की इधर-उधर", "आरती और अंगारे ", "बुद्ध और नाचघर" रचनाए किसकी है ?
-- हरिवंश राय बच्चन की
65- "त्रिभंगीमा" कती के लेखक कौन है ?
-- हरिवंशराय
66- "स्मृति यात्रा यज्"ञ नाम से किसे जाना जाता है?
-- हरिवंश राय बच्चन की आत्मकथा को
67- बच्चन की मधुशाला, मधुबाला और मधुकलश रचनाओं पर प्रभाव है?
-- उमर खय्याम की रुबाइयों का
68- कौनसा कवि हरिवंशराय बच्चन का प्रतिद्वंद्वी कवि माना जाता है?
-- रामधारी सिंह दिनकर
69- डॉक्टर नगेंद्र ने हालावादी कविता को क्या नाम दिया है?
-- व्यैक्तिक प्रेम की कविता
70- "प्रवासी की डायरी" संस्मरण किसका है ?
--हरिवंशराय बच्चन का
71- "प्रवासी के गीत" किसकी प्रसिद्ध रचना है ?
-- नरेंद्र शर्मा की
72- किस कवि ने अपने आपको छायावादी सुक्ष्मता से अलग रखा ?
-- हरिवंश राय बच्चन ने
73- हरिवंशराय बच्चन ने प्रथम बार जीवन और मानवीयता के प्रति अपने प्रौढ़ भावों की वाणी किस कृति में दी थी ?
-- प्रणय पत्रिका में
74- आत्म परिचय कविता किस संग्रह में संग्रहीत है ?
-- "निशा निमंत्रण" में
75- आत्म परिचय कविता की शैली है?
-- गेय एवं आत्मकथात्मक शैली
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✅ हिंदी साहित्य के महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर
प्रश्न 1- किस युग को आधुनिक हिन्दी कविता का सिंहद्वार कहा जाता है।
उत्तर - भारतेन्दु युग को ।
प्रश्न 2- द्विवेदी युग के प्रवर्तक कौन थे।
उत्तर - महावीर प्रसाद द्विवेदी ।
प्रश्न 3- हिन्दी का पहला सामाजिक उपन्यास कौन सा माना जाता है।
उत्तर - भाग्यवती ।
प्रश्न 4- सन् 1950 से पहले हिन्दी् कविता किस कविता के रूप में जानी जाती थी।
उत्तर - प्रयोगवादी ।
प्रश्न 5- ब्रज भाषा का सर्वोत्तम कवि है।
उत्तर - सूरदास ।
प्रश्न 6- आदिकाल के बाद हिन्दी में किस साहित्य का उदय हुआ ।
उत्तर - भक्ति साहित्य का ।
प्रश्न 7- निर्गुण भक्ति काव्य के प्रमुख कवि है।
उत्तर - कबीरदास ।
प्रश्न 8- किस काल को स्वर्णकाल कहा जाता है।
उत्तर - भक्ति काल को ।
प्रश्न 9- अपभ्रंश का वाल्मीकि किसे कहा जाता है...?
उत्तर - स्वयंभू
प्रश्न 10- आधुनिक काल का समय कब से माना जाता है।
उत्तर - 1900 से अब तक ।
प्रश्न 11- जयशंकर प्रसाद की सर्वश्रेष्ठ रचना कौन सी है।
उत्तर - कामायनी ।
प्रश्न 12- बिहारी ने क्या लिखे है।
उत्तर - दोहे ।
प्रश्न 13- कबीर किसके शिष्य थे।
उत्तर - रामानन्द ।
प्रश्न 14- पद्यावत महाकाव्य कौन सी भाषा में लिखा है।
उत्तर - अवधी ।
प्रश्न 1- किस युग को आधुनिक हिन्दी कविता का सिंहद्वार कहा जाता है।
उत्तर - भारतेन्दु युग को ।
प्रश्न 2- द्विवेदी युग के प्रवर्तक कौन थे।
उत्तर - महावीर प्रसाद द्विवेदी ।
प्रश्न 3- हिन्दी का पहला सामाजिक उपन्यास कौन सा माना जाता है।
उत्तर - भाग्यवती ।
प्रश्न 4- सन् 1950 से पहले हिन्दी् कविता किस कविता के रूप में जानी जाती थी।
उत्तर - प्रयोगवादी ।
प्रश्न 5- ब्रज भाषा का सर्वोत्तम कवि है।
उत्तर - सूरदास ।
प्रश्न 6- आदिकाल के बाद हिन्दी में किस साहित्य का उदय हुआ ।
उत्तर - भक्ति साहित्य का ।
प्रश्न 7- निर्गुण भक्ति काव्य के प्रमुख कवि है।
उत्तर - कबीरदास ।
प्रश्न 8- किस काल को स्वर्णकाल कहा जाता है।
उत्तर - भक्ति काल को ।
प्रश्न 9- अपभ्रंश का वाल्मीकि किसे कहा जाता है...?
उत्तर - स्वयंभू
प्रश्न 10- आधुनिक काल का समय कब से माना जाता है।
उत्तर - 1900 से अब तक ।
प्रश्न 11- जयशंकर प्रसाद की सर्वश्रेष्ठ रचना कौन सी है।
उत्तर - कामायनी ।
प्रश्न 12- बिहारी ने क्या लिखे है।
उत्तर - दोहे ।
प्रश्न 13- कबीर किसके शिष्य थे।
उत्तर - रामानन्द ।
प्रश्न 14- पद्यावत महाकाव्य कौन सी भाषा में लिखा है।
उत्तर - अवधी ।
👍3
📖 दैनिक प्रश्नोत्तरी - 27/10/2023
•••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••
26- छायावाद का "दूसरा उन्मेष" कहलाता है ?
-- उत्तर छायावाद
27- उत्तर छायावाद को छायावाद का दूसरा उन्मेष किसने कहा ?
-- हजारी प्रसाद द्विवेदी ने
28- उत्तर छायावाद में कितने प्रकार की काव्यधाराएँ विकसित हुई ?
-- दो प्रकार की ( 1- राष्ट्रीय 2- वैयक्तिक )
29- उत्तर छायावाद को "स्वछन्द काव्य धारा" किसने कहा ?
-- आचार्य रामचन्द्र शुक्ल ने
30- गणपतिचन्द्र गुप्त ने उत्तर छायावाद को कितनी काव्यधाराओं में बांटा है ?
-- 3 में ( 1- राष्ट्रीय चेतना प्रधान 2- व्यक्ति चेतना प्रधान 3- समष्टि चेतना प्रधान )
31- हालावाद को "प्रगति प्रयोग का पूर्वाभास" किसने कहा है ?
-- डा बच्चन सिंह ने
: 32- हरिवंश राय बच्चन का जन्म कब हुआ था ?
-- 1907 ई
33- हरिवंशराय बच्चन रचित प्रथम काव्य संग्रह है?
-- मधुशाला ( रचना 1933, प्रकाशन 1935 ई )
34- हरिवंशराय बच्चन का प्रथम प्रकाशित काव्य संग्रह है ?
-- तेरा हार
35- उमर खय्याम की रुबाईयों का अनुवाद किसने किया ?
-- हरिवंश राय बच्चन ने
36- बच्चन को किस कृति के लिए "साहित्य अकादमी पुरस्कार" मिला ?
-- "दो चट्टाने" के लिए
37- बच्चन की आत्मकथा कितने खण्डों में प्रकाशित है ?
-- चार खण्डों में
( 1- क्या भूलू़ँ क्या याद करूँ
2- नीड़ का निर्माण फिर
3- बसेरे से दूर
4- दशद्वार से सोपान तक
38- "निशा निमंत्रण" में संकलन है ?
-- गीतों का
39- "निशा निमंत्रण" का प्रकाशन वर्ष है ?
-- 1938 ई
40- "निशा निमंत्रण" के गीत कितनी कितनी पंक्तियों में रचित है ?
-- 13 - 13 पंक्तियों में
41- "निशा निमंत्रण" का प्रथम गीत कौनसा है ?
-- दिन जल्दी जल्दी ढलता है
42- "मधुशाला" में संकलित रुबाईयों की संख्या कितनी है ?
-- 135
43- "मधुशाला" की रुबाईयां कितनी कितनी पंक्तियों में रचित है ?
-- 4 - 4 पंक्तियों में
44- "मधुशाला की मादकता अक्षय है" कथन किसका है ?
-- पंत का
45- " मधुशाला में हाला, प्याला, मधुबाला और मधुशाला कीके चार प्रतीकों के माध्यम से कवि ने अनेक क्रांतिकारी, मर्मस्पर्शी, रागात्मक एवं रहस्यपूर्ण भावों को वाणी दी है।" कथन किसका है ?
-- पंत का
45- बच्चन की रचना त्रय नाम से जानी जाती है?
-- मधुशाला, मधुबाला और मधुकलश प्राइवेट
46- बच्चन के काव्य को कितनी श्रेणियों में बांटा गया है ?
-- चार श्रेणियों में
( मधु काव्य, विषाद काव्य, प्रणय काव्य और राजनीतिक- सामाजिक काव्य )
47- बच्चन का अंतिम काव्य संग्रह कौनसा है?
-- जाल समेटा
48- बच्चन के कितने काव्य संग्रह पंत के साथ है ?
-- दो ( सूत की माला और खादी के फूल )
49- सूत की माला और खादी के फूल संग्रह में कुल कितने गीत संकलित है?
-- 204 गीत
50- उपर्युक्त 204 गीत बच्चन ने कब लिखे थे ?
-- गांधीजी की हत्या के बाद
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26- छायावाद का "दूसरा उन्मेष" कहलाता है ?
-- उत्तर छायावाद
27- उत्तर छायावाद को छायावाद का दूसरा उन्मेष किसने कहा ?
-- हजारी प्रसाद द्विवेदी ने
28- उत्तर छायावाद में कितने प्रकार की काव्यधाराएँ विकसित हुई ?
-- दो प्रकार की ( 1- राष्ट्रीय 2- वैयक्तिक )
29- उत्तर छायावाद को "स्वछन्द काव्य धारा" किसने कहा ?
-- आचार्य रामचन्द्र शुक्ल ने
30- गणपतिचन्द्र गुप्त ने उत्तर छायावाद को कितनी काव्यधाराओं में बांटा है ?
-- 3 में ( 1- राष्ट्रीय चेतना प्रधान 2- व्यक्ति चेतना प्रधान 3- समष्टि चेतना प्रधान )
31- हालावाद को "प्रगति प्रयोग का पूर्वाभास" किसने कहा है ?
-- डा बच्चन सिंह ने
: 32- हरिवंश राय बच्चन का जन्म कब हुआ था ?
-- 1907 ई
33- हरिवंशराय बच्चन रचित प्रथम काव्य संग्रह है?
-- मधुशाला ( रचना 1933, प्रकाशन 1935 ई )
34- हरिवंशराय बच्चन का प्रथम प्रकाशित काव्य संग्रह है ?
-- तेरा हार
35- उमर खय्याम की रुबाईयों का अनुवाद किसने किया ?
-- हरिवंश राय बच्चन ने
36- बच्चन को किस कृति के लिए "साहित्य अकादमी पुरस्कार" मिला ?
-- "दो चट्टाने" के लिए
37- बच्चन की आत्मकथा कितने खण्डों में प्रकाशित है ?
-- चार खण्डों में
( 1- क्या भूलू़ँ क्या याद करूँ
2- नीड़ का निर्माण फिर
3- बसेरे से दूर
4- दशद्वार से सोपान तक
38- "निशा निमंत्रण" में संकलन है ?
-- गीतों का
39- "निशा निमंत्रण" का प्रकाशन वर्ष है ?
-- 1938 ई
40- "निशा निमंत्रण" के गीत कितनी कितनी पंक्तियों में रचित है ?
-- 13 - 13 पंक्तियों में
41- "निशा निमंत्रण" का प्रथम गीत कौनसा है ?
-- दिन जल्दी जल्दी ढलता है
42- "मधुशाला" में संकलित रुबाईयों की संख्या कितनी है ?
-- 135
43- "मधुशाला" की रुबाईयां कितनी कितनी पंक्तियों में रचित है ?
-- 4 - 4 पंक्तियों में
44- "मधुशाला की मादकता अक्षय है" कथन किसका है ?
-- पंत का
45- " मधुशाला में हाला, प्याला, मधुबाला और मधुशाला कीके चार प्रतीकों के माध्यम से कवि ने अनेक क्रांतिकारी, मर्मस्पर्शी, रागात्मक एवं रहस्यपूर्ण भावों को वाणी दी है।" कथन किसका है ?
-- पंत का
45- बच्चन की रचना त्रय नाम से जानी जाती है?
-- मधुशाला, मधुबाला और मधुकलश प्राइवेट
46- बच्चन के काव्य को कितनी श्रेणियों में बांटा गया है ?
-- चार श्रेणियों में
( मधु काव्य, विषाद काव्य, प्रणय काव्य और राजनीतिक- सामाजिक काव्य )
47- बच्चन का अंतिम काव्य संग्रह कौनसा है?
-- जाल समेटा
48- बच्चन के कितने काव्य संग्रह पंत के साथ है ?
-- दो ( सूत की माला और खादी के फूल )
49- सूत की माला और खादी के फूल संग्रह में कुल कितने गीत संकलित है?
-- 204 गीत
50- उपर्युक्त 204 गीत बच्चन ने कब लिखे थे ?
-- गांधीजी की हत्या के बाद
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📖 हिंदी के प्रमुख कवियों/लेखकों के उपनाम
1. आदि कवि. =वाल्मीकि
2. अपभ्रंश का वाल्मीकि/कालिदास =स्वयंभू
3. अभिनव जयदेव. =विद्यापति
4. हिंदी का प्रथम कवि. =सरहपा
5. प्रथम सूफी कवि. =असाइत
6. जड़िया कवि. =नंददास
7. वात्सल्य रस सम्राट. =सूरदास
8. हिंदी का जातीय कवि. =तुलसीदास /विद्यापति
9. कठिन काव्य का प्रेत. =केशवदास
10. पुराने पंथ का पथिक. =मतिराम
11. प्रेम की पीर का कवि. =घनानंद
12. हिंदी नवजागरण का अग्रदूत. =भारतेंदु
13. हिंदी साहित्य में आधुनिकता के जन्मदाता = भारतेंदु
14. नियम नारायण शर्मा. =म. प्र. द्विवेदी
15. कल्लू अल्हइत. =म. प्र. द्विवेदी
16. कवि सम्राट. =अयोध्या सिंह उपाध्याय
17. राष्ट्र कवि. =मैथिलीशरण गुप्त
18. आधुनिक कविता के सुमेरू. =जयशंकर प्रसाद
19. कठिन गद्य का प्रेत. =अज्ञेय
20. कवियों का कवि. =शमशेर बहादुर सिंह
21. बुंदेलखंड का चंदरबरदाई. =वृंदावन लाल वर्मा
22. मुनिमार्ग के हिमायती. =रामचंद्र शुक्ल
23. स्वच्छंदतावादी आलोचक. =नंददुलारे वाजपेयी
24. रसवादी आलोचक. =नगेंद्र
25. मैथिल कोकिल. =विद्यापति
26. हिंदुस्तान की तुती. =अमीर खुसरो
27. अष्टछाप/पुष्टिमार्ग का जहाज. =सूरदास
28. जबाँदानी का दावा रखने वाला कवि =घनानंद
29. प्रकृति का सुकुमार कवि. =सुमित्रा नंदन पंत
30. आधुनिक मीरा. =महादेवी वर्मा
31. एक भारतीय आत्मा. =माखन लाल चतुर्वेदी
32. कलम का जादुगर. =रामवृक्ष बेनीपुरी
33. कलम का सिपाही/ कलम का मजदूर =प्रेमचंद
34. भारत का मैक्सिम गोर्की. =प्रेमचंद
35. गद्य-काव्य का लेखक =वियोगी हरि
36. आधुनिक कबीर. =नागार्जून
37. वाणी का डिक्टेटर. =कबीर
38. फैंटेसी का कवि. =मुक्तिबोध
39. नाथ संप्रदाय के प्रवर्तक = गोरखनाथ/गौरक्षपा
40. आधुनिक युग के चारण कवि = दिनकर
41. आधुनिक युग के कबीर = नागार्जुन
42. आधुनिक युग के गोरखनाथ = निराला
43. संस्कृत के क्लासिकल पंडित = केशवदास
44. हिंदी साहित्य जगत में दद्दा =मैथिलीशरण गुप्त
45. हिंदी साहित्य जगत में दादा = माखनलाल चतुर्वेदी
46. आग व राग के कवि = दिनकर
47. व्यष्टि चेतना के कवि = अज्ञेय
48. कविराज शिरोमणि = पद्माकर
49. प्रेम की पीर का कवि= घनानंद
50. ब्रजभाषा का भूषण = बिहारी
1. आदि कवि. =वाल्मीकि
2. अपभ्रंश का वाल्मीकि/कालिदास =स्वयंभू
3. अभिनव जयदेव. =विद्यापति
4. हिंदी का प्रथम कवि. =सरहपा
5. प्रथम सूफी कवि. =असाइत
6. जड़िया कवि. =नंददास
7. वात्सल्य रस सम्राट. =सूरदास
8. हिंदी का जातीय कवि. =तुलसीदास /विद्यापति
9. कठिन काव्य का प्रेत. =केशवदास
10. पुराने पंथ का पथिक. =मतिराम
11. प्रेम की पीर का कवि. =घनानंद
12. हिंदी नवजागरण का अग्रदूत. =भारतेंदु
13. हिंदी साहित्य में आधुनिकता के जन्मदाता = भारतेंदु
14. नियम नारायण शर्मा. =म. प्र. द्विवेदी
15. कल्लू अल्हइत. =म. प्र. द्विवेदी
16. कवि सम्राट. =अयोध्या सिंह उपाध्याय
17. राष्ट्र कवि. =मैथिलीशरण गुप्त
18. आधुनिक कविता के सुमेरू. =जयशंकर प्रसाद
19. कठिन गद्य का प्रेत. =अज्ञेय
20. कवियों का कवि. =शमशेर बहादुर सिंह
21. बुंदेलखंड का चंदरबरदाई. =वृंदावन लाल वर्मा
22. मुनिमार्ग के हिमायती. =रामचंद्र शुक्ल
23. स्वच्छंदतावादी आलोचक. =नंददुलारे वाजपेयी
24. रसवादी आलोचक. =नगेंद्र
25. मैथिल कोकिल. =विद्यापति
26. हिंदुस्तान की तुती. =अमीर खुसरो
27. अष्टछाप/पुष्टिमार्ग का जहाज. =सूरदास
28. जबाँदानी का दावा रखने वाला कवि =घनानंद
29. प्रकृति का सुकुमार कवि. =सुमित्रा नंदन पंत
30. आधुनिक मीरा. =महादेवी वर्मा
31. एक भारतीय आत्मा. =माखन लाल चतुर्वेदी
32. कलम का जादुगर. =रामवृक्ष बेनीपुरी
33. कलम का सिपाही/ कलम का मजदूर =प्रेमचंद
34. भारत का मैक्सिम गोर्की. =प्रेमचंद
35. गद्य-काव्य का लेखक =वियोगी हरि
36. आधुनिक कबीर. =नागार्जून
37. वाणी का डिक्टेटर. =कबीर
38. फैंटेसी का कवि. =मुक्तिबोध
39. नाथ संप्रदाय के प्रवर्तक = गोरखनाथ/गौरक्षपा
40. आधुनिक युग के चारण कवि = दिनकर
41. आधुनिक युग के कबीर = नागार्जुन
42. आधुनिक युग के गोरखनाथ = निराला
43. संस्कृत के क्लासिकल पंडित = केशवदास
44. हिंदी साहित्य जगत में दद्दा =मैथिलीशरण गुप्त
45. हिंदी साहित्य जगत में दादा = माखनलाल चतुर्वेदी
46. आग व राग के कवि = दिनकर
47. व्यष्टि चेतना के कवि = अज्ञेय
48. कविराज शिरोमणि = पद्माकर
49. प्रेम की पीर का कवि= घनानंद
50. ब्रजभाषा का भूषण = बिहारी
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📖 दैनिक प्रश्नोत्तरी - 25/10/2023
•••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••••
1- "व्यक्तिवादी काव्य" या "वैयक्तिक कविता" के नाम से जाना जाता है ?
-- हालावाद
2- "इस काव्य में समग्रतः एवं संपूर्णतः वैयक्तिक चेतनाओं को ही काव्यमय स्वरों और भाषा में संजोया गया है।" यहाँ किस काव्य के बारे में कहा गया है ?
-- हालावादी काव्य के बारे में
3- "नव्य-स्वछंदतावाद" के नाम से जाना जाता है ?
-- हालावाद
4- "उन्मुक्त प्रेमकाव्य" या "प्रेम व मस्ती के काव्य" के नाम से जाना जाता है ?
-- हालावादी काव्य
5- "इसमें अपनी ही मस्ती, अल्हड़ता एवं अक्खड़ता है।" किसमें ?
-- हालावादी काव्य में
6- हालावादी काव्य पर किसका प्रभाव है ?
-- फारसी साहित्य का / उमरखैयाम का
7- "क्षयी रोमांस का कवि" कहा जाता है ?
-- हरिवंश राय बच्चन को
8- "प्रेम और रोमांस का कवि" कहा जाता है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल को
9- मांसलवाद के प्रवर्तक माने जाते है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
10- "इनके काव्य में रोमांस तो है लेकिन निराशा और दुःख जनित।" किसके बारे में कहा गया है ?
-- नरेन्द्र शर्मा के
11- हालावाद के प्रवर्तक माने जाते है ?
-- हरिवंश राय बच्चन
12- हालावाद का समय काल माना जाता है ?
-- 1933 से 1936
13- हालावादी कविता को "वैयक्तिक कविता" किसने कहा है ?
-- डा नगेन्द्र ने
14- "वैयक्तिक कविता छायावाद की अनुजा और प्रगतिवाद की अग्रजा है।" कथन किसका है ?
-- डा नगेन्द्र का
15- हालावादी काव्य को "मस्ती, उमंग और उल्लास की कविता" किसने कहा है ?
-- हजारी प्रसाद द्विवेदी ने
16- हालावादी कविता का प्रबल भाव है ?
-- वैयक्तिकता का
17- "निराशावादी कवि" कहा जाता है ?
-- हालावादियों को
18- "व्यक्तिवादी कविता का प्रमुख स्वर निराशा का है, अवसाद का है, थकान का है, टूटन का है, चाहे किसी भी परिप्रेक्ष्य में हो ।" कथन किसका है ?
-- डा रामदरश मिश्र का
19- व्यक्तिवादी गीति कविता की सभी प्रवृत्तियाँ ( प्रेम, निराशा, वेदना, सामाजिक चेतना ) किसके काव्य में लक्षित होती है ?
-- आरसी प्रसाद सिंह के
20- "अशरीरी प्रेम के स्थान पर शरीरी प्रेम को इन्होंने तरजीह दी है।" किन्होंने तरजीह दी है ?
-- हालावादी कवियों ने
21- "मूलतः प्रेम यौवन और सौन्दर्य के कवि" माने जाते है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
22- हालावादी काव्य को "क्षयी रोमांस और कुण्ठा का काव्य" किसने कहा है ?
-- डा हेतु भारद्वाज ने
23- हालावाद प्रचलित कब से हुआ ?
-- बच्चन की मधुशाला से
24- किसकी रचनाओं में आत्मसंदेह और मृत्यु भय की भावना सर्वाधिक पाई जाती है ?
-- हरिवंश राय बच्चन की
25- बच्चन की रचना त्रय में शामिल है ?
-- मधुशाला, मधुबाला और मधुकलश
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1- "व्यक्तिवादी काव्य" या "वैयक्तिक कविता" के नाम से जाना जाता है ?
-- हालावाद
2- "इस काव्य में समग्रतः एवं संपूर्णतः वैयक्तिक चेतनाओं को ही काव्यमय स्वरों और भाषा में संजोया गया है।" यहाँ किस काव्य के बारे में कहा गया है ?
-- हालावादी काव्य के बारे में
3- "नव्य-स्वछंदतावाद" के नाम से जाना जाता है ?
-- हालावाद
4- "उन्मुक्त प्रेमकाव्य" या "प्रेम व मस्ती के काव्य" के नाम से जाना जाता है ?
-- हालावादी काव्य
5- "इसमें अपनी ही मस्ती, अल्हड़ता एवं अक्खड़ता है।" किसमें ?
-- हालावादी काव्य में
6- हालावादी काव्य पर किसका प्रभाव है ?
-- फारसी साहित्य का / उमरखैयाम का
7- "क्षयी रोमांस का कवि" कहा जाता है ?
-- हरिवंश राय बच्चन को
8- "प्रेम और रोमांस का कवि" कहा जाता है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल को
9- मांसलवाद के प्रवर्तक माने जाते है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
10- "इनके काव्य में रोमांस तो है लेकिन निराशा और दुःख जनित।" किसके बारे में कहा गया है ?
-- नरेन्द्र शर्मा के
11- हालावाद के प्रवर्तक माने जाते है ?
-- हरिवंश राय बच्चन
12- हालावाद का समय काल माना जाता है ?
-- 1933 से 1936
13- हालावादी कविता को "वैयक्तिक कविता" किसने कहा है ?
-- डा नगेन्द्र ने
14- "वैयक्तिक कविता छायावाद की अनुजा और प्रगतिवाद की अग्रजा है।" कथन किसका है ?
-- डा नगेन्द्र का
15- हालावादी काव्य को "मस्ती, उमंग और उल्लास की कविता" किसने कहा है ?
-- हजारी प्रसाद द्विवेदी ने
16- हालावादी कविता का प्रबल भाव है ?
-- वैयक्तिकता का
17- "निराशावादी कवि" कहा जाता है ?
-- हालावादियों को
18- "व्यक्तिवादी कविता का प्रमुख स्वर निराशा का है, अवसाद का है, थकान का है, टूटन का है, चाहे किसी भी परिप्रेक्ष्य में हो ।" कथन किसका है ?
-- डा रामदरश मिश्र का
19- व्यक्तिवादी गीति कविता की सभी प्रवृत्तियाँ ( प्रेम, निराशा, वेदना, सामाजिक चेतना ) किसके काव्य में लक्षित होती है ?
-- आरसी प्रसाद सिंह के
20- "अशरीरी प्रेम के स्थान पर शरीरी प्रेम को इन्होंने तरजीह दी है।" किन्होंने तरजीह दी है ?
-- हालावादी कवियों ने
21- "मूलतः प्रेम यौवन और सौन्दर्य के कवि" माने जाते है ?
-- रामेश्वर शुक्ल अंचल
22- हालावादी काव्य को "क्षयी रोमांस और कुण्ठा का काव्य" किसने कहा है ?
-- डा हेतु भारद्वाज ने
23- हालावाद प्रचलित कब से हुआ ?
-- बच्चन की मधुशाला से
24- किसकी रचनाओं में आत्मसंदेह और मृत्यु भय की भावना सर्वाधिक पाई जाती है ?
-- हरिवंश राय बच्चन की
25- बच्चन की रचना त्रय में शामिल है ?
-- मधुशाला, मधुबाला और मधुकलश
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📖 दैनिक प्रश्नोत्तरी (अनिवार्य)
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◾️ प्रसाद जी के किस नाटक में जयचन्द काल का चित्रण हुआ है - प्रायश्चित ।
◾️ "शिवशम्भू के चिट्ठा" किस पत्रिका में प्रकाशित हुआ - भारत मित्र ।
◾️ मुसलमानों की राष्ट्रीय भावना को चित्रित करने वाला नाटक है- शेरशाह ।
◾️ कहानी कला किसका निबन्ध है- मुंशी प्रेमचन्द ।
◾️ उपेन्द्रनाथ अश्क जी की सर्वाधिक प्रौढ नाट्य कृति है- अंजो दीदी ।
◾️नागरी प्रचारिणी सभा, काशी (1893) संस्थापक : श्यामसुंदर दास, पंडित रामनारायण मिश्रा, शिव कुमार सिंह।
◾️ 14 अक्टूबर 1899 को 'नागरी प्रचारिणी सभा' में सरस्वती के संपादक मंडल का नाम घोषित किया।
◾️ सरस्वती के आरंभिक संपादक मंडल : जगन्नाथदास रत्नाकर, श्यामसुंदर दास, किशोरी लाल गोस्वामी, राधा कृष्णदास, कार्तिक प्रसाद खत्री।
◾️ सरस्वती पत्रिका के संस्थापक : 'चिंतामणि घोष'
◾️ सरस्वती पत्रिका के संपादक : महावीर प्रसाद द्विवेदी (1903-1920) तक रहें
◾️ वर्तमान में सरस्वती पत्रिका का प्रकाशन-- 17 अक्टूबर 2020 (हिंदुस्तान एकेडमी, प्रयागराज)
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◾️ प्रसाद जी के किस नाटक में जयचन्द काल का चित्रण हुआ है - प्रायश्चित ।
◾️ "शिवशम्भू के चिट्ठा" किस पत्रिका में प्रकाशित हुआ - भारत मित्र ।
◾️ मुसलमानों की राष्ट्रीय भावना को चित्रित करने वाला नाटक है- शेरशाह ।
◾️ कहानी कला किसका निबन्ध है- मुंशी प्रेमचन्द ।
◾️ उपेन्द्रनाथ अश्क जी की सर्वाधिक प्रौढ नाट्य कृति है- अंजो दीदी ।
◾️नागरी प्रचारिणी सभा, काशी (1893) संस्थापक : श्यामसुंदर दास, पंडित रामनारायण मिश्रा, शिव कुमार सिंह।
◾️ 14 अक्टूबर 1899 को 'नागरी प्रचारिणी सभा' में सरस्वती के संपादक मंडल का नाम घोषित किया।
◾️ सरस्वती के आरंभिक संपादक मंडल : जगन्नाथदास रत्नाकर, श्यामसुंदर दास, किशोरी लाल गोस्वामी, राधा कृष्णदास, कार्तिक प्रसाद खत्री।
◾️ सरस्वती पत्रिका के संस्थापक : 'चिंतामणि घोष'
◾️ सरस्वती पत्रिका के संपादक : महावीर प्रसाद द्विवेदी (1903-1920) तक रहें
◾️ वर्तमान में सरस्वती पत्रिका का प्रकाशन-- 17 अक्टूबर 2020 (हिंदुस्तान एकेडमी, प्रयागराज)
🎤 हिन्दी भाषा एवं साहित्य (पार्ट 6)
🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳
186. भारत-विभाजन और सांप्रदायिकता की घटनाओं से संबंधित कौन-सी कहानी है? उत्तर. मलवे का मालिक
187. किस रस को ‘रसराज’ कहा जाता है? उत्तर. श्रृंगार रस
188. भारतीय आर्यों की भाषा में ‘ट’ वर्ग की ध्वनियाँ किसकी देन हैं? उत्तर. द्रविड़ भाषाओं की
189. ‘बीसलदेव रासो’ के रचनाकार का नाम क्या हैं? उत्तर. नरपति नाल्ह
190. गिला’ कहानी के लेखक का नाम है? उत्तर. प्रेमचन्द्र
191. कालिदास की अन्तिम रचना ‘अभिज्ञान शाकुन्तलम्’ का हिन्दी अनुवाद किसने किया था? उत्तर. राजा लक्ष्मण सिंह
192. ‘गंगावतरण’ काव्य के रचयिता हैं? उत्तर. जगन्नाथदास रत्नाकर
193. भक्तिकाल का एक कवि अवतारवाद और मूर्तिपूजा का विरोधी है. इसके बावज़ूद वह हिन्दुओं के जन्म-मृत्यु सम्बन्धी सिद्धांत को मानता है, ऐसा रचनाकार है? उत्तर. कबीर
194. 2007 ई. का आठवां ‘विश्व हिन्दी सम्मेलन’ कहाँ आयोजित हुआ था? उत्तर. न्यूयॉर्क
195. आचार्य केशवदास को ‘कठिन काव्य का प्रेत’ किस आलोचक ने कहा है? उत्तर. आचार्य रामचन्द्र शुक्ल
196. सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला की कविता ‘जूही की कली’ किसका उदाहरण है? उत्तर. मुक्त छंद का
197. ‘मुख रूपी चाँद पर राहु भी धोखा खा गया’, इन पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है? उत्तर. रूपक
1998. इनमें से सही शब्द कौन-सा है? उत्तर. श्रृंगार
199. मुग़ल काल में किस भाषा को रेख्यां कहा गया है? उत्तर. उर्दू
200. ‘रसोईघर’ में कौन-सा समास है? उत्तर. तत्पुरुष
201. जयशंकर प्रसाद की ‘चन्द्रगुप्त’ निम्नांकित में से क्या है? उत्तर. नाटक
202. हिन्दी साहित्य के किस भाव को व्यभिचारी भाव कहा जाता है? उत्तर. संचारी भाव
203. निम्नलिखित में कौन-सी हिन्दी पत्रिका है? उत्तर. केरल ज्योति
204. उर्दू किस भाषा का मूल शब्द है? उत्तर. तुर्की भाषा
205. ‘एक भारतीय आत्मा’ नाम से कविता की रचना किसने की? उत्तर. माखन लाल चतुर्वेदी ने
206. ‘राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय’ कहाँ है? उत्तर. नई दिल्ली
207. हिन्दी साहित्य के इतिहास के सर्वप्रथम लेखक का नाम क्या है? उत्तर. गार्सा द तासी
208. मसि कागद छुयो नहीं कलम गही नहिं हाथ॥ प्रस्तुत पंक्ति के रचयिता हैं? उत्तर. कबीरदास
209. जीवन में हास्य का महत्त्व इसलिए है कि, वह जीवन को? उत्तर. सरस बनाता है
210. ‘रामचरितमानस’ में कितने काण्ड हैं? उत्तर. 7
211. अर्थ के आधार पर वाक्य के कितने भेद होते हैं? उत्तर. आठ
212. पृथ्वीराज रासो’ किस काल की रचना है? उत्तर. आदि काल
213. अज्ञेय की कौन-सी रचना यात्रा पर आधारित है? उत्तर. एक बूंद सहसा उछली
214. साहित्य को क्या माना गया है? उत्तर. कठिन तपस्या और महान यज्ञ
215. कवि कालिदास की ‘अभिज्ञान शाकुंतलम’ का हिन्दी अनुवाद किसने किया? उत्तर. राजा लक्ष्मण सिंह
216. ‘परिवर्तन’ नामक कविता सर्वप्रथम सुमित्रानन्दन पंत के किस कविता संग्रह में संगृहीत हुई है? उत्तर. पल्लव
217. ‘ग्रियर्सन’ ने किसे ‘देशी हिन्दुस्तानी’ कहा है? उत्तर. खड़ी बोली
218. चौपाई के चारों चरणों में कितनी मात्राएँ होती हैं? उत्तर. सोलह
219. भक्ति को रस रूप में प्रतिष्ठित करने वाले आचार्य कौन हैं? उत्तर. वल्लभाचार्य
220. हिन्दी की पहली कहानी लेखिका का नाम है? उत्तर. बंग महिला
221. ‘विखंडन’ की अवधारणा का संबंध किस ‘वाद’ से है? उत्तर. संरचनावाद
222. देवनागरी लिपि का विकास किस लिपि से हुआ है? उत्तर. ब्राह्मी लिपि
223. अर्द्धसम मात्रिक जाति का छन्द है? उत्तर. दोहा
224. ‘प्रेमसागर’ के लेखक कौन हैं।? उत्तर. लल्लू लाल
225. बिहारी, बंगाली, उड़िया और असमिया भाषाओं का जन्म कौन-से अपभ्रंश से हुआ है? उत्तर. मागधी
226. गंगा छवि वर्णन’ कविता के रचनाकार हैं? उत्तर. भारतेन्दु हरिश्चन्द्र
227. स्वयंभू ने किस भाषा को ‘देसी भाषा’ कहा है? उत्तर. अपभ्रंश
228. ‘मोक्ष की इच्छा करने वाला’ कहलाता है? उत्तर. मुमुक्षु
229. भावों और विचारों को प्रकट करने वाले मानव-मुख से निकले ध्वनि-संकेतों को क्या कहते हैं? उत्तर. भाषा
230. दक्षिण भारत की सर्वाधिक प्राचीन भाषा है? उत्तर. तमिल
231. निम्नलिखित में से कौन-सी पुस्तक ‘रामचन्द्र शुक्ल’ द्वारा लिखी गई है? उत्तर. हिन्दी साहित्य का इतिहास
232. रहीम द्वारा लिखित इन पंक्तियों में ‘बड़े’ शब्द का प्रयोग जिस रूप में हुआ है, वह है-
233. ‘राग दरबारी’ उपन्यास के रचयिता हैं? उत्तर. श्रीलाल शुक्ल
234. ‘प्रभुजी तुम चन्दन हम पानी’ किसकी पंक्ति है? उत्तर. रैदास
235. हिन्दी में स्वतंत्र रूप से बोले जाने वाले अक्षर क्या कहलाते हैं? उत्तर. स्वर
🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳🕳
186. भारत-विभाजन और सांप्रदायिकता की घटनाओं से संबंधित कौन-सी कहानी है? उत्तर. मलवे का मालिक
187. किस रस को ‘रसराज’ कहा जाता है? उत्तर. श्रृंगार रस
188. भारतीय आर्यों की भाषा में ‘ट’ वर्ग की ध्वनियाँ किसकी देन हैं? उत्तर. द्रविड़ भाषाओं की
189. ‘बीसलदेव रासो’ के रचनाकार का नाम क्या हैं? उत्तर. नरपति नाल्ह
190. गिला’ कहानी के लेखक का नाम है? उत्तर. प्रेमचन्द्र
191. कालिदास की अन्तिम रचना ‘अभिज्ञान शाकुन्तलम्’ का हिन्दी अनुवाद किसने किया था? उत्तर. राजा लक्ष्मण सिंह
192. ‘गंगावतरण’ काव्य के रचयिता हैं? उत्तर. जगन्नाथदास रत्नाकर
193. भक्तिकाल का एक कवि अवतारवाद और मूर्तिपूजा का विरोधी है. इसके बावज़ूद वह हिन्दुओं के जन्म-मृत्यु सम्बन्धी सिद्धांत को मानता है, ऐसा रचनाकार है? उत्तर. कबीर
194. 2007 ई. का आठवां ‘विश्व हिन्दी सम्मेलन’ कहाँ आयोजित हुआ था? उत्तर. न्यूयॉर्क
195. आचार्य केशवदास को ‘कठिन काव्य का प्रेत’ किस आलोचक ने कहा है? उत्तर. आचार्य रामचन्द्र शुक्ल
196. सूर्यकान्त त्रिपाठी निराला की कविता ‘जूही की कली’ किसका उदाहरण है? उत्तर. मुक्त छंद का
197. ‘मुख रूपी चाँद पर राहु भी धोखा खा गया’, इन पंक्तियों में कौन-सा अलंकार है? उत्तर. रूपक
1998. इनमें से सही शब्द कौन-सा है? उत्तर. श्रृंगार
199. मुग़ल काल में किस भाषा को रेख्यां कहा गया है? उत्तर. उर्दू
200. ‘रसोईघर’ में कौन-सा समास है? उत्तर. तत्पुरुष
201. जयशंकर प्रसाद की ‘चन्द्रगुप्त’ निम्नांकित में से क्या है? उत्तर. नाटक
202. हिन्दी साहित्य के किस भाव को व्यभिचारी भाव कहा जाता है? उत्तर. संचारी भाव
203. निम्नलिखित में कौन-सी हिन्दी पत्रिका है? उत्तर. केरल ज्योति
204. उर्दू किस भाषा का मूल शब्द है? उत्तर. तुर्की भाषा
205. ‘एक भारतीय आत्मा’ नाम से कविता की रचना किसने की? उत्तर. माखन लाल चतुर्वेदी ने
206. ‘राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय’ कहाँ है? उत्तर. नई दिल्ली
207. हिन्दी साहित्य के इतिहास के सर्वप्रथम लेखक का नाम क्या है? उत्तर. गार्सा द तासी
208. मसि कागद छुयो नहीं कलम गही नहिं हाथ॥ प्रस्तुत पंक्ति के रचयिता हैं? उत्तर. कबीरदास
209. जीवन में हास्य का महत्त्व इसलिए है कि, वह जीवन को? उत्तर. सरस बनाता है
210. ‘रामचरितमानस’ में कितने काण्ड हैं? उत्तर. 7
211. अर्थ के आधार पर वाक्य के कितने भेद होते हैं? उत्तर. आठ
212. पृथ्वीराज रासो’ किस काल की रचना है? उत्तर. आदि काल
213. अज्ञेय की कौन-सी रचना यात्रा पर आधारित है? उत्तर. एक बूंद सहसा उछली
214. साहित्य को क्या माना गया है? उत्तर. कठिन तपस्या और महान यज्ञ
215. कवि कालिदास की ‘अभिज्ञान शाकुंतलम’ का हिन्दी अनुवाद किसने किया? उत्तर. राजा लक्ष्मण सिंह
216. ‘परिवर्तन’ नामक कविता सर्वप्रथम सुमित्रानन्दन पंत के किस कविता संग्रह में संगृहीत हुई है? उत्तर. पल्लव
217. ‘ग्रियर्सन’ ने किसे ‘देशी हिन्दुस्तानी’ कहा है? उत्तर. खड़ी बोली
218. चौपाई के चारों चरणों में कितनी मात्राएँ होती हैं? उत्तर. सोलह
219. भक्ति को रस रूप में प्रतिष्ठित करने वाले आचार्य कौन हैं? उत्तर. वल्लभाचार्य
220. हिन्दी की पहली कहानी लेखिका का नाम है? उत्तर. बंग महिला
221. ‘विखंडन’ की अवधारणा का संबंध किस ‘वाद’ से है? उत्तर. संरचनावाद
222. देवनागरी लिपि का विकास किस लिपि से हुआ है? उत्तर. ब्राह्मी लिपि
223. अर्द्धसम मात्रिक जाति का छन्द है? उत्तर. दोहा
224. ‘प्रेमसागर’ के लेखक कौन हैं।? उत्तर. लल्लू लाल
225. बिहारी, बंगाली, उड़िया और असमिया भाषाओं का जन्म कौन-से अपभ्रंश से हुआ है? उत्तर. मागधी
226. गंगा छवि वर्णन’ कविता के रचनाकार हैं? उत्तर. भारतेन्दु हरिश्चन्द्र
227. स्वयंभू ने किस भाषा को ‘देसी भाषा’ कहा है? उत्तर. अपभ्रंश
228. ‘मोक्ष की इच्छा करने वाला’ कहलाता है? उत्तर. मुमुक्षु
229. भावों और विचारों को प्रकट करने वाले मानव-मुख से निकले ध्वनि-संकेतों को क्या कहते हैं? उत्तर. भाषा
230. दक्षिण भारत की सर्वाधिक प्राचीन भाषा है? उत्तर. तमिल
231. निम्नलिखित में से कौन-सी पुस्तक ‘रामचन्द्र शुक्ल’ द्वारा लिखी गई है? उत्तर. हिन्दी साहित्य का इतिहास
232. रहीम द्वारा लिखित इन पंक्तियों में ‘बड़े’ शब्द का प्रयोग जिस रूप में हुआ है, वह है-
233. ‘राग दरबारी’ उपन्यास के रचयिता हैं? उत्तर. श्रीलाल शुक्ल
234. ‘प्रभुजी तुम चन्दन हम पानी’ किसकी पंक्ति है? उत्तर. रैदास
235. हिन्दी में स्वतंत्र रूप से बोले जाने वाले अक्षर क्या कहलाते हैं? उत्तर. स्वर
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संधि:- संधि तीन प्रकार की होती हैं–
1. स्वर संधि
2. व्यंजन संधि
3. विसर्ग संधि
★स्वर संधि के प्रकार
★स्वर संधि के पांच प्रकार होते हैं
•दीर्घ संधि
•गुण संधि
•वृद्धि संधि
•यण संधि
•अयादि संधि
★दीर्घ संधि:-दीर्घ संधि में दो स्वर्ण या सजातीय स्वरों के बीच संधि होकर उनके दीर्घ रूप हो जाते है। अर्थात दो स्वर्ण स्वर मिलकर दीर्घ हो जाते हैं।
इस संधि के चार रूप होते है-
जब अ,आ के साथ अ,आ हो तो “आ” बनता है
जब इ,ई के साथ इ,ई हो तो “ई” बनता है
जब उ,ऊ के साथ उ,ऊ हो तो “ऊ”बनता है
ऋ के साथ ऋ/ ऋ हो तो “ऋ” बनता है
उदाहरण:-
पुस्तक +आलय = पुस्तकालय
विद्या+अर्थी = विद्यार्थी
भानु+उदय = भानूदय
महा + आत्मा = महात्मा
दया + आनंद = दयानंद
पितृ +ऋण = पितृण
धर्म + अर्थ = धर्मार्थ
परम + अर्थ = परमार्थ
रत्न + आकर = रत्नाकर
सीमा + अंत = सीमांत
★गुण संधि:-यदि ‘अ’ या ‘आ’ के साथ इ/ई आए तो ‘ए’ ; ऊ/ऊ आए तो ‘ओ’ और ‘ऋ’ आए तो ‘अर’ बनता है। इस प्रकार से बनने वाले शब्दों को गुण संधि कहा जाता है।
जब अ,आ के साथ इ, ई हो तो “ए” बनता है
जब अ,आ के साथ उ,ऊ हो तो “ओ” बनता है
जब अ,आ के साथ ऋ हो तो” अर्” बनता है
उदाहरण:-
नर+ इंद्र = नरेंद्र
हेमा + इन्द्र = हेमेन्द्र
नर + ईश = नरेश
महा + ईश्वर = महैश्वर्य
ज्ञान+उपदेश = ज्ञानोपदेश
जल + ऊर्मि = जलोर्मि
महा + उदय = महोदय
दया + ऊर्मि = दयोर्मि
देव+ऋषि = देवर्षि
महा + ऋषि = महर्षि
★वृद्धि संधि:-यदि ‘अ’/ ‘आ’ के साथ ए/ ऐ आये तो ‘ऐ’ और ओ/ औ आये तो औ बन जाता है। इस प्रकार बनने वाले शब्दों को वृद्धि संधि कहा जाता है।
जब अ,आ के साथ ए,ऐ हो तो “ऐ” बनता है।
जब अ,आ के साथ ओ,औ हो तो ” औ” बनता है।
उदाहरण:-
मत+एकता = मतैकता
सदा+एव = सदैव
महा+ओज = महौज
एक + एक = एकैक
वन + ओषधि = वनौषधि
महा + ऐश्वर्य = महैश्वर्य
महा + ओजस्वी = महौजस्वी
परम + औषध = परमौषध
तत + एव = ततैव
महा+औदार्य = महौदार्य
★यण संधि:-यदि इ/ई, उ/ऊ और ऋ के बाद भिन्न स्वर आए तो इ/ई का ‘य’ उ/ऊ का ‘व’ और ऋ का ‘र’ हो जाता है।
जब इ,ई के साथ कोई अन्य स्वर हो तो ” य” बन जाता है
जब उ,ऊ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो” व” बन जाता है
जब ऋ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो” र ” बन जाता है
उदाहरण:-
इति+ आदि = इत्यादि
अनु+अय = अनवय
सु+ आगत = स्वागत
अनु + एषण = अन्वेषण
अधि + अयन = अध्ययन
अनु + इत = अन्वित
प्रति + एक = प्रत्येक
अति + आवश्यक = अत्यावश्यक
अति + अंत = अत्यंत
प्रति + अक्ष = प्रत्यक्ष
★अयादि संधि:-यदि ए, ऐ, ओ और औ के बाद भिन्न स्वर आये तो ‘ए’ का अय ‘ऐ’ का आय, ‘ओ’ का अव और ‘औ’ का आव हो जाता है। अय, आय, अव और आव के य और व आगे वाले भिन्न स्वर से मिल जाते है |
जब ए,ऐ,ओ,औ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो ” ए- अय “, ” ऐ- आय”, “ओ- अव ” , “औ- आव” मैं हो जाता है
य, वह से पहले व्यंजन पर अ,आ की मात्रा हो तो वह अयादि संधि हो सकती है परंतु अगर कोई विच्छेद ना निकलता हो तो के + बाद आने वाले भाग को वैसा ही लिखना होगा अयादि संधि कहलाता है।
उदाहरण
ने+अन = नयन
नौ+ इक = नाविक
भो+अन = भवन
नौ + इक = नाविक
पो + इत्र = पवित्र
चे + अन = चयन
पो + अन = पवन
शो+ अ = शव
विधै+ अक = विधायक
विने + अ = विनय
1. स्वर संधि
2. व्यंजन संधि
3. विसर्ग संधि
★स्वर संधि के प्रकार
★स्वर संधि के पांच प्रकार होते हैं
•दीर्घ संधि
•गुण संधि
•वृद्धि संधि
•यण संधि
•अयादि संधि
★दीर्घ संधि:-दीर्घ संधि में दो स्वर्ण या सजातीय स्वरों के बीच संधि होकर उनके दीर्घ रूप हो जाते है। अर्थात दो स्वर्ण स्वर मिलकर दीर्घ हो जाते हैं।
इस संधि के चार रूप होते है-
जब अ,आ के साथ अ,आ हो तो “आ” बनता है
जब इ,ई के साथ इ,ई हो तो “ई” बनता है
जब उ,ऊ के साथ उ,ऊ हो तो “ऊ”बनता है
ऋ के साथ ऋ/ ऋ हो तो “ऋ” बनता है
उदाहरण:-
पुस्तक +आलय = पुस्तकालय
विद्या+अर्थी = विद्यार्थी
भानु+उदय = भानूदय
महा + आत्मा = महात्मा
दया + आनंद = दयानंद
पितृ +ऋण = पितृण
धर्म + अर्थ = धर्मार्थ
परम + अर्थ = परमार्थ
रत्न + आकर = रत्नाकर
सीमा + अंत = सीमांत
★गुण संधि:-यदि ‘अ’ या ‘आ’ के साथ इ/ई आए तो ‘ए’ ; ऊ/ऊ आए तो ‘ओ’ और ‘ऋ’ आए तो ‘अर’ बनता है। इस प्रकार से बनने वाले शब्दों को गुण संधि कहा जाता है।
जब अ,आ के साथ इ, ई हो तो “ए” बनता है
जब अ,आ के साथ उ,ऊ हो तो “ओ” बनता है
जब अ,आ के साथ ऋ हो तो” अर्” बनता है
उदाहरण:-
नर+ इंद्र = नरेंद्र
हेमा + इन्द्र = हेमेन्द्र
नर + ईश = नरेश
महा + ईश्वर = महैश्वर्य
ज्ञान+उपदेश = ज्ञानोपदेश
जल + ऊर्मि = जलोर्मि
महा + उदय = महोदय
दया + ऊर्मि = दयोर्मि
देव+ऋषि = देवर्षि
महा + ऋषि = महर्षि
★वृद्धि संधि:-यदि ‘अ’/ ‘आ’ के साथ ए/ ऐ आये तो ‘ऐ’ और ओ/ औ आये तो औ बन जाता है। इस प्रकार बनने वाले शब्दों को वृद्धि संधि कहा जाता है।
जब अ,आ के साथ ए,ऐ हो तो “ऐ” बनता है।
जब अ,आ के साथ ओ,औ हो तो ” औ” बनता है।
उदाहरण:-
मत+एकता = मतैकता
सदा+एव = सदैव
महा+ओज = महौज
एक + एक = एकैक
वन + ओषधि = वनौषधि
महा + ऐश्वर्य = महैश्वर्य
महा + ओजस्वी = महौजस्वी
परम + औषध = परमौषध
तत + एव = ततैव
महा+औदार्य = महौदार्य
★यण संधि:-यदि इ/ई, उ/ऊ और ऋ के बाद भिन्न स्वर आए तो इ/ई का ‘य’ उ/ऊ का ‘व’ और ऋ का ‘र’ हो जाता है।
जब इ,ई के साथ कोई अन्य स्वर हो तो ” य” बन जाता है
जब उ,ऊ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो” व” बन जाता है
जब ऋ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो” र ” बन जाता है
उदाहरण:-
इति+ आदि = इत्यादि
अनु+अय = अनवय
सु+ आगत = स्वागत
अनु + एषण = अन्वेषण
अधि + अयन = अध्ययन
अनु + इत = अन्वित
प्रति + एक = प्रत्येक
अति + आवश्यक = अत्यावश्यक
अति + अंत = अत्यंत
प्रति + अक्ष = प्रत्यक्ष
★अयादि संधि:-यदि ए, ऐ, ओ और औ के बाद भिन्न स्वर आये तो ‘ए’ का अय ‘ऐ’ का आय, ‘ओ’ का अव और ‘औ’ का आव हो जाता है। अय, आय, अव और आव के य और व आगे वाले भिन्न स्वर से मिल जाते है |
जब ए,ऐ,ओ,औ के साथ कोई अन्य स्वर हो तो ” ए- अय “, ” ऐ- आय”, “ओ- अव ” , “औ- आव” मैं हो जाता है
य, वह से पहले व्यंजन पर अ,आ की मात्रा हो तो वह अयादि संधि हो सकती है परंतु अगर कोई विच्छेद ना निकलता हो तो के + बाद आने वाले भाग को वैसा ही लिखना होगा अयादि संधि कहलाता है।
उदाहरण
ने+अन = नयन
नौ+ इक = नाविक
भो+अन = भवन
नौ + इक = नाविक
पो + इत्र = पवित्र
चे + अन = चयन
पो + अन = पवन
शो+ अ = शव
विधै+ अक = विधायक
विने + अ = विनय
👍6
❣💐 आज के टॉप प्रश्नोतर ❣💐
•───────────────────•
1. सुंदरदास द्वारा कितने ग्रंथों की रचना की गई ?
(अ) 40 (ब) 42 ✓
(स) 32 (द) 12
2. सुंदरदास कृत उनकी सभी रचनाओं को प्रामाणिक संकलन ’सुन्दर गंथावली’ में सम्पादक है ?
(अ) श्यामसुन्दर दास
(ब) परशुराम चतुर्वेदी
(स) पुरोहित हरिनारायण शर्मा ✓
(द) अ एवं ब दोनों
3. सुंदरदास कृत रचना है ?
(अ) ज्ञान समुद्र, ज्ञान झूलना
(ब) सुंदरविलास, प्रचंप्रभाग
(स) सुखसमाधि, वेदविचार
(द) उपर्युक्त सभी ✓
4. ’’रसिकाप्रिया रसमंजरी और सिंगारहि जाति
चतुराई करि बहुत विधि विषै बनाई आनि है
यह अति गम्भीर, उठति लहरि आनंद की मिष्ट सु याकौ
नीर, सकल पदारथ मध्य है।’’ उपर्युक्त पद के रचनाकार है ?
(अ) गुरूगोविन्द सिंह (ब) सुंदरदास ✓
(स) मलूकदास (द) संत सींगा
5. गुरू अर्जुनदेव के कितने पद ’गुरू ग्रंथ साहिब’ में संकलित है ?
(अ) 6000 पद✓ (ब) 4000 पद
(स) 3500 पद (द) 5000 पद
6. गुरू गोविन्द सिंह का जन्म कब हुआ था ?
(अ) सन् 1660 ई. में (ब) सन् 1476 ई. में
(स) सन् 1664 ई. में✓ (द) सन् 1718 ई. में
7. ’’मेरे सिक्ख, हिन्दू, और मुसलमान, छूत और अछूत, ऊँच और नीच के भेदभाव को मिटाकर छोङेगें’’ कथन किसका है ?
(अ) गुरू अर्जुनदेव
(ब) गुरू अंगद
(स) गुरू गोविन्द सिंह ✓
(द) गुरू अमरदास
8. ’’ऐसी मेरी जाति विख्यात चमार’’ पंक्ति के रचयिता है ?
(अ) रैदास✓ (ब) हरिदास निरंजनी
(स) दादूदयाल (द) मलूकदास
9. ’जाति ओछा पातिओछा, ओछा जनम हमारा’ पंक्ति के रचयिता है ?
(अ) गुरू अंगद (ब) रैदास ✓
(स) मलूकदास (द) हरिदास निरंजनी
10. ’’ऐसी आरतीत्रिभुवन तारै, तेज पुंज तहां प्रान उतारै,
पती पंच पुहुप करिपूजा, देव निंरजन ओर न दूजा।।’’ पद के रचयिता है ?
(अ) तुलसीदास (ब) कबीरदास ✓
(स) नामदेव (द) सुंदरदास
11. सुमेलित कीजिए-
(भक्त/आचार्य) (गुरू)
(क) अग्रदास 1. नाभादास
(ख) नाभादास 2. कृष्णदास पयहारि
(ग) प्रियादास 3. कांचीपूर्ण
(घ) रामानुजाचार्य 4. अग्रदास
कूटः
क ख ग घ
(अ) 1 3 2 4 (ब) 2 4 1 3 ✓
(स) 2 1 4 3 (द) 3 4 2 1
12. पल्टू साहब द्वारा रचित रचना है ?
(अ) साखी, सबद (ब) कुण्डलिया
(स) अरिल्ल, झूलना (द) उपर्युक्त सभी ✓
•───────────────────•
1. सुंदरदास द्वारा कितने ग्रंथों की रचना की गई ?
(अ) 40 (ब) 42 ✓
(स) 32 (द) 12
2. सुंदरदास कृत उनकी सभी रचनाओं को प्रामाणिक संकलन ’सुन्दर गंथावली’ में सम्पादक है ?
(अ) श्यामसुन्दर दास
(ब) परशुराम चतुर्वेदी
(स) पुरोहित हरिनारायण शर्मा ✓
(द) अ एवं ब दोनों
3. सुंदरदास कृत रचना है ?
(अ) ज्ञान समुद्र, ज्ञान झूलना
(ब) सुंदरविलास, प्रचंप्रभाग
(स) सुखसमाधि, वेदविचार
(द) उपर्युक्त सभी ✓
4. ’’रसिकाप्रिया रसमंजरी और सिंगारहि जाति
चतुराई करि बहुत विधि विषै बनाई आनि है
यह अति गम्भीर, उठति लहरि आनंद की मिष्ट सु याकौ
नीर, सकल पदारथ मध्य है।’’ उपर्युक्त पद के रचनाकार है ?
(अ) गुरूगोविन्द सिंह (ब) सुंदरदास ✓
(स) मलूकदास (द) संत सींगा
5. गुरू अर्जुनदेव के कितने पद ’गुरू ग्रंथ साहिब’ में संकलित है ?
(अ) 6000 पद✓ (ब) 4000 पद
(स) 3500 पद (द) 5000 पद
6. गुरू गोविन्द सिंह का जन्म कब हुआ था ?
(अ) सन् 1660 ई. में (ब) सन् 1476 ई. में
(स) सन् 1664 ई. में✓ (द) सन् 1718 ई. में
7. ’’मेरे सिक्ख, हिन्दू, और मुसलमान, छूत और अछूत, ऊँच और नीच के भेदभाव को मिटाकर छोङेगें’’ कथन किसका है ?
(अ) गुरू अर्जुनदेव
(ब) गुरू अंगद
(स) गुरू गोविन्द सिंह ✓
(द) गुरू अमरदास
8. ’’ऐसी मेरी जाति विख्यात चमार’’ पंक्ति के रचयिता है ?
(अ) रैदास✓ (ब) हरिदास निरंजनी
(स) दादूदयाल (द) मलूकदास
9. ’जाति ओछा पातिओछा, ओछा जनम हमारा’ पंक्ति के रचयिता है ?
(अ) गुरू अंगद (ब) रैदास ✓
(स) मलूकदास (द) हरिदास निरंजनी
10. ’’ऐसी आरतीत्रिभुवन तारै, तेज पुंज तहां प्रान उतारै,
पती पंच पुहुप करिपूजा, देव निंरजन ओर न दूजा।।’’ पद के रचयिता है ?
(अ) तुलसीदास (ब) कबीरदास ✓
(स) नामदेव (द) सुंदरदास
11. सुमेलित कीजिए-
(भक्त/आचार्य) (गुरू)
(क) अग्रदास 1. नाभादास
(ख) नाभादास 2. कृष्णदास पयहारि
(ग) प्रियादास 3. कांचीपूर्ण
(घ) रामानुजाचार्य 4. अग्रदास
कूटः
क ख ग घ
(अ) 1 3 2 4 (ब) 2 4 1 3 ✓
(स) 2 1 4 3 (द) 3 4 2 1
12. पल्टू साहब द्वारा रचित रचना है ?
(अ) साखी, सबद (ब) कुण्डलिया
(स) अरिल्ल, झूलना (द) उपर्युक्त सभी ✓
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❣💐 आज के टॉप प्रश्नोतर ❣💐
•───────────────────•
1. संत सींगा की रचनाओं में संगत छाँटिए-
(अ) सींगा जी की पन्द्रह तिथि, सींगा जी का बारहमासा
(ब) सींगा जी की वानी, सींगा जी वी वाणावली
(स) सींगा जी की दृढ़ उपदेश, सींगा जी के भजन
(द) उपर्युक्त सभी ✓
2. संत लालदास की समाधि स्थित है ?
(अ) नगला (भरतपुर) में ✓
(ब) डीडवाना में
(स) तालासर में
(द) श्री ध्यानपुर में
3. दादूदयाल का सत्संग स्थल किस नाम से जाना जाता है ?
(अ) अलख-दरीबा ✓ (ब) नगला
(स) समराथल (द) कोई नहीं
4. ’हरङे वाणी’ शीर्षक से दादू की रचनाओं का संग्रह किसने किया था ?
(अ) रज्जब ने (ब) संतदास ने
(स) जगन्नाथदास ने (द) ब एवं स दोनों ✓
5. संत दादूदयाल की काव्य भाषा है ?
(अ) ब्रज ✓ (ब) निमाङी
(स) गुजराती (द) अपभ्रंश
6. दादूदयाल की रचनाओं का प्रामाणिक संकलन ’दादूदयाल’ का संकलन किसके द्वारा किया गया ?
(अ) श्यामसुन्दर दास द्वारा
(ब) परशुराम चतुर्वेदी द्वारा ✓
(स) पुरोहित हरिनारायण शर्मा द्वारा
(द) पीताम्बर दत्त बङथवाल द्वारा
7. दादू किस जाति से थे ?
(अ) दर्जी (ब) चमार
(स) मुसलमान✓ (द) राजपूत
8. दादूपंथ को कबीर ग्रंथ की राजस्थानी शाखा किसने कहा है ?
(अ) हजारीप्रसाद द्विवेदी (ब) डाॅ. बच्चन सिंह ने✓
(स) डाॅ. नगेन्द्र ने (द) डाॅ. गणपति चन्द्र गुप्त ने
9. मलूकदास द्वारा रचित रचनाओं में दार्शनिक विचारों से सम्बन्धित रचना है ?
(अ) भक्ति विवेक (ब) सुखसागर
(स) अ एवं ब दोनों✓ (द) भक्तबच्छावली
10. मलूकदास द्वारा अवधी भाषा में रचित काव्य रचनाएँ है ?
(अ) ज्ञान बोध (ब) ज्ञान परोछि
(स) रतनखान (द) उपर्युक्त सभी ✓
11. मलूकदास कृत ब्रजभाषा में रचित रचना है ?
(अ) रतन खान (ब) विभविभूति ✓
(स) ज्ञान परोछि (द) ज्ञान बोध
12. बाबालाल तथा दारा का वार्तालाप किसमें सृंगहीत है ?
(अ) असरारें मार्फत ✓ (ब) सब्बंगी
(स) बावन अखरी (द) रहिरासा
13. ’बाबालाल का शैल’ कहाँ है ?
(अ) श्रीध्यानपुर में (ब) गुरूदासपुर में
(स) बङौदा में ✓ (द) नंगला में
•───────────────────•
1. संत सींगा की रचनाओं में संगत छाँटिए-
(अ) सींगा जी की पन्द्रह तिथि, सींगा जी का बारहमासा
(ब) सींगा जी की वानी, सींगा जी वी वाणावली
(स) सींगा जी की दृढ़ उपदेश, सींगा जी के भजन
(द) उपर्युक्त सभी ✓
2. संत लालदास की समाधि स्थित है ?
(अ) नगला (भरतपुर) में ✓
(ब) डीडवाना में
(स) तालासर में
(द) श्री ध्यानपुर में
3. दादूदयाल का सत्संग स्थल किस नाम से जाना जाता है ?
(अ) अलख-दरीबा ✓ (ब) नगला
(स) समराथल (द) कोई नहीं
4. ’हरङे वाणी’ शीर्षक से दादू की रचनाओं का संग्रह किसने किया था ?
(अ) रज्जब ने (ब) संतदास ने
(स) जगन्नाथदास ने (द) ब एवं स दोनों ✓
5. संत दादूदयाल की काव्य भाषा है ?
(अ) ब्रज ✓ (ब) निमाङी
(स) गुजराती (द) अपभ्रंश
6. दादूदयाल की रचनाओं का प्रामाणिक संकलन ’दादूदयाल’ का संकलन किसके द्वारा किया गया ?
(अ) श्यामसुन्दर दास द्वारा
(ब) परशुराम चतुर्वेदी द्वारा ✓
(स) पुरोहित हरिनारायण शर्मा द्वारा
(द) पीताम्बर दत्त बङथवाल द्वारा
7. दादू किस जाति से थे ?
(अ) दर्जी (ब) चमार
(स) मुसलमान✓ (द) राजपूत
8. दादूपंथ को कबीर ग्रंथ की राजस्थानी शाखा किसने कहा है ?
(अ) हजारीप्रसाद द्विवेदी (ब) डाॅ. बच्चन सिंह ने✓
(स) डाॅ. नगेन्द्र ने (द) डाॅ. गणपति चन्द्र गुप्त ने
9. मलूकदास द्वारा रचित रचनाओं में दार्शनिक विचारों से सम्बन्धित रचना है ?
(अ) भक्ति विवेक (ब) सुखसागर
(स) अ एवं ब दोनों✓ (द) भक्तबच्छावली
10. मलूकदास द्वारा अवधी भाषा में रचित काव्य रचनाएँ है ?
(अ) ज्ञान बोध (ब) ज्ञान परोछि
(स) रतनखान (द) उपर्युक्त सभी ✓
11. मलूकदास कृत ब्रजभाषा में रचित रचना है ?
(अ) रतन खान (ब) विभविभूति ✓
(स) ज्ञान परोछि (द) ज्ञान बोध
12. बाबालाल तथा दारा का वार्तालाप किसमें सृंगहीत है ?
(अ) असरारें मार्फत ✓ (ब) सब्बंगी
(स) बावन अखरी (द) रहिरासा
13. ’बाबालाल का शैल’ कहाँ है ?
(अ) श्रीध्यानपुर में (ब) गुरूदासपुर में
(स) बङौदा में ✓ (द) नंगला में
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📖 वन लाइनर प्रश्न पत्र
1. ‘शिरीष की याद आई’ नामक ललित निबंध किसका है - विद्यानिवास मिश्र
2. ‘शिरीष का फूल’ नामक निबंध किसने लिखा - हजारी प्रसाद द्विवेदी
3. ‘हत्यारे’ कहानी किन दो साहित्यकारों ने एक ही शीर्षक से लिखी - अमरकांत और शैलेश मटियानी
4. ‘चील’ कहानी किस कहानीकार की है - शैलेश मटियानी
5. ‘कील’ कहानी किसकी है - महीप सिंह
6. ‘भवंति’ नामक पुस्तक किसकी है - अज्ञेय
7. ‘पश्यंती’ नामक रचना किसने लिखी - धर्मवीर भारती
8. ‘कविप्रिया’ शीर्षक कहानी किसने लिखी - अज्ञेय और शेखर जोशी
9. ‘कविप्रिया’ शीर्षक काव्य रचना करने वाले भक्ति काल के श्रेष्ठ कवि हैं - केशवदास
10. ‘कामधेनु’ कहानी किसने लिखी - रमेश उपाध्याय
11. ‘कामधेनु’ निबंध संग्रह किसका है - कुबेरनाथ राय
12. ‘गोबर गणेश संहिता’ निबंध संग्रह लिखने वाले निबंधकार हैं - चंद्रशर्मा गुलेरी
13. ‘गोबर गणेश’ उपन्यास किस आधुनिक साहित्यकार ने लिखा - रमेशचंद्र शाह
14. ‘त्रिशंकु’ निबंध संग्रह किसका है - अज्ञेय
15. ‘त्रिशंकु’ कहानी किसने लिखी - मन्नू भंडारी
16. ‘त्रिशंकु’ नाटक किसका है - बृजमोहन शाह
17. ‘मुक्ति’ कहानी लिखने वाले कहानीकार हैं - अखिलेश, तद्भव
18. ‘मुक्ति’ उपन्यास किसने लिखा - महेंद्रनाथ
19. मन्नू भंडारी की कहानी ‘यही सच है’ पर कौन सी फिल्म बनी है - रजनीगंधा
20. ‘विवर्त’ कहानी संग्रह किसका है - जगदीश गुप्त, 1981
21. ‘विवर्त’ उपन्यास किस महिला उपन्यासकार ने लिखा - शिवानी, 1984
1. ‘शिरीष की याद आई’ नामक ललित निबंध किसका है - विद्यानिवास मिश्र
2. ‘शिरीष का फूल’ नामक निबंध किसने लिखा - हजारी प्रसाद द्विवेदी
3. ‘हत्यारे’ कहानी किन दो साहित्यकारों ने एक ही शीर्षक से लिखी - अमरकांत और शैलेश मटियानी
4. ‘चील’ कहानी किस कहानीकार की है - शैलेश मटियानी
5. ‘कील’ कहानी किसकी है - महीप सिंह
6. ‘भवंति’ नामक पुस्तक किसकी है - अज्ञेय
7. ‘पश्यंती’ नामक रचना किसने लिखी - धर्मवीर भारती
8. ‘कविप्रिया’ शीर्षक कहानी किसने लिखी - अज्ञेय और शेखर जोशी
9. ‘कविप्रिया’ शीर्षक काव्य रचना करने वाले भक्ति काल के श्रेष्ठ कवि हैं - केशवदास
10. ‘कामधेनु’ कहानी किसने लिखी - रमेश उपाध्याय
11. ‘कामधेनु’ निबंध संग्रह किसका है - कुबेरनाथ राय
12. ‘गोबर गणेश संहिता’ निबंध संग्रह लिखने वाले निबंधकार हैं - चंद्रशर्मा गुलेरी
13. ‘गोबर गणेश’ उपन्यास किस आधुनिक साहित्यकार ने लिखा - रमेशचंद्र शाह
14. ‘त्रिशंकु’ निबंध संग्रह किसका है - अज्ञेय
15. ‘त्रिशंकु’ कहानी किसने लिखी - मन्नू भंडारी
16. ‘त्रिशंकु’ नाटक किसका है - बृजमोहन शाह
17. ‘मुक्ति’ कहानी लिखने वाले कहानीकार हैं - अखिलेश, तद्भव
18. ‘मुक्ति’ उपन्यास किसने लिखा - महेंद्रनाथ
19. मन्नू भंडारी की कहानी ‘यही सच है’ पर कौन सी फिल्म बनी है - रजनीगंधा
20. ‘विवर्त’ कहानी संग्रह किसका है - जगदीश गुप्त, 1981
21. ‘विवर्त’ उपन्यास किस महिला उपन्यासकार ने लिखा - शिवानी, 1984
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💐कुछ नए और उपयोगी तथ्य जो गाइडों में नहीं मिलेंगे। किन्तु परीक्षा में आएंगे💐
💐हिंदी के किस उपन्यासकार ने अपने उपन्यास में सिंधु नदी के पश्चिमी तट के 'अबाण' हिस्से का जिक्र किया है - द्रोणवीर कोहली - तक़सीम
💐गांधी जी के दक्षिण अफ्रीका प्रवास की घटना का वर्णन किस उपन्यास में है - पहला गिरमिटिया
💐"कला कलाकार के आनन्द की श्रेय और प्रेय तथा आदर्श को समन्वित करने वाली प्रभावोत्पादक अभिव्यक्ति है" - बाबू ग़ुलाबराय
💐किस एक उपन्यासकार ने बाबरी विध्वंस पर उपन्यास लिखा - दूधनाथ सिंह/आखिरी क़लाम
💐रमेशचन्द शाह के उपन्यास गोबर गणेश का नायक है - विनायक
💐विनोद कुमार शुक्ल का कौन सा उपन्यास घटना विहीन उपन्यास है - नौकर की कमीज
💐त्रोइका उपन्यास किन तीन उपन्यासों का संयुक्त नाम है - स्नोफ्लावर+पेगी करमेर की रूहानी यात्रा+जोंकें
💐"हमारा सबसे बड़ा विद्रोह यह है कि हम 'कला' को जीवन से विमुख नहीं होने देना चाहते। यह नहीं हो सकता कि जीवन जलता रहे और कला बाँसुरी बजाती रहें" - माखनलाल चतुर्वेदी
💐निन्यानबे उपन्यास रवींद्र वर्मा का है। जो झांसी और झांसी निवासी रामदयाल के परिवार को केंद्र में रखकर की गई है।
💐किसने अपनी जीवनी ऋषि जैमिनी 'बरुआ' को बोलकर लिखाई - माखनलाल चतुर्वेदी
💐प्रणव कुमार बंद्योपाध्याय के किन दो उपन्यासों का संदर्भ 'अयोध्याकांड' है - पदातिक और पंचवटी
💐कौन सा उपन्यास कमलाकांत त्रिपाठी ने 1857 की घटना को केंद्र में रखकर लिखा - पाहीघर
💐कानपुर का गुधौली गाँव किस उपन्यास के केंद्र में है - रमला बहू/रूपसिंह चंदेल
💐हिंदी के किस उपन्यासकार ने अपने उपन्यास में सिंधु नदी के पश्चिमी तट के 'अबाण' हिस्से का जिक्र किया है - द्रोणवीर कोहली - तक़सीम
💐गांधी जी के दक्षिण अफ्रीका प्रवास की घटना का वर्णन किस उपन्यास में है - पहला गिरमिटिया
💐"कला कलाकार के आनन्द की श्रेय और प्रेय तथा आदर्श को समन्वित करने वाली प्रभावोत्पादक अभिव्यक्ति है" - बाबू ग़ुलाबराय
💐किस एक उपन्यासकार ने बाबरी विध्वंस पर उपन्यास लिखा - दूधनाथ सिंह/आखिरी क़लाम
💐रमेशचन्द शाह के उपन्यास गोबर गणेश का नायक है - विनायक
💐विनोद कुमार शुक्ल का कौन सा उपन्यास घटना विहीन उपन्यास है - नौकर की कमीज
💐त्रोइका उपन्यास किन तीन उपन्यासों का संयुक्त नाम है - स्नोफ्लावर+पेगी करमेर की रूहानी यात्रा+जोंकें
💐"हमारा सबसे बड़ा विद्रोह यह है कि हम 'कला' को जीवन से विमुख नहीं होने देना चाहते। यह नहीं हो सकता कि जीवन जलता रहे और कला बाँसुरी बजाती रहें" - माखनलाल चतुर्वेदी
💐निन्यानबे उपन्यास रवींद्र वर्मा का है। जो झांसी और झांसी निवासी रामदयाल के परिवार को केंद्र में रखकर की गई है।
💐किसने अपनी जीवनी ऋषि जैमिनी 'बरुआ' को बोलकर लिखाई - माखनलाल चतुर्वेदी
💐प्रणव कुमार बंद्योपाध्याय के किन दो उपन्यासों का संदर्भ 'अयोध्याकांड' है - पदातिक और पंचवटी
💐कौन सा उपन्यास कमलाकांत त्रिपाठी ने 1857 की घटना को केंद्र में रखकर लिखा - पाहीघर
💐कानपुर का गुधौली गाँव किस उपन्यास के केंद्र में है - रमला बहू/रूपसिंह चंदेल
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📖 हिन्दी साहित्य प्रश्न पत्र
•───────────────────•
1. रामभक्ति काव्य संबंधित प्रथम हिंदी काव्य रचना है –
(अ) रामचरितमानस (ब) भरतमिलाप
(स) अष्टयाम (द) रामरक्षास्त्रोत ✔️
2. ’रामरक्षा स्रोत’ के रचयिता हैं –
(अ) नामदेव (ब) रामानंद ✔️
(स) राघवानंद (द) जीवाराम
3. कवि रसखान का मूल नाम था –
(अ) सैयद इब्राहिम ✔️ (ब) अमीर बिस्मिलाह
(स) बलिद्दय (द) महेश दत्त
4. तुलसीदास की अन्तिम कृति है –
(अ) विनय पत्रिका (ब) कवितावली ✔️
(स) बरवै रामायण (द) गीतावली
5. ’पुष्पावती’ के रचनाकार हैं –
(अ) रंजन (ब) ज्ञानरंजन
(स) दुःखहरन दास ✔️ (द) रामशरणदास
6. समाधि जोग ग्रंथ एवं अष्टपदी जोग ग्रंथ के रचनाकार हैं –
(अ) हरिदास निरंजनी ✔️ (ब) हरिदास वैष्णवी
(स) भर्तृहरि नाथ (द) जङभरत
7. कादरी संप्रदाय की दो शाखाएँ थी –
(अ) अंतरंग और वितरंग
(ब) कयास और सायास
(स) बहाबिया और रजाकिया ✔️
(द) नक्शबदी और शत्तारी
8. ’शृंगार सोरठा’ के रचयिता हैं –
(अ) हरिदास (ब) रहीमदास ✔️
(स) रामदास (द) तानसेन
9. हिंदी में भक्तिकाल को ’धार्मिक नवोन्मेष’ का काल’ की संज्ञा देने वाले विद्वान हैं –
(अ) राहुल सांकृत्यायन (ब) हरिऔध
(स) शिव सिंह सेंगर (द) राजनाथ शर्मा ✔️
10. निम्न में से कौनसा समूह शिष्य-गुरु क्रम से शुद्ध है –
(अ) अग्रदास – नाभादास – कृष्णदास पयहारी
(ब) अग्रदास – कृष्णदास पयहारी – नाभादास
(स) नाभादास – अग्रदास – कृष्णदास पयहारी ✔️
(द) नाभादास – कृष्णदास पयहारी – अग्रदास
11. सत्यनामी संप्रदाय के प्रवर्तक हैं –
(अ) सत्यनाथ (ब) संत जगजीवन दास ✔️
(स) संतवीरभान (द) विष्णु स्वामी
12. जायसी ने ’पद्मावत’ में स्वयं के गुरु का नाम ’सैयद अशरफ’ बताया है। सैयद महीउद्दीन को जायसी का गुरु निर्धारित करने वाले इतिहासकार हैं –
(अ) रामचंद्र शुक्ल (ब) गणपतिचंद्र गुप्त
(स) हजारी प्रसाद द्विवेदी (द) रामकुमार वर्मा ✔️
13. रामप्रिया शरणदास कृत भक्ति विषयक ग्रन्थ है –
(अ) रामायण (ब) सीतायन ✔️
(स) कृष्णायन (द) देवायन
14. कृष्ण भक्ति काव्य परंपरा के प्रवर्तक माने जाते हैं-
(अ) मध्वाचार्य (ब) विद्यापति
(स) जयदेव (द) वल्लभाचार्य ✔️
15. वल्लभाचार्य ने ब्रह्मसूत्रों पर अणुभाष्य लिखा, ’ब्रह्मसूत्र’ के रचनाकार हैं –
(अ) नारदमुनि (ब) भरतमुनि
(स) बादरायण ✔️ (द) हरिनारायण
16. निम्नलिखित भक्तिकालीन कवियों को उनके गुरु के नाम से सुमेलित कीजिए –
(क) निम्बार्क (1) नारद मुनि
(ख) उस्मान (2) हाजी बाबा
(ग) कुतुबन (3) शेख बुरहान
(घ) रविदास (4) रामानंद
कूट:
क ख ग घ
(अ) 3 2 4 1 (ब) 2 3 1 4
(स) 2 1 3 4 (द) 1 2 3 4 ✔️
17. कबीर के गुरु रामानंद का समयकाल अनुमानित है-
(अ) 1268 से 1368 ई. (ब) 1455 से 1555 ई.
(स) 1368 से 1468 ई. ✔️(द) 1350 से 1450 ई.
18. भक्तिकालीन रचनाओं को रचनाकारों से सुमेलित कीजिए –
(क) ज्ञान समुद्र (1) अक्षर अनन्य
(ख) मोहमुद्गार (2) कबीर
(ग) मुहम्मदबोध (3) शंकराचार्य
(घ) सिद्धांत बोध (4) सुन्दरदास
कूट:
क ख ग घ
(अ) 1 2 3 4 (ब) 3 4 1 2
(स) 3 4 2 1 (द) 4 3 2 1 ✔️
19. ’प्रच्छन्न बोध’ उपाधि प्राप्त आचार्य हैं –
(अ) राघवाचार्य (ब) मध्वाचार्य
(स) शंकराचार्य ✔️ (द) रामानंदाचार्य
20. निम्नांकित भक्तिकालीन साहित्य सामग्री को उनके रचयिताओं से सुमेलित कीजिए –
(क) भक्तनामावली (1) जीव गोस्वामी
(ख) भगवत संदर्भ (2) ब्रजवासी दास
(ग) कृष्णचरित (3) हरिव्यास देव
(घ) महावाणी (4) ध्रुवदास
कूट –
क ख ग घ
(अ) 1 2 3 4 (ब) 2 1 4 3
(स) 2 3 4 1 ✔️ (द) 2 4 3 1
21. कृष्ण भक्ति को साहित्य की ’रस परिपाटी’ पर स्थापित करने वाले आचार्य थे –
(अ) रूप गोस्वामी (ब) जीव गोस्वामी
(स) रामानुज गोस्वामी (द) सनातन गोस्वामी ✔️
22. निम्नलिखित भक्तिकालीन रामभक्ति रचनाओं को उनके रचयिताओं से सुमेलित कीजिए –
(1) प्रेम दर्पण (क) मुकुंद सिंह
(2) रोजतुक हकायक (ख) पुहकर कवि
(3) नूरजहाँ (ग) नूर मुहम्मद
(4) नल चरित (घ) शेख नजीर
कूट:
क ख ग घ
(अ) 4 2 3 1 (ब) 3 4 2 1
(स) 4 3 1 2 (द) 4 3 2 1 ✔️
23. निम्नलिखित भक्तिकालीन रामभक्ति रचनओं को उनके रचयिताओं से सुमेलित कीजिए –
(क) पौरुषेय रामायण (1) माधवदास
(ख) रघुनाथ चरित (2) माधवदास चारण
(ग) रघुनाथ लीला (3) नरहरि बारहठ
(घ) राम रासो (4) परशुराम देव
कूट –
क ख ग घ
(अ) 2 1 4 3 (ब) 3 1 2 4
(स) 4 3 2 1 (द) 3 4 1 2 ✔️
24. दक्खिनी गद्य की रचनाओं – मेराजुल आशीकीन एवं कल्मितुल हकायक के रचयिता हैं –
(अ) बुरहानुद्दीन एवं करीमुद्दीन
(ब) मुल्ला गेसुदराज एवं मुल्ला दाउद
(स) मुल्ला गेसुदराज एवं बुरहानुद्दीन ✔️
(द) मुल्ला दाउद एवं करीमुद्दीन
•───────────────────•
1. रामभक्ति काव्य संबंधित प्रथम हिंदी काव्य रचना है –
(अ) रामचरितमानस (ब) भरतमिलाप
(स) अष्टयाम (द) रामरक्षास्त्रोत ✔️
2. ’रामरक्षा स्रोत’ के रचयिता हैं –
(अ) नामदेव (ब) रामानंद ✔️
(स) राघवानंद (द) जीवाराम
3. कवि रसखान का मूल नाम था –
(अ) सैयद इब्राहिम ✔️ (ब) अमीर बिस्मिलाह
(स) बलिद्दय (द) महेश दत्त
4. तुलसीदास की अन्तिम कृति है –
(अ) विनय पत्रिका (ब) कवितावली ✔️
(स) बरवै रामायण (द) गीतावली
5. ’पुष्पावती’ के रचनाकार हैं –
(अ) रंजन (ब) ज्ञानरंजन
(स) दुःखहरन दास ✔️ (द) रामशरणदास
6. समाधि जोग ग्रंथ एवं अष्टपदी जोग ग्रंथ के रचनाकार हैं –
(अ) हरिदास निरंजनी ✔️ (ब) हरिदास वैष्णवी
(स) भर्तृहरि नाथ (द) जङभरत
7. कादरी संप्रदाय की दो शाखाएँ थी –
(अ) अंतरंग और वितरंग
(ब) कयास और सायास
(स) बहाबिया और रजाकिया ✔️
(द) नक्शबदी और शत्तारी
8. ’शृंगार सोरठा’ के रचयिता हैं –
(अ) हरिदास (ब) रहीमदास ✔️
(स) रामदास (द) तानसेन
9. हिंदी में भक्तिकाल को ’धार्मिक नवोन्मेष’ का काल’ की संज्ञा देने वाले विद्वान हैं –
(अ) राहुल सांकृत्यायन (ब) हरिऔध
(स) शिव सिंह सेंगर (द) राजनाथ शर्मा ✔️
10. निम्न में से कौनसा समूह शिष्य-गुरु क्रम से शुद्ध है –
(अ) अग्रदास – नाभादास – कृष्णदास पयहारी
(ब) अग्रदास – कृष्णदास पयहारी – नाभादास
(स) नाभादास – अग्रदास – कृष्णदास पयहारी ✔️
(द) नाभादास – कृष्णदास पयहारी – अग्रदास
11. सत्यनामी संप्रदाय के प्रवर्तक हैं –
(अ) सत्यनाथ (ब) संत जगजीवन दास ✔️
(स) संतवीरभान (द) विष्णु स्वामी
12. जायसी ने ’पद्मावत’ में स्वयं के गुरु का नाम ’सैयद अशरफ’ बताया है। सैयद महीउद्दीन को जायसी का गुरु निर्धारित करने वाले इतिहासकार हैं –
(अ) रामचंद्र शुक्ल (ब) गणपतिचंद्र गुप्त
(स) हजारी प्रसाद द्विवेदी (द) रामकुमार वर्मा ✔️
13. रामप्रिया शरणदास कृत भक्ति विषयक ग्रन्थ है –
(अ) रामायण (ब) सीतायन ✔️
(स) कृष्णायन (द) देवायन
14. कृष्ण भक्ति काव्य परंपरा के प्रवर्तक माने जाते हैं-
(अ) मध्वाचार्य (ब) विद्यापति
(स) जयदेव (द) वल्लभाचार्य ✔️
15. वल्लभाचार्य ने ब्रह्मसूत्रों पर अणुभाष्य लिखा, ’ब्रह्मसूत्र’ के रचनाकार हैं –
(अ) नारदमुनि (ब) भरतमुनि
(स) बादरायण ✔️ (द) हरिनारायण
16. निम्नलिखित भक्तिकालीन कवियों को उनके गुरु के नाम से सुमेलित कीजिए –
(क) निम्बार्क (1) नारद मुनि
(ख) उस्मान (2) हाजी बाबा
(ग) कुतुबन (3) शेख बुरहान
(घ) रविदास (4) रामानंद
कूट:
क ख ग घ
(अ) 3 2 4 1 (ब) 2 3 1 4
(स) 2 1 3 4 (द) 1 2 3 4 ✔️
17. कबीर के गुरु रामानंद का समयकाल अनुमानित है-
(अ) 1268 से 1368 ई. (ब) 1455 से 1555 ई.
(स) 1368 से 1468 ई. ✔️(द) 1350 से 1450 ई.
18. भक्तिकालीन रचनाओं को रचनाकारों से सुमेलित कीजिए –
(क) ज्ञान समुद्र (1) अक्षर अनन्य
(ख) मोहमुद्गार (2) कबीर
(ग) मुहम्मदबोध (3) शंकराचार्य
(घ) सिद्धांत बोध (4) सुन्दरदास
कूट:
क ख ग घ
(अ) 1 2 3 4 (ब) 3 4 1 2
(स) 3 4 2 1 (द) 4 3 2 1 ✔️
19. ’प्रच्छन्न बोध’ उपाधि प्राप्त आचार्य हैं –
(अ) राघवाचार्य (ब) मध्वाचार्य
(स) शंकराचार्य ✔️ (द) रामानंदाचार्य
20. निम्नांकित भक्तिकालीन साहित्य सामग्री को उनके रचयिताओं से सुमेलित कीजिए –
(क) भक्तनामावली (1) जीव गोस्वामी
(ख) भगवत संदर्भ (2) ब्रजवासी दास
(ग) कृष्णचरित (3) हरिव्यास देव
(घ) महावाणी (4) ध्रुवदास
कूट –
क ख ग घ
(अ) 1 2 3 4 (ब) 2 1 4 3
(स) 2 3 4 1 ✔️ (द) 2 4 3 1
21. कृष्ण भक्ति को साहित्य की ’रस परिपाटी’ पर स्थापित करने वाले आचार्य थे –
(अ) रूप गोस्वामी (ब) जीव गोस्वामी
(स) रामानुज गोस्वामी (द) सनातन गोस्वामी ✔️
22. निम्नलिखित भक्तिकालीन रामभक्ति रचनाओं को उनके रचयिताओं से सुमेलित कीजिए –
(1) प्रेम दर्पण (क) मुकुंद सिंह
(2) रोजतुक हकायक (ख) पुहकर कवि
(3) नूरजहाँ (ग) नूर मुहम्मद
(4) नल चरित (घ) शेख नजीर
कूट:
क ख ग घ
(अ) 4 2 3 1 (ब) 3 4 2 1
(स) 4 3 1 2 (द) 4 3 2 1 ✔️
23. निम्नलिखित भक्तिकालीन रामभक्ति रचनओं को उनके रचयिताओं से सुमेलित कीजिए –
(क) पौरुषेय रामायण (1) माधवदास
(ख) रघुनाथ चरित (2) माधवदास चारण
(ग) रघुनाथ लीला (3) नरहरि बारहठ
(घ) राम रासो (4) परशुराम देव
कूट –
क ख ग घ
(अ) 2 1 4 3 (ब) 3 1 2 4
(स) 4 3 2 1 (द) 3 4 1 2 ✔️
24. दक्खिनी गद्य की रचनाओं – मेराजुल आशीकीन एवं कल्मितुल हकायक के रचयिता हैं –
(अ) बुरहानुद्दीन एवं करीमुद्दीन
(ब) मुल्ला गेसुदराज एवं मुल्ला दाउद
(स) मुल्ला गेसुदराज एवं बुरहानुद्दीन ✔️
(द) मुल्ला दाउद एवं करीमुद्दीन
✍महत्वपूर्ण तथ्य💐
🦠 🦠 🦠 🦠 🦠
💐ध्रुवदास किसके शिष्य थे- स्वामी हितहरिवंश
💐रसखान ने किस ग्रन्थ में अपने को शाही ख़ानदान का बताया है- प्रेमवाटिका
💐भक्तिकाल के उदय को किसने "बाहरी आक्रमण की प्रतिक्रिया" कहा- आचार्य शुक्ल
💐"भीजत कब देखों इन नैना" पंक्ति किस भक्ति कालीन कवि की हैं- श्री भट्ट
✍ परीक्षा में पूछे जा चुके हैं ये तथ्य✍
💐ओरछा नरेश मधुकरशाह के राजगुरु कौन भक्तकालीन कवि थे- व्यास जी(हरिराम व्यास)
💐"मन रे परसि हरि के चरण" पंक्ति किसकी है- मीराबाई
💐 शुक्ल जी मीरा के ग्रंथों की संख्या मानी है- 04
💐उपासना पद्धति थी - मीराबाई-माधुर्य भाव, सूरदास-सख्यभाव, तुलसीदास-दास्यभाव
💐"चन्द्रहास अग्रज सुहृद परम् प्रेम पथ में पगे" किसकी पंक्ति और कौन सा छंद है- नन्ददास, छप्पय
💐"उक्ति चोज अनुप्रास बरन अस्थिति अति भारी" नामक पद भक्तमाल में किनके लिए लिखा गया है- सूरदास
💐सूरदास ने अपनी वंश परम्परा से सम्बंधित पद किस ग्रन्थ में दिया है- सहित्यलहरी
💐किसने कहा है कि मीराबाई और चैतन्य महाप्रभु पर सूफियों का प्रभाव पाया जाता है- आचार्य शुक्ल जी
💐"तुलसी की भक्ति को धर्म और ज्ञान दोनो की रसानुभूति कह सकते हैं" ऐसा किस आलोचक ने कहा- आचार्य शुक्ल ने
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💐ध्रुवदास किसके शिष्य थे- स्वामी हितहरिवंश
💐रसखान ने किस ग्रन्थ में अपने को शाही ख़ानदान का बताया है- प्रेमवाटिका
💐भक्तिकाल के उदय को किसने "बाहरी आक्रमण की प्रतिक्रिया" कहा- आचार्य शुक्ल
💐"भीजत कब देखों इन नैना" पंक्ति किस भक्ति कालीन कवि की हैं- श्री भट्ट
✍ परीक्षा में पूछे जा चुके हैं ये तथ्य✍
💐ओरछा नरेश मधुकरशाह के राजगुरु कौन भक्तकालीन कवि थे- व्यास जी(हरिराम व्यास)
💐"मन रे परसि हरि के चरण" पंक्ति किसकी है- मीराबाई
💐 शुक्ल जी मीरा के ग्रंथों की संख्या मानी है- 04
💐उपासना पद्धति थी - मीराबाई-माधुर्य भाव, सूरदास-सख्यभाव, तुलसीदास-दास्यभाव
💐"चन्द्रहास अग्रज सुहृद परम् प्रेम पथ में पगे" किसकी पंक्ति और कौन सा छंद है- नन्ददास, छप्पय
💐"उक्ति चोज अनुप्रास बरन अस्थिति अति भारी" नामक पद भक्तमाल में किनके लिए लिखा गया है- सूरदास
💐सूरदास ने अपनी वंश परम्परा से सम्बंधित पद किस ग्रन्थ में दिया है- सहित्यलहरी
💐किसने कहा है कि मीराबाई और चैतन्य महाप्रभु पर सूफियों का प्रभाव पाया जाता है- आचार्य शुक्ल जी
💐"तुलसी की भक्ति को धर्म और ज्ञान दोनो की रसानुभूति कह सकते हैं" ऐसा किस आलोचक ने कहा- आचार्य शुक्ल ने
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विश्व के घास के मैदान
🟨शीतोष्ण कटिबंधीय घास के मैदान
■पम्पास :–अर्जेंटीना एवं उरुग्वे में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान। यहाँ पोषणयुक्त 'अल्फा-अल्फा' घास अधिक पायी जाती है।
■प्रेयरीज :–कनाडा एवं सं.रा. अमेरिका में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान। इन मैदानों में 'चिनूक' हवाएं चलती हैं। यहाँ व्यापक स्तर पर गेहूं की खेती की जाती है।
■डाउन्स :–ऑस्ट्रेलिया के मरें-डार्लिंग बेसिन में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास के मैदान। मरीनो भेड के बड़े-बड़े बाडे (स्टेशन) पाये जाते हैं। कंगारु बहुतायत में पाये जाते हैं।
■वेल्ड :–द. अफ्रीका में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान। यहाँ गाय एवं भैंस के साथ 'अंगोरा बकरी' एवं 'मेरीनो भेड' का पालन किया जाता है।
■स्टेपीज :–यह यूरोप-एशिया में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान है। यहाँ गेहूं की खेती बड़े पैमाने पर की जाती है।
■पुस्टाज :–हंगरी में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान।
■कैन्टरबरी :– न्यूजीलैंड में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान।
■ग्रानचाको:– अर्जेंटीना एवं पराग्वे में विस्तृत शीतोष्ण कटिबंधीय घास का मैदान एवं वन प्रदेश। यहाँ विश्व की सर्वाधिक मजबूत लकडी 'क्वेब्रेको' पायी जाती है।
🟥उष्ण कटिबंधीय घास के मैदान
■सवाना :– यह उष्णकटिबंधीय घास का मैदान मृध्य अफ्रीका, सहारा रेगिस्तान के दक्षिणी भाग में विस्तृत है। यहाँ उष्णकटिबंधीय सवाना प्रकार की घास पायी जाती है।
■लानोस :–यह उष्णकटिबंधीय घास का मैदान वेनेजुएला में विस्तृत है। यह विशेष रूप से ओरिनिको नदी के बेसिन में विस्तृत है।
■काम्पोस :–यह उष्णकटिबंधीय घास का मैदान ब्राजील के दक्षिणी भाग में विस्तृत है।
■सेल्वास :—यह ब्राजील में अमेजन नदी बेसिन में विस्तृत विश्व का सबसे बड़ा उष्णकटिबंधीय सदाबहार वन एवं घास का मैदान है। यह जैव विविधता की दृष्टि से धनी क्षेत्र है।
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🥦:: 👭 नारी पर आधारित उपन्यास 👭 ::🥦
▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬
1. निर्मला- प्रेमचंद जी
दहेज प्रथा और अनमेंल विवाह पर आधारित।
2. तितली -जयशंकर प्रसाद
ग्रामीण जीवन को केन्द्र मे रखकर नारी की कहानी।
3. सुनीता--जैनेन्द्र कुमार
विधवा विवाह पर आधारित उपन्यास।
4. परख- जैनेंद्र कुमार
विधवा विवाह पर आधारित।
5. त्यागपत्र -जैनेन्द्र कुमार
मृणाल नामक भाग्यहीन युवती के जीवन पर आधारित।
6. सुखदा--जैनेन्द्र कुमार
सुखदा के जीवन पर आधारित
7. नदी के द्वीप--अज्ञेय
यौन संबंधों को केन्द्र बनाकर जीवन की परिक्रमा दर्शाया गया है।
8. अपने अपने अजनबी --अज्ञेय
सेल्मा कैंसर से पीड़ित महिला है और योको एक नवयुवती
9. दिव्या--यशपाल
बौद्धकाल की घटनाओं पर आधारित दलित पीड़ित नारी की करुण कथा है।
10. तिरिया चरित्तर-शिवमूर्ति
नायिका विमल के साथ ससुर का अमानवीय व्यवहार
11. अग्निगर्भा--अमृतलाल नागर
दहेज और नारी दमन का निकृष्टतम रूप
12. बूंद और समुद्र --अमृतलाल नागर
विधवाओं की विडंबनापूर्ण स्थिति।
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1. निर्मला- प्रेमचंद जी
दहेज प्रथा और अनमेंल विवाह पर आधारित।
2. तितली -जयशंकर प्रसाद
ग्रामीण जीवन को केन्द्र मे रखकर नारी की कहानी।
3. सुनीता--जैनेन्द्र कुमार
विधवा विवाह पर आधारित उपन्यास।
4. परख- जैनेंद्र कुमार
विधवा विवाह पर आधारित।
5. त्यागपत्र -जैनेन्द्र कुमार
मृणाल नामक भाग्यहीन युवती के जीवन पर आधारित।
6. सुखदा--जैनेन्द्र कुमार
सुखदा के जीवन पर आधारित
7. नदी के द्वीप--अज्ञेय
यौन संबंधों को केन्द्र बनाकर जीवन की परिक्रमा दर्शाया गया है।
8. अपने अपने अजनबी --अज्ञेय
सेल्मा कैंसर से पीड़ित महिला है और योको एक नवयुवती
9. दिव्या--यशपाल
बौद्धकाल की घटनाओं पर आधारित दलित पीड़ित नारी की करुण कथा है।
10. तिरिया चरित्तर-शिवमूर्ति
नायिका विमल के साथ ससुर का अमानवीय व्यवहार
11. अग्निगर्भा--अमृतलाल नागर
दहेज और नारी दमन का निकृष्टतम रूप
12. बूंद और समुद्र --अमृतलाल नागर
विधवाओं की विडंबनापूर्ण स्थिति।
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