Secure PCS
5.32K subscribers
5.56K photos
111 videos
1.08K files
4.01K links
Destination Always Demands Patience♥️

"Your journey from an aspirant to a Officer starts here. Dedicated guidance for UPPSC & State Exams by Secure Pcs."
Download Telegram
Secure PCS
Ancient History Mock Test.html
इसके बाद इसके आगे के टॉपिक पर टेस्ट आयेगा जो UPSSSC PET के लिए रामबाण रहेगा।

हालांकि ये टेस्ट सभी एग्जाम के लिए समानरूप से उपयोगी है बस विकल्प PET एग्जाम के दृष्टिगत रखा गया है।
❤3
UPPCS PRE BATCH SCHEDULE.pdf
4.2 MB
➡️SECURE PCS — UPPCS टेस्ट सीरीज एवं सम्पूर्ण अध्ययन कार्यक्रम

➡️इस बैच से जुड़ने के लिए  UPPCS लिखकर भेजें 

📞WhatsApp 8004581092

✈️Telegram: 8004581092

✅बैच डिटेल्स:
https://t.me/SecurePcs/28385
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤4🥰1
➡️CRED के संस्थापक कुणाल शाह को WhatsApp का नया CEO नियुक्त किया गया है।
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤9👍1
➡️पश्चिम बंगाल सरकार अग्निवीरों के साथ मिलकर 'अर्जुन वाहिनी' आपदा राहत बल का गठन करेगी।

पश्चिम बंगाल सरकार आपात स्थितियों से निपटने के लिए अग्निवीरों की भर्ती करके "अर्जुन वाहिनी" नामक एक नई आपदा-सहायता बल का गठन करने जा रही है। मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने बताया कि यह बल सितंबर में कार्य करना शुरू कर देगा। अब तक सैनिक बोर्ड के माध्यम से 200 कर्मियों का चयन किया जा चुका है। इनमें से 100 को कोलकाता में, 50 को पहाड़ी क्षेत्रों में और 50 को सागर में तैनात किया जाएगा।


🔴 Join @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤9
➡️यूनिफाइड पेमेंट्स इंटरफेस (यूपीआई) भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था का आधार बनकर विश्व का सबसे बड़ा रीयल-टाइम भुगतान मंच बन गया है। लॉन्च के एक दशक बाद, यूपीआई एक नवोदित डिजिटल प्रयोग से विश्व के सबसे बड़े रीयल-टाइम भुगतान मंच में परिवर्तित हो गया है, जो वैश्विक त्वरित भुगतान लेनदेन के लगभग आधे हिस्से को संचालित करता है और भारत में भुगतान करने के तरीके को पूरी तरह से बदल रहा है।

➡️11 अप्रैल, 2016 को लॉन्च किया गया यूपीआई आज भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था की रीढ़ की हड्डी के रूप में खड़ा है - वित्तीय समावेशन को बढ़ावा दे रहा है, निर्बाध वाणिज्य को सक्षम बना रहा है और डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढांचे में वैश्विक मानदंड स्थापित कर रहा है।

यूपीआई की बढ़ती लोकप्रियता के पीछे के आंकड़े चौंकाने वाले हैं। पहले महीने में मात्र 373 लेनदेन से शुरू होकर, इस प्लेटफॉर्म ने वित्त वर्ष 2025-26 में लगभग 24 हजार 162 करोड़ लेनदेन संसाधित किए, जो लेनदेन की मात्रा में 12,000 गुना की असाधारण वृद्धि दर्शाता है।

➡️मूल्य के हिसाब से देखें तो, यूपीआई लेनदेन वित्त वर्ष 2016-17 में 0.07 लाख करोड़ रुपये से बढ़कर वित्त वर्ष 2025-26 में लगभग 314 लाख करोड़ रुपये हो गया, जो कि 4,000 गुना से अधिक की वृद्धि है।

➡️दैनिक उपयोग में भी भारी वृद्धि हुई है, अब यूपीआई प्रतिदिन लगभग 66 करोड़ लेनदेन संभालता है, जिनका दैनिक मूल्य लगभग 0.86 लाख करोड़ रुपये है। मासिक लेनदेन की संख्या अगस्त 2025 में पहली बार 2,000 करोड़ के पार पहुंच गई, और मार्च 2026 में 2,264 करोड़ लेनदेन के साथ यह अब तक का उच्चतम स्तर पर पहुंच गई।

आज भारत में डिजिटल भुगतान की कुल मात्रा का 85% हिस्सा यूपीआई के माध्यम से होता है, जो रोजमर्रा की जिंदगी में इसके गहरे जुड़ाव को दर्शाता है - सड़क किनारे विक्रेताओं और छोटे व्यापारियों से लेकर बड़े उद्यमों और सरकारी सेवाओं तक।

➡️इसकी सफलता सरलता और अंतरसंचालनीयता में निहित है। लॉन्च के समय मात्र 21 बैंकों से बढ़कर अब 703 से अधिक बैंक इससे जुड़ चुके हैं, जिससे यूपीआई ने सार्वजनिक, निजी, सहकारी और भुगतान बैंकों सहित विभिन्न संस्थागत बैंकों में अभूतपूर्व भागीदारी हासिल की है - और दूरस्थ क्षेत्रों में भी इसकी पहुंच सुनिश्चित की है।

➡️सूक्ष्म भुगतान इस पारिस्थितिकी तंत्र की रीढ़ बने हुए हैं, जिसमें 86% व्यापारी लेनदेन 500 रुपये से कम के होते हैं, जो चाय की दुकानों से लेकर टैक्सियों तक, रोजमर्रा के वाणिज्य को डिजिटाइज़ करने में यूपीआई की भूमिका को रेखांकित करता है।

➡️यूपीआई के व्यापक पैमाने और दक्षता ने वैश्विक मान्यता अर्जित की है, और अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष ने इसे लेनदेन की मात्रा के हिसाब से दुनिया की सबसे बड़ी रीयल-टाइम भुगतान प्रणाली के रूप में स्वीकार किया है।

🔴Join @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤8🤷‍♀2🥰1
Secure PCS
UPPCS PRE BATCH SCHEDULE.pdf
Pcs Pre बैच से जिसे जुड़ना जाय
इसमें आपको टॉपिक वाइज टेस्ट सीरीज फुल लेंथ टेस्ट, सब्जेक्ट के नोट, मंथली करेंट अफेयर्स MCQ और भी बहुत कुछ आवश्यकतानुसार मिलते रहेंगे।

➡️इस बैच से जुड़ने के लिए टेलीग्राम या व्हाट्सएप पर  UPPCS लिखकर भेजें 

📞WhatsApp 8004581092

✈️Telegram: 8004581092

✅बैच डिटेल्स:
https://t.me/SecurePcs/28385
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤2🥰2
उत्तर प्रदेश शिक्षक पात्रता परीक्षा【UPTET】2026-परीक्षा परिणाम घोषित


https://www.upessc.net/upessctetresults/login.aspx
❤8🔥1🥰1
🟢त्रिशुली और भोटेकोशी नदियाँ नेपाल के केंद्रीय हिमालयी क्षेत्र से बहने वाली महत्वपूर्ण नदियाँ हैं, जिनमें हाल ही में तिब्बत की ओर से आए अचानक उफान (फ्लैश फ्लड) के कारण भारी तबाही मची है।

🟢भोटेकोशी नदी का परिचय

➡️उद्गम: भोटेकोशी नदी तिब्बत (चीन) के स्वायत्त क्षेत्र में स्थित झांगजांगबो ग्लेशियर से निकलती है।
➡️प्रवाह क्षेत्र: यह नदी तिब्बत से बहते हुए नेपाल के रसुवा और सिंधुपालचौक जिलों से गुजरती है।
➡️विशेषता: इसका पहाड़ी और संकरा रास्ता होने के कारण यहाँ जल का बहाव बहुत तेज होता है।

🟢त्रिशूली नदी का परिचय

➡️उद्गम: त्रिशूली नदी का अधिकांश जलग्रहण क्षेत्र तिब्बत और नेपाल के हिमालयी क्षेत्रों में स्थित है।
➡️संगम: यह नेपाल में बहते हुए अंततः नारायणी (गंडक) नदी में मिल जाती है।
➡️महत्व: इस पर कई पनबिजली (हाइड्रोपावर) परियोजनाएं बनी हुई हैं।

🔴हालिया बाढ़ और तबाही (अगस्त 2026)

➡️घटना: 26 अगस्त 2026 को तिब्बत की तरफ से अचानक आए पानी के सैलाब के कारण भोटेकोशी और त्रिशूली नदियों में भयानक बाढ़ आ गई। [
➡️नुकसान: नेपाल के रसुवा, टिमुरे, और त्रिशूली बाजार इलाकों में कई घर, पुल और हाइड्रोपावर प्रोजेक्ट बह गए।
➡️भारत पर असर: इस आपदा के बाद भारत के बिहार और उत्तर प्रदेश के नेपाल सीमा से सटे जिलों (जैसे महराजगंज, गोरखपुर, सिद्धार्थनगर) में प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी कर दिया है।

join us ✅ @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤5🔥1🥰1
🔴गंगा जल बंटवारा संधि (1996):
➡️मुख्य बिंदु
भारत और बांग्लादेश के बीच 12 दिसंबर, 1996 को 30 साल की अवधि के लिए हुआ गंगा जल समझौता दिसंबर 2026 में समाप्त हो रहा है। इसके नवीनीकरण को लेकर दोनों देशों के बीच बातचीत का दौर शुरू हो चुका है।

➡️पृष्ठभूमि और उद्देश्य
➡️उद्देश्य: पश्चिम बंगाल में स्थित फरक्का बैराज (1975 में निर्मित) के जरिए शुष्क मौसम में पानी का सही बंटवारा करना, जिससे कोलकाता बंदरगाह में सिल्ट न जमे और जहाजों का आवागमन बना रहे।
➡️साझा नदियां: भारत और बांग्लादेश आपस में कुल 54 नदियां साझा करते हैं, जिनमें गंगा मौसमी उतार-चढ़ाव वाली प्रमुख नदी है।
➡️जल बंटवारे का फॉर्मूला (1 जनवरी से 31 मई तक, 10-10 दिनों के चक्र में)
➡️70,000 क्यूसेक से कम प्रवाह: दोनों देशों के बीच पानी का आधा-आधा (50:50) समान बंटवारा होगा।
➡️70,000 से 75,000 क्यूसेक प्रवाह: बांग्लादेश को निश्चित 35,000 क्यूसेक पानी मिलेगा और बाकी बचा पानी भारत को मिलेगा।
➡️75,000 क्यूसेक से अधिक प्रवाह: भारत को निश्चित 40,000 क्यूसेक पानी मिलेगा और बाकी बचा शेष पानी बांग्लादेश को दिया जाएगा।
🔴अन्य प्रमुख प्रावधान
➡️आपातकालीन स्थिति: यदि प्रवाह 50,000 क्यूसेक से नीचे गिरता है, तो दोनों देशों की सरकारें तुरंत आपात बैठक कर स्थिति को संभालेंगी।
➡️सुरक्षा तंत्र (Safety Net): किसी भी स्थिति में भारत को बांग्लादेश के तय हिस्से का कम से कम 90% पानी छोड़ना अनिवार्य है।
➡️निगरानी: दोनों देशों के प्रतिनिधियों वाली संयुक्त समिति फरक्का नहर और बांग्लादेश के हार्डिंग ब्रिज पर दैनिक जल प्रवाह की निगरानी करती है।
➡️अन्य नदी समझौते: कुशियारा नदी समझौता (2022), फेनी नदी समझौता ज्ञापन (2019), और तीस्ता जल समझौता (प्रस्तावित)।

join us ✅ @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤3🥰1
🔴जनजातीय कार्य मंत्रालय द्वारा आदिवासी कल्याण योजनाओं की जानकारी को सरल और सुलभ बनाने के लिए आधिकारिक AI असिस्टेंट 'जागो (JAGO)' लॉन्च किया गया है।

🔴मुख्य बिंदु

➡️लॉन्चकर्ता: जनजातीय कार्य मंत्रालय (Ministry of Tribal Affairs)
➡️प्लेटफॉर्म: यह एक ऑफिशियल AI कन्वर्सेशनल असिस्टेंट (चैटबॉट) है, जिसे एक सिंगल इंटेलिजेंट इंटरफेस के रूप में तैयार किया गया है।
➡️मुख्य उद्देश्य: आदिवासी समुदायों तक सरकारी योजनाओं, कार्यक्रमों और पहलों की जानकारी उनकी अपनी भाषा में आसान तरीके से पहुंचाना।
➡️भाषाओं का विस्तार: वर्तमान में अंग्रेजी और हिंदी के अलावा, इसे देश के प्रमुख आदिवासी भाषा अनुवाद प्लेटफॉर्म 'आदि वाणी' (Adi Vaani) ऐप की अन्य स्थानीय भाषाओं से भी जोड़ा जा रहा है।
➡️मैस्कॉट: इस डिजिटल पहल के प्रचार और जुड़ाव के लिए एक विशेष मैस्कॉट भी जारी किया गया है।

🟢जनजातीय कार्य मंत्रालय का विवरण
➡️स्थापना: वर्ष 1999
➡️मुख्यालय: नई दिल्ली
➡️वर्तमान कैबिनेट मंत्री: ज्वाल ओराम

join us ✅ @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤4🥰1
🟢बौद्ध धर्म
छठी शताब्दी ईसा पूर्व में धार्मिक और सामाजिक सुधार आंदोलन के रूप में बौद्ध धर्म का उदय हुआ। इसके संस्थापक गौतम बुद्ध (सिद्धार्थ) थे, जिन्हें 'एशिया का ज्योतिपुंज' (Light of Asia) भी कहा जाता है।

➡️संस्थापक एवं जीवन परिचय: गौतम बुद्ध का जन्म 563 ई.पू. में कपिलवस्तु के लुंबिनी वन (नेपाल) में शाक्य क्षत्रिय कुल में हुआ था। उनके पिता शुद्धोदन और माता महामाया थीं। 29 वर्ष की आयु में गृहत्याग की घटना को महाभिनिष्क्रमण कहा गया। 35 वर्ष की आयु में बोधगया में निरंजना (फल्गु) नदी के तट पर पीपल वृक्ष के नीचे उन्हें ज्ञान (बोधि) प्राप्त हुआ। उन्होंने अपना पहला उपदेश सारनाथ में दिया, जिसे धर्मचक्रप्रवर्तन कहा जाता है। 483 ई.पू. में कुशीनगर में उनका देहावसान हुआ, जिसे महापरिनिर्वाण कहा जाता है।

➡️चार आर्य सत्य:

दुःख (संसार दुःखमय है)
दुःख समुदाय (दुःख का कारण तृष्णा/इच्छा है)
दुःख निरोध (दुःख का निवारण संभव है)
दुःख निरोध गामिनी प्रतिपदा (दुःख निवारण का मार्ग यानी अष्टांगिक मार्ग)

➡️अष्टांगिक मार्ग (मध्यम मार्ग): सम्यक दृष्टि, सम्यक संकल्प, सम्यक वाक्, सम्यक कर्मांत, सम्यक आजीव, सम्यक व्यायाम, सम्यक स्मृति, और सम्यक समाधि।
त्रिरत्न: बुद्ध, धम्म और संघ।

➡️प्रमुख बौद्ध संगीतियां:

➡️प्रथम (483 ई.पू.): राजगृह — अध्यक्ष: महाकस्सप — शासक: अजातशत्रु
➡️द्वितीय (383 ई.पू.): वैशाली — अध्यक्ष: सबाकामी — शासक: कालाशोक
➡️तृतीय (250 ई.पू.): पाटलिपुत्र — अध्यक्ष: मोग्गलिपुत्त तिस्स — शासक: अशोक
➡️चतुर्थ (प्रथम शताब्दी ईस्वी): कुंडलवन (कश्मीर) — अध्यक्ष: वसुमित्र (उपाध्यक्ष: अश्वघोष) — शासक: कनिष्क (यहाँ बौद्ध धर्म हीनयान और महायान में विभाजित हुआ)

➡️प्रमुख साहित्य: बौद्ध धर्म के मूल ग्रंथ पाली भाषा में लिखे गए त्रिपिटक हैं — सुत्तपिटक (बुद्ध के उपदेश), विनयपिटक (संघ के नियम), और अभिधम्मपिटक (दार्शनिक व्याख्या)।

🟢जैन धर्म
जैन धर्म एक अत्यंत प्राचीन श्रमण परंपरा है, जिसमें कुल 24 तीर्थंकर हुए। इसके प्रथम तीर्थंकर ऋषभदेव (आदिनाथ) तथा 23वें तीर्थंकर पार्श्वनाथ थे। 24वें और अंतिम तीर्थंकर भगवान महावीर को जैन धर्म का वास्तविक संस्थापक माना जाता है।

➡️महावीर स्वामी का जीवन परिचय: महावीर स्वामी का जन्म 540 ई.पू. (कुछ स्रोतों में 599 ई.पू.) में वैशाली के कुंडग्राम में ज्ञातृक कुल में हुआ था। इनके पिता सिद्धार्थ और माता त्रिशला थीं। 30 वर्ष की आयु में इन्होंने गृहत्याग किया। 12 वर्षों की कठोर तपस्या के बाद जृंभिकग्राम के समीप ऋजुपालिका नदी के तट पर साल वृक्ष के नीचे इन्हें 'कैवल्य' (सर्वोच्च ज्ञान) प्राप्त हुआ। ज्ञान प्राप्ति के बाद वे 'जिन' (विजेता), 'अर्हत्' (पूज्य) और 'निर्ग्रंथ' (बंधनरहित) कहलाए। 72 वर्ष की आयु में पावापुरी में इन्हें मोक्ष प्राप्त हुआ।

➡️पंच महाव्रत:
सत्य (सत्य बोलना)
अहिंसा (हिंसा न करना — जैन धर्म का केंद्र बिंदु)
अस्तेय (चोरी न करना)
अपरिग्रह (संपत्ति का संचय न करना)
ब्रह्मचर्य (इंद्रिय संयम — इसे महावीर स्वामी ने जोड़ा; शेष चार पार्श्वनाथ द्वारा दिए गए थे)
त्रिरत्न: सम्यक दर्शन (सही श्रद्धा), सम्यक ज्ञान (सच्चा ज्ञान), और सम्यक चरित्र (सही आचरण)।

➡️दर्शन के प्रमुख सिद्धांत:

➡️स्याद्वाद एवं अनेकांतवाद: किसी भी वस्तु या सत्य के अनेक पहलू होते हैं और हमारा ज्ञान सापेक्ष होता है।
कायोत्सर्ग एवं संलेखना: उपवास द्वारा स्वेच्छा से शरीर त्यागने की आध्यात्मिक पद्धति।

➡️प्रमुख जैन संगीतियां:
प्रथम (300 ई.पू.): पाटलिपुत्र — अध्यक्ष: स्थूलभद्र — शासक: चंद्रगुप्त मौर्य (यहाँ जैन धर्म श्वेतांबर और दिगंबर में विभाजित हुआ)
द्वितीय (512 ईस्वी): वल्लभी (गुजरात) — अध्यक्ष: देवाधि क्षमाश्रमण (यहाँ ग्रंथों को लिपिबद्ध किया गया)
प्रमुख साहित्य: जैन आगम ग्रंथ मूल रूप से प्राकृत (अर्धमागधी) भाषा में संकलित किए गए।

➡️समानताएं एवं प्रमुख अंतर

➡️समानताएं: दोनों धर्मों ने वैदिक कर्मकांड, यज्ञीय पशुबलि, वेदों की अपौरुषेयता तथा जन्म आधारित वर्ण व्यवस्था की कठोरता को अस्वीकार किया। दोनों ने कर्म, पुनर्जन्म और मोक्ष के सिद्धांत को स्वीकार किया तथा जनसाधारण की भाषा (पाली और प्राकृत) में उपदेश दिए।

➡️अंतर:
➡️अहिंसा की तीव्रता: बौद्ध धर्म ने अति-तपस्या और अति-भोग के बीच 'मध्यम मार्ग' को अपनाया, जबकि जैन धर्म में अत्यंत कठोर तपस्या और सूक्ष्म जीवों के प्रति भी अहिंसा का पालन अनिवार्य माना गया।
➡️ईश्वर और आत्मा की अवधारणा: बौद्ध धर्म 'अनात्मवादी' (आत्मा के स्थायी अस्तित्व को न मानने वाला) और 'क्षणिकवादी' है। जैन धर्म में आत्मा के अस्तित्व को शाश्वत और सजीव-निर्जीव दोनों में माना गया है।
वस्त्र त्याग: बौद्ध धर्म में भिक्षु चीवर (वस्त्र) धारण करते हैं, जबकि जैन धर्म की दिगंबर शाखा में पूर्ण नग्नता को मोक्ष का अनिवार्य अंग माना गया है।
#HistoryRevision
join us ✅ @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤7🥰1
Forwarded from Secure PCS
उत्तर_प्रदेश_आबकारी_से_संबंधित_महत्वपूर्ण_विविध_उपबंध_एवं_नीतियां.pdf
1.6 MB
थ्योरी और MCQ

इस पीडीएफ में 👇

उत्तर प्रदेश आबकारी से संबंधित महत्वपूर्ण विविध उपबंध एवं नीतियां
संयुक्त प्रान्त आबकारी अधिनियम-1910 (यथासंशोधित) एवं शीरा, अल्कोहल तथा अन्य मादक पदार्थों की सामान्य जानकारी, आबकारी से संबंधित महत्वपूर्ण शासनादेश एवं उत्तर प्रदेश आबकारी नीति 2025-26 |

आबकारी सिपाही परीक्षा के लिए रामबाण PDF👌

ज्वॉइन करिए 👉 @SecurePcs

Any Query Please Contact @SecurePcsBot
❤6🥰1
बौद्ध_धर्म_एवं_जैन_धर्म.html
341.8 KB
➡️प्राचीन इतिहास: बौद्ध धर्म एवं जैन धर्म


⚫️प्रश्नों की संख्या: 100

➡️आगामी परीक्षाओं के लिए ऐसे ही टेस्ट अपलोड किए जाएंगे

join us 📍
@SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
❤10🥰1
TRE-4.0 परीक्षा अब एकल चरण में आयोजित
❤4🥰1
UPPCS PRE BATCH SCHEDULE.pdf
4.2 MB
➡️SECURE PCS — UPPCS टेस्ट सीरीज एवं सम्पूर्ण अध्ययन कार्यक्रम

➡️इस बैच से जुड़ने के लिए  UPPCS लिखकर भेजें 

📞WhatsApp 8004581092

✈️Telegram: 8004581092

✅बैच डिटेल्स:
https://t.me/SecurePcs/28385
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
🥰4❤2
इस मंच से जुड़ीं सभी बहनों को रक्षाबंधन की अनंत शुभकामनाएं 💐🥰
ईश्वर की कृपा आप लोग पर सदैव बनी रहे और आप लोग जल्द ही प्रशासन के उच्च पद पर चयनित हों।💐

@SecurePcs
❤32🥰6😍1
➡️नंदन नीलेकणी की अध्यक्षता में गठित कार्यबल ने लीक प्रूफ परीक्षा के लिए आम लोगों से मांगे हैं सुझाव

join us 📍 @SecurePcs
Please open Telegram to view this post
VIEW IN TELEGRAM
👍8❤2
East Bengal FC ने फाइनल में मोहन बागान को 4-1 से हराकर 135वें का खिताब अपने नाम कर लिया है।

मुख्य बातें

विजेता: ईस्ट बंगाल (यह उनका रिकॉर्ड 17वां डूरंड कप खिताब है)।

उपविजेता: मोहन बागान।

आयोजन अवधि: 25 जुलाई से 23 अगस्त 2026।

विशेषता: एशिया का यह सबसे पुराना फुटबॉल टूर्नामेंट इस बार कोलकाता, रांची, गुवाहाटी, शिलांग और इंफाल में आयोजित किया गया था।

join us 📍 @SecurePcs
🥰4❤3
72वीं नेहरू ट्रॉफी बोट रेस (NTBR)

📍 आयोजन स्थल: अलाप्पुझा की प्रसिद्ध (केरल)।

🏆 विजेता: अरोमा चुंदन (Aroma Chundan - अरोमा बोट क्लब, परवूर)। उन्होंने अपने पहले ही प्रयास (Debutant) में यह ऐतिहासिक जीत हासिल की।

🚣 कुल प्रतिभागी नाव: विभिन्न श्रेणियों में कुल 71 बोट्स ने हिस्सा लिया, जिसमें 22 पारंपरिक चुंदन वल्लम (स्नेक बोट) शामिल थीं।

विजेता अरोमा चुंदन ने 4 मिनट 23.328 सेकंड का समय लिया और दूसरे स्थान पर रही नादुभागम चुंदन को मात्र 0.120 सेकंड (120 मिलीसेकंड) के बेहद बारीक अंतर से हराया।

join us 📍 @SecurePcs
❤4