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KVS/NVS 2025 Notification Out
Total Vacancies: 10000+
Application Fee: 2800, 2000, 1700
Apply Dates: 14 Nov to 04 Dec 2025
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वर्तमान में उत्तर प्रदेश लेखपाल के 7994 पदों का अधियाचन आयोग के पास है इसका विज्ञापन PET रिजल्ट के तुंरन्त बाद जारी होने की संभावना है।
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Secure PCS via @QuizBot
🎲 Quiz 'Ro Aro सामान्य हिंदी 2023 पुनर्परीक्षा प्रश्नोत्तरी।💐 परीक्षा तिथि: 27 जुलाई 2025'
किसी प्रश्न में त्रुटि सुधार के लिए हमारे आधिकारिक बोट पर सूचित करें। @SecurePcsBot
🖊 60 questions · ⏱ 30 sec
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वैनेडियम
हाल ही में, केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य व विद्युत मंत्री मनोहर लाल ने राष्ट्रीय ताप विद्युत निगम (NTPC) के नेत्रा में भारत की सबसे बड़ी और पहली 3 मेगावाट-घंटे क्षमता (3 MWh Capacity) वाली वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी (VRFB) प्रणाली का उद्घाटन किया।
वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी के बारे में
यह ऐतिहासिक परियोजना लंबे समय के लिए ऊर्जा भंडारण (LDES) संबंधी समाधानों की दिशा में देश का एक बड़ा कदम है जो नवीकरणीय ऊर्जा एकीकरण और ग्रिड लचीलापन को बेहतर करता है।
वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी एक समकालीन तकनीक है जो पारंपरिक लीथियम आयन-आधारित बैटरियों के विकल्पों में से एक के तौर पर उभरने की क्षमता रखती है। इस एडवांस बैटरी प्रणाली के विकास से बैटरी प्रणालियों के निर्माण में प्रयुक्त होने वाले तत्वों का भंडार बढ़ेगा।
इसे नेत्रा (NETRA) टीम ने विकसित किया है जो ग्रेटर नोएडा में स्थित NTPC का अनुसंधान एवं विकास केंद्र है।
वैनेडियम के बारे में
इस रासायनिक तत्व का प्रतीक ‘V’ और परमाणु संख्या 23 है। यह सिल्वर-ग्रे, तन्य व आघातवर्धनीय धातु तत्व है।
यह अधिकांश धातुओं की तुलना में अधिक कठोर है तथा क्षार व अम्ल के प्रति अच्छा संक्षारण प्रतिरोध प्रदर्शित करता है।https://t.me/SecurePcs
हाल ही में, केंद्रीय आवास एवं शहरी कार्य व विद्युत मंत्री मनोहर लाल ने राष्ट्रीय ताप विद्युत निगम (NTPC) के नेत्रा में भारत की सबसे बड़ी और पहली 3 मेगावाट-घंटे क्षमता (3 MWh Capacity) वाली वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी (VRFB) प्रणाली का उद्घाटन किया।
वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी के बारे में
यह ऐतिहासिक परियोजना लंबे समय के लिए ऊर्जा भंडारण (LDES) संबंधी समाधानों की दिशा में देश का एक बड़ा कदम है जो नवीकरणीय ऊर्जा एकीकरण और ग्रिड लचीलापन को बेहतर करता है।
वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी एक समकालीन तकनीक है जो पारंपरिक लीथियम आयन-आधारित बैटरियों के विकल्पों में से एक के तौर पर उभरने की क्षमता रखती है। इस एडवांस बैटरी प्रणाली के विकास से बैटरी प्रणालियों के निर्माण में प्रयुक्त होने वाले तत्वों का भंडार बढ़ेगा।
इसे नेत्रा (NETRA) टीम ने विकसित किया है जो ग्रेटर नोएडा में स्थित NTPC का अनुसंधान एवं विकास केंद्र है।
वैनेडियम के बारे में
इस रासायनिक तत्व का प्रतीक ‘V’ और परमाणु संख्या 23 है। यह सिल्वर-ग्रे, तन्य व आघातवर्धनीय धातु तत्व है।
यह अधिकांश धातुओं की तुलना में अधिक कठोर है तथा क्षार व अम्ल के प्रति अच्छा संक्षारण प्रतिरोध प्रदर्शित करता है।https://t.me/SecurePcs
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हाल ही में, विद्युत मंत्रालय और आवास एवं शहरी मामलों के मंत्रालय ने भारत की पहली और सबसे बड़ी 3 मेगावाट घंटा क्षमता वाली MWh-स्तरीय वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरी (VRFB) प्रणाली का उद्घाटन किया। वैनेडियम रेडॉक्स फ्लो बैटरियों (VRFB) के बारे में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
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हाल ही में, बेलेम में आयोजित COP30 में जलवायु जोखिम सूचकांक (CRI) 2026 जारी किया गया, जिसमें चरम मौसम की घटनाओं के दीर्घकालिक वैश्विक प्रभावों पर प्रकाश डाला गया। CRI 2026 के बारे में निम्नलिखित में से कौन सा कथन सही है?
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Anonymous Quiz
63%
यह चरम मौसम की घटनाओं के मानवीय और आर्थिक प्रभावों के आधार पर देशों को रैंक करता है
19%
यह विश्व बैंक द्वारा प्रतिवर्ष प्रकाशित किया जाता है
11%
यह पहली बार 2020 में प्रकाशित हुआ था
7%
यह केवल मौसम संबंधी खतरों जैसे तूफानों को कवर करता है
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बाल साहित्य पुरस्कार 2025, 14 नवंबर 2025 को नई दिल्ली में प्रदान किया गया, जिसमें 24 भारतीय भाषाओं में बाल साहित्य में उत्कृष्ट कृतियों को सम्मानित किया गया।
बाल साहित्य पुरस्कार के बारे में
यह पुरस्कार साहित्य अकादमी द्वारा स्थापित किया गया है और भारत की 24 प्रमुख भाषाओं में लिखे गए बाल साहित्य में उत्कृष्टता को मान्यता देता है।
इन 24 भाषाओं में भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची की 22 भाषाएँ शामिल हैं, साथ ही अंग्रेजी और राजस्थानी को भी सम्मिलित किया गया है।
पुरस्कार के घटक: प्रत्येक पुरस्कार विजेता को ₹50,000 की नकद राशि और साहित्यिक श्रेष्ठता के लिए एक कांस्य पट्टिका प्रदान की जाती है।
पुरस्कृत भाषाएँ और विधाएँ: पुरस्कार कविता, कहानी, नाटक, उपन्यास, और संस्मरण जैसी विधाओं में दिए जाते हैं, जो भारत की बहुभाषी सृजनात्मक समृद्धि को दर्शाते हैं।
प्रमुख विजेता (2025): इस वर्ष कुल 24 बाल लेखकों को सम्मानित किया गया।
अंग्रेजी: दक्षिण: दक्षिण भारतीय मिथक और दंतकथाओं का पुनर्कथन – नितिन कुशलप्पा
हिंदी: एक बटे बारह – सुशील शुक्ला
तमिल: ओट्राई सिरागु ओविया – विष्णुपुरम् सरवनन
मलयालम: पेंगुइनुकालुडे वंकाराविल – श्रीजीत मूठेदथ
पंजाबी: जद्दू पत्ता – पाली खादिम।
महत्त्व: बाल साहित्य पुरस्कार 2025 भारत की साहित्यिक समावेशिता को मजबूत करता है, क्षेत्रीय आवाजों का सम्मान करता है और बाल साहित्य में लेखकों की नई पीढ़ी को प्रोत्साहित करता है।
बाल साहित्य पुरस्कार के बारे में
यह पुरस्कार साहित्य अकादमी द्वारा स्थापित किया गया है और भारत की 24 प्रमुख भाषाओं में लिखे गए बाल साहित्य में उत्कृष्टता को मान्यता देता है।
इन 24 भाषाओं में भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची की 22 भाषाएँ शामिल हैं, साथ ही अंग्रेजी और राजस्थानी को भी सम्मिलित किया गया है।
पुरस्कार के घटक: प्रत्येक पुरस्कार विजेता को ₹50,000 की नकद राशि और साहित्यिक श्रेष्ठता के लिए एक कांस्य पट्टिका प्रदान की जाती है।
पुरस्कृत भाषाएँ और विधाएँ: पुरस्कार कविता, कहानी, नाटक, उपन्यास, और संस्मरण जैसी विधाओं में दिए जाते हैं, जो भारत की बहुभाषी सृजनात्मक समृद्धि को दर्शाते हैं।
प्रमुख विजेता (2025): इस वर्ष कुल 24 बाल लेखकों को सम्मानित किया गया।
अंग्रेजी: दक्षिण: दक्षिण भारतीय मिथक और दंतकथाओं का पुनर्कथन – नितिन कुशलप्पा
हिंदी: एक बटे बारह – सुशील शुक्ला
तमिल: ओट्राई सिरागु ओविया – विष्णुपुरम् सरवनन
मलयालम: पेंगुइनुकालुडे वंकाराविल – श्रीजीत मूठेदथ
पंजाबी: जद्दू पत्ता – पाली खादिम।
महत्त्व: बाल साहित्य पुरस्कार 2025 भारत की साहित्यिक समावेशिता को मजबूत करता है, क्षेत्रीय आवाजों का सम्मान करता है और बाल साहित्य में लेखकों की नई पीढ़ी को प्रोत्साहित करता है।
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वनाधिकार अधिनियम, 2006 उत्तर प्रदेश के 13 जनपदों में लागू है।
(चित्रकूट, सोनभद्र, बहराइच, बलरामपुर, मिर्जापुर, ललितपुर, चन्दौली, लखीमपुर खीरी, गोरखपुर, महराजगंज, गोण्डा, बिजनौर व सहारनपुर)
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(चित्रकूट, सोनभद्र, बहराइच, बलरामपुर, मिर्जापुर, ललितपुर, चन्दौली, लखीमपुर खीरी, गोरखपुर, महराजगंज, गोण्डा, बिजनौर व सहारनपुर)
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चुनाव आयोग द्वारा बिहार विधानसभा चुनाव 2025 के अंतिम नतीजे जारी
📍एनडीए गठबंधन - 202 सीटों के साथ प्रचंड बहुमत
📍 महागठबंधन - महज़ 35 सीटें ही हासिल कर सकी
1. भारतीय जनता पार्टी (BJP) : 89 सीट
2. जनता दल यूनाइटेड (JDU) : 85 सीट
3. राष्ट्रीय जनता दल (RJD) : 25 सीट
4. लोक जनशक्ति पार्टी, राम विलास (LJPRV) : 19 सीट
5. इंडियन नेशनल कांग्रेस (INC) : 06 सीट
#Biharelection #CurrentAffairs
📍एनडीए गठबंधन - 202 सीटों के साथ प्रचंड बहुमत
📍 महागठबंधन - महज़ 35 सीटें ही हासिल कर सकी
1. भारतीय जनता पार्टी (BJP) : 89 सीट
2. जनता दल यूनाइटेड (JDU) : 85 सीट
3. राष्ट्रीय जनता दल (RJD) : 25 सीट
4. लोक जनशक्ति पार्टी, राम विलास (LJPRV) : 19 सीट
5. इंडियन नेशनल कांग्रेस (INC) : 06 सीट
#Biharelection #CurrentAffairs
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पर्यावरणविद् और पद्म श्री पुरस्कार से सम्मानित 'सालुमरदा' थिमक्का का 114 वर्ष की आयु में निधन हो गया है। थिमक्का ने 14 नवंबर को बेंगलुरु के एक निजी अस्पताल में अंतिम सांस ली। वह अपने दिवंगत पति के साथ राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे बरगद के पेड़ लगाने और उनकी देखभाल करने के लिए जानी जाती हैं।
सालूमरदा थिमक्का (जन्म 30 जून 1911), जिन्हें आला मरदा थिमक्का के नाम से भी जाना जाता है, कर्नाटक राज्य की एक भारतीय पर्यावरणविद् हैं, जो रामनगर जिले के हुलिकल और कुदुर के बीच राजमार्ग के 4.5 किलोमीटर (2.8 मील) हिस्से पर 385 बरगद के पेड़ लगाने और उनकी देखभाल करने के अपने काम के लिए जानी जाती हैं।
★2019 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया।
#Personality #Imp_Current
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सालूमरदा थिमक्का (जन्म 30 जून 1911), जिन्हें आला मरदा थिमक्का के नाम से भी जाना जाता है, कर्नाटक राज्य की एक भारतीय पर्यावरणविद् हैं, जो रामनगर जिले के हुलिकल और कुदुर के बीच राजमार्ग के 4.5 किलोमीटर (2.8 मील) हिस्से पर 385 बरगद के पेड़ लगाने और उनकी देखभाल करने के अपने काम के लिए जानी जाती हैं।
★2019 में पद्म श्री से सम्मानित किया गया।
#Personality #Imp_Current
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पंजाब देश का पहला राज्य बन गया है जिसने संशोधित भारत नेट योजना को पूरे राज्य में लागू किया है!
43 छाया क्षेत्रों में इंटरनेट और ब्रॉडबैंड सेवाएँ पहुँच चुकी हैं और अब केवल एक गाँव शेष है, इसलिए नवंबर के अंत तक हर गाँव इस योजना के दायरे में आ जाएगा।
#Current #Fact
43 छाया क्षेत्रों में इंटरनेट और ब्रॉडबैंड सेवाएँ पहुँच चुकी हैं और अब केवल एक गाँव शेष है, इसलिए नवंबर के अंत तक हर गाँव इस योजना के दायरे में आ जाएगा।
#Current #Fact
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भारत में अमेरिका के नए राजदूत सर्जियो गोर (Sergio Gor)
नियुक्ति: उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा नामित किया गया था।
शपथ: उन्हें उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने ओवल ऑफिस में शपथ दिलाई, इस समारोह में राष्ट्रपति ट्रम्प भी मौजूद थे।
भूमिका: वह भारत में अमेरिकी राजदूत के साथ-साथ दक्षिण और मध्य एशियाई मामलों के लिए विशेष दूत (Special Envoy) के रूप में भी काम करेंगे।
#Current #Currentaffairs #Fact
नियुक्ति: उन्हें अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प द्वारा नामित किया गया था।
शपथ: उन्हें उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने ओवल ऑफिस में शपथ दिलाई, इस समारोह में राष्ट्रपति ट्रम्प भी मौजूद थे।
भूमिका: वह भारत में अमेरिकी राजदूत के साथ-साथ दक्षिण और मध्य एशियाई मामलों के लिए विशेष दूत (Special Envoy) के रूप में भी काम करेंगे।
#Current #Currentaffairs #Fact
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प्रधानमंत्री की भूटान यात्रा
1 .भारत सरकार और भूटान सरकार के बीच द्विपक्षीय समझौते के तहत निर्मित 1020 मेगावाट पुनात्सांगछु-II जलविद्युत परियोजना का उद्घाटन।
2.1200 मेगावाट पुनात्सांगछु-I जलविद्युत परियोजना की मुख्य बांध संरचना पर फिर से काम शुरू करने पर सहमति।
3. वाराणसी में भूटानी मंदिर/बौद्ध मठ और अतिथि गृह के निर्माण के लिए भूमि का अनुदान।
4. गेलेफू के पार हतिसार में आव्रजन जांच चौकी स्थापित करने का निर्णय।
5. भूटान को 4000 करोड़ रुपये की ऋण सहायता (एलओसी)
#Current #Fact #PrelimsSpecial #internationalnews
1 .भारत सरकार और भूटान सरकार के बीच द्विपक्षीय समझौते के तहत निर्मित 1020 मेगावाट पुनात्सांगछु-II जलविद्युत परियोजना का उद्घाटन।
2.1200 मेगावाट पुनात्सांगछु-I जलविद्युत परियोजना की मुख्य बांध संरचना पर फिर से काम शुरू करने पर सहमति।
3. वाराणसी में भूटानी मंदिर/बौद्ध मठ और अतिथि गृह के निर्माण के लिए भूमि का अनुदान।
4. गेलेफू के पार हतिसार में आव्रजन जांच चौकी स्थापित करने का निर्णय।
5. भूटान को 4000 करोड़ रुपये की ऋण सहायता (एलओसी)
#Current #Fact #PrelimsSpecial #internationalnews
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बाल दिवस & पं. जवाहरलाल नेहरू
प्रतिवर्ष 14 नवम्बर को भारत में बाल दिवस मनाया जाता है।
यह दिन भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू की जयंती के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।
संयुक्त राष्ट्र द्वारा वर्ष 1956 से 20 नवंबर को सार्वभौमिक बाल दिवस (Universal Children’s Day) के रूप में मनाया जाता है।
वर्ष 1964 में नेहरू की मृत्यु के बाद भारत सरकार ने उनकी जयंती को बाल दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया।
तब से हर वर्ष 14 नवंबर को भारत में बाल दिवस मनाया जाता है।
जवाहरलाल नेहरू : -
जन्म – 14 नवम्बर 1889, इलाहाबाद
कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय से प्राकृतिक विज्ञान में स्नातक
1912 – बांकीपुर कांग्रेस अधिवेशन में प्रतिनिधि के रूप में भाग लिया
1919 – इलाहाबाद होम-रूल लीग के सचिव बने
1923 – अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के महासचिव बने
1928 – ‘भारतीय स्वतंत्रता लीग’ की स्थापना की तथा महासचिव बने
उद्देश्य: भारत को ब्रिटिश शासन से पूर्णतः स्वतंत्र करना
1929 – कांग्रेस के लाहौर सत्र के अध्यक्ष बने (पुर्ण स्वराज प्रस्ताव)
1946 – अंतरिम सरकार के प्रमुख
1947 – स्वतंत्र भारत के प्रथम प्रधानमंत्री
1955 – भारत रत्न
मृत्यु – 27 मई 1964
बाल प्रेम के कारण उन्हें “चाचा नेहरू” कहा जाता था।
#Current #Fact #CurrentAffairs
प्रतिवर्ष 14 नवम्बर को भारत में बाल दिवस मनाया जाता है।
यह दिन भारत के प्रथम प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू की जयंती के उपलक्ष्य में मनाया जाता है।
संयुक्त राष्ट्र द्वारा वर्ष 1956 से 20 नवंबर को सार्वभौमिक बाल दिवस (Universal Children’s Day) के रूप में मनाया जाता है।
वर्ष 1964 में नेहरू की मृत्यु के बाद भारत सरकार ने उनकी जयंती को बाल दिवस के रूप में मनाने का निर्णय लिया।
तब से हर वर्ष 14 नवंबर को भारत में बाल दिवस मनाया जाता है।
जवाहरलाल नेहरू : -
जन्म – 14 नवम्बर 1889, इलाहाबाद
कैम्ब्रिज विश्वविद्यालय से प्राकृतिक विज्ञान में स्नातक
1912 – बांकीपुर कांग्रेस अधिवेशन में प्रतिनिधि के रूप में भाग लिया
1919 – इलाहाबाद होम-रूल लीग के सचिव बने
1923 – अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) के महासचिव बने
1928 – ‘भारतीय स्वतंत्रता लीग’ की स्थापना की तथा महासचिव बने
उद्देश्य: भारत को ब्रिटिश शासन से पूर्णतः स्वतंत्र करना
1929 – कांग्रेस के लाहौर सत्र के अध्यक्ष बने (पुर्ण स्वराज प्रस्ताव)
1946 – अंतरिम सरकार के प्रमुख
1947 – स्वतंत्र भारत के प्रथम प्रधानमंत्री
1955 – भारत रत्न
मृत्यु – 27 मई 1964
बाल प्रेम के कारण उन्हें “चाचा नेहरू” कहा जाता था।
#Current #Fact #CurrentAffairs
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सौर तूफ़ान घटना
हाल ही में संयुक्त राज्य की मौसम एजेंसी NOAA ने G4 स्तर की भू-चुंबकीय तूफ़ान चेतावनी जारी की है, जो अत्यंत गंभीर श्रेणी का संकेत है। सूर्य से उत्सर्जित तीव्र ऊर्जा विशेषकर कोरोनल मास इजेक्शन (CMEs) पृथ्वी से टकरा रही है, जिसके परिणामस्वरूप एक ओर शानदार ऑरोरा (Northern Lights) दिखाई दे रहे हैं, वहीं दूसरी ओर संचार एवं नेविगेशन प्रणालियों में अस्थायी व्यवधान की आशंका भी बनी हुई है।
सौर तूफ़ान के बारे में
सौर तूफ़ान सूर्य की सतह पर होने वाले तीव्र चुंबकीय उथल-पुथल का परिणाम होते हैं। जब ये ऊर्जा-युक्त कण पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से टकराते हैं, तो यह घटना भू-चुंबकीय तूफ़ान का रूप ले लेती है।
सौर तूफ़ानों के दो प्रमुख स्वरूप
1. कोरोनल मास इजेक्शन (CMEs)
सूर्य की सतह से प्लाज़्मा और गैस के विशाल बादल का विस्फोटक उत्सर्जन।
गति: लगभग 1.6 मिलियन km/h या अधिक।
पृथ्वी तक पहुँचने का समय: 15 घंटे से लेकर 2–3 दिनों तक।
2. सौर ज्वाला (Solar Flares)
सूर्य से निकलने वाली तीव्र विद्युत-चुंबकीय चमक।
गति: प्रकाश की गति, लगभग 8 मिनट में पृथ्वी तक पहुँचती है।
अवधि: कुछ मिनटों से लेकर कई घंटों तक।
दोनों घटनाएँ सूर्य के चुंबकीय क्षेत्र में बदलाव (Magnetic Realignment) के कारण उत्पन्न होती हैं और कभी-कभी संयुक्त रूप से भी होती हैं।
#Current #Fact #CurrentAffairs
@SecurePcs
हाल ही में संयुक्त राज्य की मौसम एजेंसी NOAA ने G4 स्तर की भू-चुंबकीय तूफ़ान चेतावनी जारी की है, जो अत्यंत गंभीर श्रेणी का संकेत है। सूर्य से उत्सर्जित तीव्र ऊर्जा विशेषकर कोरोनल मास इजेक्शन (CMEs) पृथ्वी से टकरा रही है, जिसके परिणामस्वरूप एक ओर शानदार ऑरोरा (Northern Lights) दिखाई दे रहे हैं, वहीं दूसरी ओर संचार एवं नेविगेशन प्रणालियों में अस्थायी व्यवधान की आशंका भी बनी हुई है।
सौर तूफ़ान के बारे में
सौर तूफ़ान सूर्य की सतह पर होने वाले तीव्र चुंबकीय उथल-पुथल का परिणाम होते हैं। जब ये ऊर्जा-युक्त कण पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र से टकराते हैं, तो यह घटना भू-चुंबकीय तूफ़ान का रूप ले लेती है।
सौर तूफ़ानों के दो प्रमुख स्वरूप
1. कोरोनल मास इजेक्शन (CMEs)
सूर्य की सतह से प्लाज़्मा और गैस के विशाल बादल का विस्फोटक उत्सर्जन।
गति: लगभग 1.6 मिलियन km/h या अधिक।
पृथ्वी तक पहुँचने का समय: 15 घंटे से लेकर 2–3 दिनों तक।
2. सौर ज्वाला (Solar Flares)
सूर्य से निकलने वाली तीव्र विद्युत-चुंबकीय चमक।
गति: प्रकाश की गति, लगभग 8 मिनट में पृथ्वी तक पहुँचती है।
अवधि: कुछ मिनटों से लेकर कई घंटों तक।
दोनों घटनाएँ सूर्य के चुंबकीय क्षेत्र में बदलाव (Magnetic Realignment) के कारण उत्पन्न होती हैं और कभी-कभी संयुक्त रूप से भी होती हैं।
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