🔳 चोल काल के प्रमुख कर
◼️ वेट्टि : सार्वजनिक कार्य हेतु बेगार
◼️ ऐरिआयम : जलाशय कर
◼️ पाडिकावल : ग्राम सुरक्षा कर
◼️ मरमज्जाडि : उपयोगी वृक्षकर
◼️ मनैइरै : गृहकर
◼️ कढ़ेइरे : व्यापारिक प्रतिष्ठान पर कर
◼️ मगम्मै : शिल्पकारों पर लगा कर
◼️ कडमै : सुपाड़ी के बगान पर कर
◼️ पेवरि : तेलघानी कर
◼️ तट्टोलि : सुनारों से लिया गया कर
🔳 अर्थशास्त्र में वर्णित 18 तीर्थ :–
1. मंत्री - प्रधानमंत्री
2. पुरोहित - धर्म एवं दान-विभाग का प्रधान
3. सेनापति - सैन्य विभाग का प्रधान
4. युवराज - राजपुत्र
5. दौवारिक - राजकीय द्वार-रक्षक
6. अन्तर्वेदिक - अन्तःपुर का अध्यक्ष
7. समाहर्ता - आय का संग्रहकर्त्ता
8. सन्निधाता - राजकीय कोषाध्यक्ष
9. प्रशास्ता - कारागार का अध्यक्ष
10. प्रदेष्ट्रि - कमिश्नर
11. पौर - नगर का कोतवाल
12. व्यवहारिक - प्रमुख न्यायाधीश
13. नायक - नगर-रक्षा का अध्यक्ष
14. कर्मान्तिक - उद्योगों एवं कारखानों का अध्यक्ष
15. मंत्रिपरिषद् - अध्यक्ष
16. दण्डपाल - सेना का सामान एकत्र करनेवाला
17. दुर्गपाल - दुर्ग-रक्षक
18. अंतपाल - सीमावर्ती दुर्गों का रक्षक
1. मंत्री - प्रधानमंत्री
2. पुरोहित - धर्म एवं दान-विभाग का प्रधान
3. सेनापति - सैन्य विभाग का प्रधान
4. युवराज - राजपुत्र
5. दौवारिक - राजकीय द्वार-रक्षक
6. अन्तर्वेदिक - अन्तःपुर का अध्यक्ष
7. समाहर्ता - आय का संग्रहकर्त्ता
8. सन्निधाता - राजकीय कोषाध्यक्ष
9. प्रशास्ता - कारागार का अध्यक्ष
10. प्रदेष्ट्रि - कमिश्नर
11. पौर - नगर का कोतवाल
12. व्यवहारिक - प्रमुख न्यायाधीश
13. नायक - नगर-रक्षा का अध्यक्ष
14. कर्मान्तिक - उद्योगों एवं कारखानों का अध्यक्ष
15. मंत्रिपरिषद् - अध्यक्ष
16. दण्डपाल - सेना का सामान एकत्र करनेवाला
17. दुर्गपाल - दुर्ग-रक्षक
18. अंतपाल - सीमावर्ती दुर्गों का रक्षक
42वें संविधान संशोधन
इस संशोधन के तहत 7वीं अनुसूची के अन्तगर्त समवर्ती सूची में राज्य सूची से 5 विषय शामिल किए गए।
(1) शिक्षा
(2) वन
(3) वजन और माप
(4) वन्यजीवों एवं पंक्षियों का संरक्षण
(5) न्याय प्रशासन
प्रस्तावना में तीन शब्द समाजवादी, पंथनिरपेक्ष और अखण्डता शब्द जोड़े गए।
42वाँ संशोधन द्वारा नीति निर्देशक तत्वो में (अनुच्छेद 39 (क), (43 (क) तथा 48 (क) को शामिल किया गया।
नया भाग IV (A) जोड़ा गया, जिसमें नागरिकों के लिए 10 मौलिक कर्त्तव्य जोड़े गए। 11वाँ मौलिक कर्त्तव्य 86वें संविधान संशोधन अधिनियम (2002) द्वारा जोड़ा गया था, एवं माता-पिता या संरक्षक द्वारा 6 से 14 वर्ष के बच्चों के लिए अनिवार्य एवं निःशुल्क शिक्षा का प्रावधान किया गया ।
अनुच्छेद 74(1) में संशोधन किया गया, जिसके अनुसार कैबिनेट की सलाह मानने के लिए राष्ट्रपति को बाध्य किया गया। 44वाँ
संशोधन द्वारा यह प्रावधान किया गया कि राष्ट्रपति कैबिनेट की सलाह को एक बार पुनर्विचार के लिए भेज सकते हैं किन्तु पुनर्विचार के पश्चात् दी गई राय राष्ट्रपति के लिए बाध्यकारी होगी।
किसी राज्य में राष्ट्रपति शासन की अवधि को एक बार में 6 माह से बढ़ाकर एक वर्ष कर दिया गया।
लोकसभा और विधानसभा के कार्यकाल को 5 वर्ष से बढ़ाकर 6 वर्ष कर दी गई किन्तु 44वाँ संविधान संशोधन द्वारा पुनः कार्यकाल 5 वर्ष कर दिया गया।
संसद एवं विधानसभाओं से कोरम की आवश्यकता की समाप्ति की गई जिसे 44 वाँ संशोधन द्वारा कोरम की व्यवस्था को पूर्ववत् रखा गया।
42वाँ संविधान संशोधन को लघु संविधान के रूप में जाना जाता है तथा इसने स्वर्ण सिंह समिति की सिफारिशों को प्रभावी बनाया
इस संशोधन के तहत 7वीं अनुसूची के अन्तगर्त समवर्ती सूची में राज्य सूची से 5 विषय शामिल किए गए।
(1) शिक्षा
(2) वन
(3) वजन और माप
(4) वन्यजीवों एवं पंक्षियों का संरक्षण
(5) न्याय प्रशासन
प्रस्तावना में तीन शब्द समाजवादी, पंथनिरपेक्ष और अखण्डता शब्द जोड़े गए।
42वाँ संशोधन द्वारा नीति निर्देशक तत्वो में (अनुच्छेद 39 (क), (43 (क) तथा 48 (क) को शामिल किया गया।
नया भाग IV (A) जोड़ा गया, जिसमें नागरिकों के लिए 10 मौलिक कर्त्तव्य जोड़े गए। 11वाँ मौलिक कर्त्तव्य 86वें संविधान संशोधन अधिनियम (2002) द्वारा जोड़ा गया था, एवं माता-पिता या संरक्षक द्वारा 6 से 14 वर्ष के बच्चों के लिए अनिवार्य एवं निःशुल्क शिक्षा का प्रावधान किया गया ।
अनुच्छेद 74(1) में संशोधन किया गया, जिसके अनुसार कैबिनेट की सलाह मानने के लिए राष्ट्रपति को बाध्य किया गया। 44वाँ
संशोधन द्वारा यह प्रावधान किया गया कि राष्ट्रपति कैबिनेट की सलाह को एक बार पुनर्विचार के लिए भेज सकते हैं किन्तु पुनर्विचार के पश्चात् दी गई राय राष्ट्रपति के लिए बाध्यकारी होगी।
किसी राज्य में राष्ट्रपति शासन की अवधि को एक बार में 6 माह से बढ़ाकर एक वर्ष कर दिया गया।
लोकसभा और विधानसभा के कार्यकाल को 5 वर्ष से बढ़ाकर 6 वर्ष कर दी गई किन्तु 44वाँ संविधान संशोधन द्वारा पुनः कार्यकाल 5 वर्ष कर दिया गया।
संसद एवं विधानसभाओं से कोरम की आवश्यकता की समाप्ति की गई जिसे 44 वाँ संशोधन द्वारा कोरम की व्यवस्था को पूर्ववत् रखा गया।
42वाँ संविधान संशोधन को लघु संविधान के रूप में जाना जाता है तथा इसने स्वर्ण सिंह समिति की सिफारिशों को प्रभावी बनाया
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🔳भारत आने वाले प्रमुख विदेशी यात्री
▪️एंथोनी मोनसेरेट पुर्तगाली पुजारी
यात्रा काल: 1578-1582 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): अकबर
▪️राल्फ फिच (प्रथम अंग्रेज यात्री)
यात्रा काल: 1585-1591 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश):
▪️कैप्टन हॉकिन्स (अंग्रेजी यात्री)
यात्रा काल: 1608-1613 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगी
▪️जॉन जर्दन (पुर्तगाली)
यात्रा काल: 1608-1617 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️निकोलस डाउटन (अंग्रेजी नौसेना अधिकारी)
यात्रा काल: 1608-1615 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️सर थॉमस रो (अंग्रेजी राजदूत)
यात्रा काल: 1615-1619 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️फ़्रांसिस्को पेलेसर्ट (डच)
यात्रा काल: 1620-1627 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): जहांगीर
▪️पीटर मुंडी (इटली)
यात्रा काल: 1630-1634 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): शाहजहां
▪️टैवर्नियर (फ्रांसीसी जौहरी)
यात्रा काल: 1641-1687 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): शाहजहां और औरंगजेब
▪️मनुची (इटली)
यात्रा काल: 1656-1687 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): औरंगजेब
▪️बर्नियर (फ्रांसीसी चिकित्सक)
यात्रा काल: 1658-1668 ई
शासनकाल के तहत (शासक या राजवंश): औरंगजेब
विजयनगर साम्राज्य का दौरा करने वाले विदेशी यात्रियों और उनके तत्कालीन शासकों की सूची इस प्रकार है:
निकोलो कोंटी (इटली) देवराय प्रथम
निकितिन (रूस)देवराय प्रथम
अब्दुर्रज्जाक (फ़ारस) देवराय द्वितीय
बारबोसा (पुर्तगाल) कृष्णदेवराय
डोमिंगो पायस (पुर्तगाल) कृष्णदेवराय
फर्नाडिस नूनीज (पुर्तगाल) अच्युत देवराय
सीज़र फ्रेडरिक (इटली) सदाशिव राय
निकोलो कोंटी (इटली) देवराय प्रथम
निकितिन (रूस)देवराय प्रथम
अब्दुर्रज्जाक (फ़ारस) देवराय द्वितीय
बारबोसा (पुर्तगाल) कृष्णदेवराय
डोमिंगो पायस (पुर्तगाल) कृष्णदेवराय
फर्नाडिस नूनीज (पुर्तगाल) अच्युत देवराय
सीज़र फ्रेडरिक (इटली) सदाशिव राय
🟧 अंग्रेज-मराठा संघर्ष के अन्तर्गत होने वाली प्रमुख संधियाँ
▪️सूरत की संधि - 1775
▪️पुरन्दर की संधि -1776
▪️बड़गाँव की संधि-1779
▪️सालाबाई की संधि-1782
▪️बसीन की संधि-1802
▪️देवगाँव की संधि -1803
▪️सुर्जी अर्जुनगाँव की संधि -1803
▪️राजापुर घाट की संधि -1804
▪️नागपुर की संधि -1816
▪️ग्वालियर की संधि -1817
▪️पूना की संधि -1817
▪️मंदसौर की संधि -1818
◽️ प्रथम अंगल मराठा युद्ध -
1782 ई. में सालबाई की संधि से समाप्त हुआ
◽️ द्वितीय आंग्ल मराठा युद्ध -
1803 से 1805 तक लड़ा गया यह 1803 में देवगांव की संधि से समाप्त हुआ
◽️ तृतीय अंगल मराठा युद्ध -
1817 1819 में लड़ा गया और इसके द्वारा मराठा शक्ति और
पेशवा के वंशानुगत पद को खत्म कर दिया गया
▪️सूरत की संधि - 1775
▪️पुरन्दर की संधि -1776
▪️बड़गाँव की संधि-1779
▪️सालाबाई की संधि-1782
▪️बसीन की संधि-1802
▪️देवगाँव की संधि -1803
▪️सुर्जी अर्जुनगाँव की संधि -1803
▪️राजापुर घाट की संधि -1804
▪️नागपुर की संधि -1816
▪️ग्वालियर की संधि -1817
▪️पूना की संधि -1817
▪️मंदसौर की संधि -1818
◽️ प्रथम अंगल मराठा युद्ध -
1782 ई. में सालबाई की संधि से समाप्त हुआ
◽️ द्वितीय आंग्ल मराठा युद्ध -
1803 से 1805 तक लड़ा गया यह 1803 में देवगांव की संधि से समाप्त हुआ
◽️ तृतीय अंगल मराठा युद्ध -
1817 1819 में लड़ा गया और इसके द्वारा मराठा शक्ति और
पेशवा के वंशानुगत पद को खत्म कर दिया गया
ईरान (Iran) पश्चिम एशिया में स्थित एक देश है और इसकी सीमाएँ कुल 7 देशों से मिलती हैं।
🌍 ईरान से सीमा साझा करने वाले देश:
इराक (Iraq) – पश्चिम में
तुर्की (Turkey) – उत्तर-पश्चिम में
आर्मेनिया (Armenia) – उत्तर-पश्चिम में
अज़रबैजान (Azerbaijan) – उत्तर में
तुर्कमेनिस्तान (Turkmenistan) – उत्तर-पूर्व में
अफगानिस्तान (Afghanistan) – पूर्व में
पाकिस्तान (Pakistan) – दक्षिण-पूर्व में
🌍 ईरान से सीमा साझा करने वाले देश:
इराक (Iraq) – पश्चिम में
तुर्की (Turkey) – उत्तर-पश्चिम में
आर्मेनिया (Armenia) – उत्तर-पश्चिम में
अज़रबैजान (Azerbaijan) – उत्तर में
तुर्कमेनिस्तान (Turkmenistan) – उत्तर-पूर्व में
अफगानिस्तान (Afghanistan) – पूर्व में
पाकिस्तान (Pakistan) – दक्षिण-पूर्व में
72 bpsc pt current affairs
हाल के दिनों में चर्चा में रहे भारत द्वारा चलाए गए प्रमुख ऑपरेशन
▫️ऑपरेशन दोस्त – तुर्की
▫️ऑपरेशन कावेरी – सूडान
▫️ऑपरेशन करुणा – म्यांमार
▫️ऑपरेशन सर्वशक्ति – जम्मू और कश्मीर में आतंकवाद विरोधी प्रयास
▫️ऑपरेशन इंद्रावती – चाड से भारतीयों की निकासी
▫️ऑपरेशन संकट मोचन– पश्चिम एशिया में बचाव प्रयास
▫️ऑपरेशन समुद्र सेतु II – कोविड के बाद चिकित्सा सहायता
▫️ऑपरेशन सद्भाव – म्यांमार, लाओस और वियतनाम में तूफान राहत प्रयास
▫️ऑपरेशन ब्रह्मा – म्यांमार को मानवीय सहायता
▫️ऑपरेशन अजय – इज़राइल और फिलिस्तीन से निकासी
▫️ऑपरेशन मेघ राहत – उत्तर-पूर्वी भारत में बाढ़ राहत
▫️ऑपरेशन नारी शक्ति – खाड़ी देशों में फँसी हुई महिला श्रमिकों का बचाव
▫️ऑपरेशन दोस्त – तुर्की
▫️ऑपरेशन कावेरी – सूडान
▫️ऑपरेशन करुणा – म्यांमार
▫️ऑपरेशन सर्वशक्ति – जम्मू और कश्मीर में आतंकवाद विरोधी प्रयास
▫️ऑपरेशन इंद्रावती – चाड से भारतीयों की निकासी
▫️ऑपरेशन संकट मोचन– पश्चिम एशिया में बचाव प्रयास
▫️ऑपरेशन समुद्र सेतु II – कोविड के बाद चिकित्सा सहायता
▫️ऑपरेशन सद्भाव – म्यांमार, लाओस और वियतनाम में तूफान राहत प्रयास
▫️ऑपरेशन ब्रह्मा – म्यांमार को मानवीय सहायता
▫️ऑपरेशन अजय – इज़राइल और फिलिस्तीन से निकासी
▫️ऑपरेशन मेघ राहत – उत्तर-पूर्वी भारत में बाढ़ राहत
▫️ऑपरेशन नारी शक्ति – खाड़ी देशों में फँसी हुई महिला श्रमिकों का बचाव
✅India gender budget 2005-06
✅Bihar gender budget 2008-09
✅Bihar Bal budget 2013-14
✅Bihar green budget 2020-21
✅Indian economy survey 1951-52
✅Bihar economy survey 2006-07
✅Bihar gender budget 2008-09
✅Bihar Bal budget 2013-14
✅Bihar green budget 2020-21
✅Indian economy survey 1951-52
✅Bihar economy survey 2006-07
बिहार के प्रमुख थर्मल पॉवर स्टेशन
बरौनी ताप विद्युत संयंत्र – बेगूसराय
कांटी विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड – मुज़फ़्फ़रपुर
नबीनगर ताप विद्युत संयंत्र – औरंगाबाद
औरंगाबाद ताप विद्युत परियोजना – औरंगाबाद
कहलगाँव ताप विद्युत परियोजना – भागलपुर
🔳 भारत के प्रमुख पर्यावरण कानूनों की सूची
■ भारतीय वन अधिनियम, 1927
■ भारतीय वन्य जीव संरक्षण अधिनियम, 1972
■ जल संरक्षण एवं प्रदूषण अधिनियम, 1974
■ वन संरक्षण अधिनियम, 1980
■ वायु संरक्षण एवं प्रदूषण अधिनियम, 1981
■ पर्यावरण संरक्षण अधिनियम, 1986
■ जैव विविधता अधिनियम, 2002
■ वन अधिकार अधिनियम, 2006
■ राष्ट्रीय हरित अधिकरण अधिनियम, 2010