सिक्ख गुरू ..........
🌿 गुरू नानक देव जी - 1469 - 1539 ई. ( संगत का सकल्प , लंगर की संस्था )
🌿 गुरू अंगद देव जी - 1504 - 1552 ई. ( गुरू मुखी लिपि को लोकप्रिय बनाना , लंगर प्रथा का विस्तार , उदासी मत का खण्डन , गोइंदवाल साहिब की स्थापना )
🌿 गुरू अमरदास जी - 1479 - 1574 ई. ( गोइंदवाल साहिब में बाऊली का निर्माण , मंजी प्रथा )
🌿 गुरू रामदास जी - 1534 - 1581 ई. ( रामदासपुरा की स्थापना , मसन्द प्रथा का आरम्भ , अकबर के साथ मैत्रीपूर्ण सम्बन्ध )
🌿 गुरू अर्जुन देव जी - 1563 - 1606 ई. ( हरिमन्दिर साहिब का निर्माण , तरनतारन की स्थापना , करतारपुर एवं हरगोबिन्द पुर की स्थापना , आदि ग्रन्थ साहिब का संकलन , अमृतसर की स्थापना )
🌿 गुरू हरिगोबिन्द जी - 1595 - 1645 ई. ( मीरी तथा पीरी तलवारें धारण करना , अकाल तख्त का निर्माण )
🌿 गुरू हर राय - 1630 - 1661 ई. ( दारा की सहायता )
🌿 गुरू हरकृष्ण - 1656 - 1664 ई. ( बाबा - बकाला का उच्चारण )
🌿 गुरू तेग बहादुर जी - 1621 - 1675 ई. ( कश्मीरी पण्डितों की पुकार पर .... बलिदान ( हिंद की चादर ..... भी कहा जाता है )
🌿 गुरू गोबिन्द सिंह - 1666 - 1708 ई. ( खालसा पंथ का सृजन ......
जापु साहिब , बचित्र नाटक , जफरनामा , चण्डी दी वार , अकाल उस्तति प्रमुख रचनाएं
( Note ...... Most important )
🌿 गुरू नानक देव जी - 1469 - 1539 ई. ( संगत का सकल्प , लंगर की संस्था )
🌿 गुरू अंगद देव जी - 1504 - 1552 ई. ( गुरू मुखी लिपि को लोकप्रिय बनाना , लंगर प्रथा का विस्तार , उदासी मत का खण्डन , गोइंदवाल साहिब की स्थापना )
🌿 गुरू अमरदास जी - 1479 - 1574 ई. ( गोइंदवाल साहिब में बाऊली का निर्माण , मंजी प्रथा )
🌿 गुरू रामदास जी - 1534 - 1581 ई. ( रामदासपुरा की स्थापना , मसन्द प्रथा का आरम्भ , अकबर के साथ मैत्रीपूर्ण सम्बन्ध )
🌿 गुरू अर्जुन देव जी - 1563 - 1606 ई. ( हरिमन्दिर साहिब का निर्माण , तरनतारन की स्थापना , करतारपुर एवं हरगोबिन्द पुर की स्थापना , आदि ग्रन्थ साहिब का संकलन , अमृतसर की स्थापना )
🌿 गुरू हरिगोबिन्द जी - 1595 - 1645 ई. ( मीरी तथा पीरी तलवारें धारण करना , अकाल तख्त का निर्माण )
🌿 गुरू हर राय - 1630 - 1661 ई. ( दारा की सहायता )
🌿 गुरू हरकृष्ण - 1656 - 1664 ई. ( बाबा - बकाला का उच्चारण )
🌿 गुरू तेग बहादुर जी - 1621 - 1675 ई. ( कश्मीरी पण्डितों की पुकार पर .... बलिदान ( हिंद की चादर ..... भी कहा जाता है )
🌿 गुरू गोबिन्द सिंह - 1666 - 1708 ई. ( खालसा पंथ का सृजन ......
जापु साहिब , बचित्र नाटक , जफरनामा , चण्डी दी वार , अकाल उस्तति प्रमुख रचनाएं
( Note ...... Most important )
👍5❤2🙏1
वैदिककाल में समन अथवा समज्या का संबंध था ?
Anonymous Quiz
10%
शिल्पकारी
42%
व्यापार व्यवस्था
25%
स्वयंवर
22%
पारम्परिक उत्सव
👍7
निम्नलिखित में से पाल व प्रतिहार शासन काल में " पट्टला " क्या था ?
Anonymous Quiz
4%
एक अधिकारी
33%
भू - राजस्व
33%
एक सैनिक टुकङी
26%
एक प्रशासनिक इकाई
4%
मुद्रा
👍2🔥2
निम्नलिखित में से किसने सती प्रथा की आलोचना नही की है ?
Anonymous Quiz
23%
मेधातिथि
34%
बाणभट्ट
30%
अंगिरस
13%
देवण्णभट्ट
𝐇𝐢𝐬𝐭𝐨𝐫𝐲 𝐒𝐭𝐮𝐝𝐲 𝐓𝐢𝐦𝐞 ᵁᵍᶜ ⁿᵉᵗ ᴿᵖˢᶜ ᶠⁱʳˢᵗ ᴳʳᵃᵈᵉ
निम्नलिखित में से किसने सती प्रथा की आलोचना नही की है ?
🌿 अंगिरस , हारीत , अपरार्क , विज्ञानेश्वर ..... सती प्रथा की प्रशंसा की .
🌿 बाणभट्ट , मेधातिथि , देवण्णभट्ट ..... सती प्रथा की निंदा की .
🌿 बाणभट्ट , मेधातिथि , देवण्णभट्ट ..... सती प्रथा की निंदा की .
🔥6❤4
𝐇𝐢𝐬𝐭𝐨𝐫𝐲 𝐒𝐭𝐮𝐝𝐲 𝐓𝐢𝐦𝐞 ᵁᵍᶜ ⁿᵉᵗ ᴿᵖˢᶜ ᶠⁱʳˢᵗ ᴳʳᵃᵈᵉ
पुस्तक ( मलयालम भाषा में )
🌿 माधव पाणिक्कर ..... भगवत् गीता
🌿 शंकर पाणिक्कर ..... भारतमाला , श्रीकृष्ण विजय
🌿 राम पाणिक्कर ..... रामायण , महाभारत , महाभागवत , शिवरात्रि महात्मयम
🌿 चेरूस्सेरी ..... कृष्णगाथा
🌿 माधव पाणिक्कर ..... भगवत् गीता
🌿 शंकर पाणिक्कर ..... भारतमाला , श्रीकृष्ण विजय
🌿 राम पाणिक्कर ..... रामायण , महाभारत , महाभागवत , शिवरात्रि महात्मयम
🌿 चेरूस्सेरी ..... कृष्णगाथा
🔥6
निमनलिखित में से कौन संगमकालीन पांड्यों के प्रमुख एवं पत्तन थे ?
A.) कोरकै B.) मदुरै C.) पुहार D.) उरैयूर
A.) कोरकै B.) मदुरै C.) पुहार D.) उरैयूर
Anonymous Quiz
18%
1.) A और B
23%
2.) B और D
33%
3.) A , B और C
26%
4.) B , C और D
👍4
निम्नलिखित में से किस पुस्तक में अशोक को शिव का उपासक बताया गया है ?
Anonymous Quiz
15%
ललितविस्तार
24%
मुद्राराक्षस
15%
नीतिसार
38%
राजतरंगिणी
8%
महावंश
🔥1😱1
निम्न में से पुराणों में " द्विजर्षभ " किसे कहा गया है ?
Anonymous Quiz
25%
चंद्रगुप्त मौर्य
20%
अशोक
37%
चाणक्य
11%
पंतजलि
6%
समुद्रगुप्त
🔥3
कौटिल्य के अर्थशास्त्र में उल्लिखित " संस्था " शब्द का सम्बन्ध है ?
Anonymous Quiz
17%
वित्तीय प्रशासन से
58%
गुप्तचर व्यवस्था से
20%
न्याय प्रशासन से
5%
कर व्यवस्था से
निम्नलिखित में से मौर्य प्रशासन में " सन्निधता " किस विभाग का प्रभारी था ?
Anonymous Quiz
59%
कोषाध्यक्ष
17%
युद्ध विभाग का मंत्री
15%
सेना का संचालक
6%
वन विभाग का प्रधान
3%
दुर्गों का प्रबंधक
❤3👍2
Forwarded from पण्डित पुष्यमित्र शुंग
इतिहास दर्शन कथन
हम शायद एक ऐसे युग की दहलीज पर खड़े हैं जिसमें दुनिया के लिए इतिहास उतना ही महत्वपूर्ण होगा जितना कि 1600 और 1900 के बीच प्राकृतिक विज्ञान था
आर जी कोलिंगवुड
ऐतिहासिक तथ्य एक प्रकार का अनुमान होता है
एलन बुलाक
एक तथ्य साधारण सा स्वयं व्यवस्थित सिद्धांत होता है जिस की विश्वसनीयता के विषय में गंभीर संदेह ना हो।
प्रो वाल्श
सभी इतिहास विचारों का इतिहास है, अतएव तथ्य कुछ नहीं होते अपितु सब कुछ उनकी व्याख्या ही होती हैं।
आर जी कालिंगवुड़
इतिहासकार का इतिहास ही उसकी व्याख्या होती है।
जी आर एल्टन
मूल्यों के संदर्भ के बिना कारण कार्य संबंधों की खोज असंभव है, कारणों की खोज के पीछे प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से मूल्यों की खोज आवश्यक होती है।
मानेके
https://t.me/sumitpandey219
हम शायद एक ऐसे युग की दहलीज पर खड़े हैं जिसमें दुनिया के लिए इतिहास उतना ही महत्वपूर्ण होगा जितना कि 1600 और 1900 के बीच प्राकृतिक विज्ञान था
आर जी कोलिंगवुड
ऐतिहासिक तथ्य एक प्रकार का अनुमान होता है
एलन बुलाक
एक तथ्य साधारण सा स्वयं व्यवस्थित सिद्धांत होता है जिस की विश्वसनीयता के विषय में गंभीर संदेह ना हो।
प्रो वाल्श
सभी इतिहास विचारों का इतिहास है, अतएव तथ्य कुछ नहीं होते अपितु सब कुछ उनकी व्याख्या ही होती हैं।
आर जी कालिंगवुड़
इतिहासकार का इतिहास ही उसकी व्याख्या होती है।
जी आर एल्टन
मूल्यों के संदर्भ के बिना कारण कार्य संबंधों की खोज असंभव है, कारणों की खोज के पीछे प्रत्यक्ष या परोक्ष रूप से मूल्यों की खोज आवश्यक होती है।
मानेके
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Telegram
इतिहास ज्ञान गंगा
💐 PGT/TGT/UGC NET/UPSC इतिहास की तैयारी करने वाले सभी चैनल को ज्वाइन करे।
💐इतिहास विषय के पिछले वर्षों में आए प्रश्न शेयर किए जाएंगे।
owner – @Sumit219
https://t.me/+bqS2kyNkG6I4ZWVl
💐इतिहास विषय के पिछले वर्षों में आए प्रश्न शेयर किए जाएंगे।
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👍1
✍"
हिन्दू समाज एक ऐसी मीनार के समान है जिसमें अनेक मंजिले है;पर उनमें प्रवेश के लिए कोई द्वार नहीं है। व्यक्ति उसी मंजिल में दम तोड़ेगा जिसमें वह पैदा हुआ।"
उपरोक्त कथन है?
हिन्दू समाज एक ऐसी मीनार के समान है जिसमें अनेक मंजिले है;पर उनमें प्रवेश के लिए कोई द्वार नहीं है। व्यक्ति उसी मंजिल में दम तोड़ेगा जिसमें वह पैदा हुआ।"
उपरोक्त कथन है?
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