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• 1 सर्च इंजन क्या है?
• 2 सर्च इंजन कितने तरह का होता है?
o 2.1 Crawler-Based Search Engines
o 2.2 Web Directories
o 2.3 Hybrid Search Engines
o 2.4 Meta Search Engines
o 2.5 Some Other Search Engines
• 3 Most Popular Search Engines
• 4 You May Also Read
• 5 Conclusion Search Engine
• 1 सर्च इंजन क्या है?
• 2 सर्च इंजन कितने तरह का होता है?
o 2.1 Crawler-Based Search Engines
o 2.2 Web Directories
o 2.3 Hybrid Search Engines
o 2.4 Meta Search Engines
o 2.5 Some Other Search Engines
• 3 Most Popular Search Engines
• 4 You May Also Read
• 5 Conclusion Search Engine
सर्च इंजन क्या है?
सर्च इंजन क्या है? इसके बारें में एक डिटेल पोस्ट पब्लिश किया जा चुका है. सर्च इंजन एक इंटरनेट बेस्ड सॉफ्टवेयर है जो यूजर को इंटरनेट पर मौजूद जानकारी से सही और सटीक जानकारी ढूंढ कर देने में मदद करता है. वास्तव में सर्च इंजन के पास कोई डाटा नहीं होता है. यह मौजूद जानकारी में से सही जानकारी इकठ्ठा कर देने का काम करती है. इन जानकारी को इकट्ठा करने के लिए सर्च इंजन बोट और क्रॉलर हमेशा काम करते रहते हैं. सर्च इंजन इन जानकारी को कई पारा मीटर पर चेक करने के बाद इसे SERP में जगह देती है.
सर्च इंजन क्या है? इसके बारें में एक डिटेल पोस्ट पब्लिश किया जा चुका है. सर्च इंजन एक इंटरनेट बेस्ड सॉफ्टवेयर है जो यूजर को इंटरनेट पर मौजूद जानकारी से सही और सटीक जानकारी ढूंढ कर देने में मदद करता है. वास्तव में सर्च इंजन के पास कोई डाटा नहीं होता है. यह मौजूद जानकारी में से सही जानकारी इकठ्ठा कर देने का काम करती है. इन जानकारी को इकट्ठा करने के लिए सर्च इंजन बोट और क्रॉलर हमेशा काम करते रहते हैं. सर्च इंजन इन जानकारी को कई पारा मीटर पर चेक करने के बाद इसे SERP में जगह देती है.
Search Engine क्या है और कैसे काम करता है?
सर्च इंजन कितने तरह का होता है?
सर्च इंजन मुख्यतः चार प्रकार के होते हैं.
1. Crawler-Based Search Engines
2. Web Directories
3. Hybrid Search Engines
4. Meta Search Engines
Crawler-Based Search Engines
यह सर्च इंजन में crawler या bot का उपयोग करता है. इसमें crawling, indexing, और ranking जैसे steps follow किया जाता है जिसके बारे में पिछले पोस्ट में बात की गई है. Google, Yahoo!, Bing, DuckDuckGo, Yandex और Ask इसी तरह का सर्च इंजन है.
सर्च इंजन कितने तरह का होता है?
सर्च इंजन मुख्यतः चार प्रकार के होते हैं.
1. Crawler-Based Search Engines
2. Web Directories
3. Hybrid Search Engines
4. Meta Search Engines
Crawler-Based Search Engines
यह सर्च इंजन में crawler या bot का उपयोग करता है. इसमें crawling, indexing, और ranking जैसे steps follow किया जाता है जिसके बारे में पिछले पोस्ट में बात की गई है. Google, Yahoo!, Bing, DuckDuckGo, Yandex और Ask इसी तरह का सर्च इंजन है.
Web Directories
यह डायरेक्टरी सिस्टम है जहाँ कई सारे websites की link और उसके बारे में जानकारी दी जाती है। इसमें websites को अलग-अलग categories के अनुसार list बना कर दिखाया जाता है। इस डायरेक्टरी में वेबसाइट को register करने लिए website owner साईट category और short description के साथ लिंक सबमिट करता है.
यहाँ सभी काम मैन्युअली किया जाता है कोई automatic system काम नहीं करता है. सबमिट किये गये साईट को editor द्वारा manually review किया जाता है और डायरेक्टरी के नियमो के अनुसार सही पाए जाने पर add कर दिया जाता है. अन्यथा reject कर दिया जाता है। कुछ ऐसी भी वेबसाइट है जहाँ मैन्युअल रिव्यु जरूरत नहीं है. यहाँ सबमिट करते ही साइट सबमिट हो जाता है.
यह डायरेक्टरी सिस्टम है जहाँ कई सारे websites की link और उसके बारे में जानकारी दी जाती है। इसमें websites को अलग-अलग categories के अनुसार list बना कर दिखाया जाता है। इस डायरेक्टरी में वेबसाइट को register करने लिए website owner साईट category और short description के साथ लिंक सबमिट करता है.
यहाँ सभी काम मैन्युअली किया जाता है कोई automatic system काम नहीं करता है. सबमिट किये गये साईट को editor द्वारा manually review किया जाता है और डायरेक्टरी के नियमो के अनुसार सही पाए जाने पर add कर दिया जाता है. अन्यथा reject कर दिया जाता है। कुछ ऐसी भी वेबसाइट है जहाँ मैन्युअल रिव्यु जरूरत नहीं है. यहाँ सबमिट करते ही साइट सबमिट हो जाता है.
Top 10 most Popular Website in India
साइट सबमिट होने के बाद इसे सर्च करने के लिए यहाँ एक search box होता है जिसमें वेबसाइट को ढूँढा जाता है. सर्च किये गए कीवर्ड के अनुसार डायरेक्टरी साइट अपने डेटाबेस में हैडिंग, डिस्क्रिप्शन चेक कर सही साइट रिजल्ट में दिखता है. यहाँ भी प्रीमियम साइट मतलब जिसने पेड सब्सक्रिप्शन लिया है उसे ऊपर दिखाता है. A1WebDirectory, Blogarama, 9sites ये सभी डायरेक्टरी साइट के लिस्ट में आता है.
साइट सबमिट होने के बाद इसे सर्च करने के लिए यहाँ एक search box होता है जिसमें वेबसाइट को ढूँढा जाता है. सर्च किये गए कीवर्ड के अनुसार डायरेक्टरी साइट अपने डेटाबेस में हैडिंग, डिस्क्रिप्शन चेक कर सही साइट रिजल्ट में दिखता है. यहाँ भी प्रीमियम साइट मतलब जिसने पेड सब्सक्रिप्शन लिया है उसे ऊपर दिखाता है. A1WebDirectory, Blogarama, 9sites ये सभी डायरेक्टरी साइट के लिस्ट में आता है.
Hybrid Search Engines
यह क्रॉलर और डायरेक्टरी दोनों ही तरीके का इस्तेमाल करता है. गूगल भी यह काम करती है अक्सर गूगल सर्च करने पर किसी और वेबसाइट का रिजल्ट दिखाया जाता है जिसमें सर्च किया गया कीवर्ड होता है. गूगल का भी शुरुआत डायरेक्टरी के तरह हुआ लेकिन, समय के साथ चलते चलते यह डायरेक्टरी से सर्च इंजन बन गया. गूगल सर्च इंजन वेब बेस्ड ऑनलाइन बिज़नेस डायरेक्टरी और वेबसाइट डायरेक्टरी को काफी प्राथमिकता देता है. ऐसे में यदि किसी सर्च इंजन में रैंक करना है तो वेब डायरेक्टरी में लिस्टिंग जरूरी है. पिछले कुछ सालों में वेब बेस्ड डायरेक्टरी का महत्व कम होते जा रहा है और इसका जगह हाइब्रिड सर्च इंजन ले रहा है. गूगल और याहू इसका बेहतरीन उदहारण है.
यह क्रॉलर और डायरेक्टरी दोनों ही तरीके का इस्तेमाल करता है. गूगल भी यह काम करती है अक्सर गूगल सर्च करने पर किसी और वेबसाइट का रिजल्ट दिखाया जाता है जिसमें सर्च किया गया कीवर्ड होता है. गूगल का भी शुरुआत डायरेक्टरी के तरह हुआ लेकिन, समय के साथ चलते चलते यह डायरेक्टरी से सर्च इंजन बन गया. गूगल सर्च इंजन वेब बेस्ड ऑनलाइन बिज़नेस डायरेक्टरी और वेबसाइट डायरेक्टरी को काफी प्राथमिकता देता है. ऐसे में यदि किसी सर्च इंजन में रैंक करना है तो वेब डायरेक्टरी में लिस्टिंग जरूरी है. पिछले कुछ सालों में वेब बेस्ड डायरेक्टरी का महत्व कम होते जा रहा है और इसका जगह हाइब्रिड सर्च इंजन ले रहा है. गूगल और याहू इसका बेहतरीन उदहारण है.
Meta Search Engines
कुछ ऐसे सर्च इंजन हैं जो किसी और सर्च इंजन से डाटा कलेक्ट कर यूजर को दिखती है मेटा सर्च इंजन कहलाता है। ऐसे सर्च इंजन में जब कोई यूजर किसी कीवर्ड को ढूंढता है तो इस क्वेरी को अन्य अलग – अलग सर्च इंजन में ढूंढता है. यहाँ मिले हुए सर्च रिजल्ट में अपना सर्च अल्गोरिथम अप्लाई कर सही रिजल्ट यूजर को देने का काम करती है. जैसे Dogpile, Metacrawler ये मेटा सर्च इंजन की तरह काम करता है.
कुछ ऐसे सर्च इंजन हैं जो किसी और सर्च इंजन से डाटा कलेक्ट कर यूजर को दिखती है मेटा सर्च इंजन कहलाता है। ऐसे सर्च इंजन में जब कोई यूजर किसी कीवर्ड को ढूंढता है तो इस क्वेरी को अन्य अलग – अलग सर्च इंजन में ढूंढता है. यहाँ मिले हुए सर्च रिजल्ट में अपना सर्च अल्गोरिथम अप्लाई कर सही रिजल्ट यूजर को देने का काम करती है. जैसे Dogpile, Metacrawler ये मेटा सर्च इंजन की तरह काम करता है.
Some Other Search Engines
इन्टरनेट पर कुछ ऐसे सर्च इंजन भी हैं जो कुछ विशेष केटेगरी में सर्च करने के लिए ही बनाया गया है. जैसे कुछ ऐसी वेबसाइट हैं जहाँ सिर्फ मोबाइल, कार, बाइक, या किसी एक प्रोडक्ट से सम्बंधित जानकरी ही उपलब्ध होता है. इस तरह का सर्च इंजन / वेबसाइट तेज़ी से आगे बढ़ रहा है. इसे NICHE WEBSITE कहते हैं. गूगल सर्च इंजन इस तरह की वेबसाइट को ज्यादा महत्व सेती है. उदाहरण के लिए नीचे कुछ वेबसाइट का नाम दिया गया है.
इन्टरनेट पर कुछ ऐसे सर्च इंजन भी हैं जो कुछ विशेष केटेगरी में सर्च करने के लिए ही बनाया गया है. जैसे कुछ ऐसी वेबसाइट हैं जहाँ सिर्फ मोबाइल, कार, बाइक, या किसी एक प्रोडक्ट से सम्बंधित जानकरी ही उपलब्ध होता है. इस तरह का सर्च इंजन / वेबसाइट तेज़ी से आगे बढ़ रहा है. इसे NICHE WEBSITE कहते हैं. गूगल सर्च इंजन इस तरह की वेबसाइट को ज्यादा महत्व सेती है. उदाहरण के लिए नीचे कुछ वेबसाइट का नाम दिया गया है.
Shopping Website
• Google Shopping
• Yahoo Shopping
• PriceGrabber
• Google Shopping
• Yahoo Shopping
• PriceGrabber
News Website
• Google News
• Yahoo News
• Google News
• Yahoo News
Image Website
• Google Image
• Bing Image
• Yahoo! Image
• Pixabay
• TinyEye
• Pinterest
• Google Image
• Bing Image
• Yahoo! Image
• Pixabay
• TinyEye
Music Website
• Allmusic
• Last FM
• Sound Click
• BeeMP3
• Gaana
• Allmusic
• Last FM
• Sound Click
• BeeMP3
• Gaana
Most Popular Search Engines
इंटरनेट पर हर दिन कई डोमेन नाम रजिस्टर हो रहा है और कई नई वेबसाइट सामने आ रही है साथ ही हर दिन कई वेबसाइट बंद भी हो रहा है. लेकिन, इनमें से कुछ वेबसाइट है जो Top 10 में स्थान बनाये हुए है तो कुछ सालों से इंटरनेट पर मौजूद होने के बावजूद भी लोग उसे नहीं जानते हैं. इंटरनेट पर डाटा ढूंढने के लिए कुछ पॉपुलर सर्च इंजन है जिसका नाम नीचे दिया गया है.
1. Google
2. Yahoo!
3. Bing
4. Baidu
5. Yandex
6. Ask
7. AOL
8. DuckDuckGo
9. WolframAlpha
10. Dogpile
इंटरनेट पर हर दिन कई डोमेन नाम रजिस्टर हो रहा है और कई नई वेबसाइट सामने आ रही है साथ ही हर दिन कई वेबसाइट बंद भी हो रहा है. लेकिन, इनमें से कुछ वेबसाइट है जो Top 10 में स्थान बनाये हुए है तो कुछ सालों से इंटरनेट पर मौजूद होने के बावजूद भी लोग उसे नहीं जानते हैं. इंटरनेट पर डाटा ढूंढने के लिए कुछ पॉपुलर सर्च इंजन है जिसका नाम नीचे दिया गया है.
1. Google
2. Yahoo!
3. Bing
4. Baidu
5. Yandex
6. Ask
7. AOL
8. DuckDuckGo
9. WolframAlpha
10. Dogpile
इस लिस्ट में सबसे ऊपर गूगल है जो दुनिया नंबर 1 सर्च इंजन है। रिपोर्ट के अनुसार दुनिया में सबसे ज्यादा सर्च (70%) Google Search Engine में किया जाता है.
Anchor Text क्या है और SEO के लिए यह कितना जरूरी है?
Anchor Text Kya hai क्या आप Anchor Text के बारें में जानते हैं? SEO अपने आप में बहुत बड़ा क्षेत्र है यहाँ हर दिन सीखने की जरूरत है. SEO या Digital Marketing Course कर लेने से कुछ नहीं होता है. इसे लगातार प्रैक्टिस और सीखते रहना जरूरी है. SEO Full Form Search Engine Optimization होता है. SEO एक प्रोसेस है जिसकी मदद से किसी वेबसाइट या ब्लॉग को SERP में रैंक करवाया जाता है. SEO में कई काम करना होता है. इसे मुख्य रूप से दो भाग बाटा गया है. On Page SEO और Off Page SEO. On Page SEO में ही Anchor text काम आता है. ज्यादातर लोग Anchor Text को कम अहमियत देते हैं लेकिन, इससे भी SERP में रैंक हासिल किया जा सकता है. Hyperlinks के विज़िबल और Clickable टेक्स्ट को Anchor Text कहा जाता है. सामान्य तौर पर एंकर टेक्स्ट ब्लू कलर के साथ underline होता है. CSS Change कर इसका कलर बदला जाता है. Anchor टेक्स्ट मे use होने वाले keyword को सर्च इंजन नोटिस करता है और यह SEO के लिए बहुत काम का माना जाता है. सर्च इंजन और यूजर को link के कंटेंट की सही इनफार्मेशन देने एंकर टेक्स्ट करता है.
Anchor Text क्या है और SEO के लिए यह कितना जरूरी है?
Anchor Text Kya hai क्या आप Anchor Text के बारें में जानते हैं? SEO अपने आप में बहुत बड़ा क्षेत्र है यहाँ हर दिन सीखने की जरूरत है. SEO या Digital Marketing Course कर लेने से कुछ नहीं होता है. इसे लगातार प्रैक्टिस और सीखते रहना जरूरी है. SEO Full Form Search Engine Optimization होता है. SEO एक प्रोसेस है जिसकी मदद से किसी वेबसाइट या ब्लॉग को SERP में रैंक करवाया जाता है. SEO में कई काम करना होता है. इसे मुख्य रूप से दो भाग बाटा गया है. On Page SEO और Off Page SEO. On Page SEO में ही Anchor text काम आता है. ज्यादातर लोग Anchor Text को कम अहमियत देते हैं लेकिन, इससे भी SERP में रैंक हासिल किया जा सकता है. Hyperlinks के विज़िबल और Clickable टेक्स्ट को Anchor Text कहा जाता है. सामान्य तौर पर एंकर टेक्स्ट ब्लू कलर के साथ underline होता है. CSS Change कर इसका कलर बदला जाता है. Anchor टेक्स्ट मे use होने वाले keyword को सर्च इंजन नोटिस करता है और यह SEO के लिए बहुत काम का माना जाता है. सर्च इंजन और यूजर को link के कंटेंट की सही इनफार्मेशन देने एंकर टेक्स्ट करता है.
• 1 एंकर टेक्स्ट क्या है?
• 2 एंकर टेक्स्ट क्यूँ जरूरी है?
o 2.1 Good Anchor Text
o 2.2 Bad Anchor Text
• 3 Anchor Text Types in Hindi
o 3.1 Exact Match Anchor Text
o 3.2 Partial Match Anchor Text
o 3.3 Naked Link Anchor Text
o 3.4 Generic Anchor Text
o 3.5 Branded Anchor Text
o 3.6 Image Anchor
• 4 एंकर टेक्स्ट के फायदें
• 5 You May Also Read
• 6 Conclusion Anchor Text
• 2 एंकर टेक्स्ट क्यूँ जरूरी है?
o 2.1 Good Anchor Text
o 2.2 Bad Anchor Text
• 3 Anchor Text Types in Hindi
o 3.1 Exact Match Anchor Text
o 3.2 Partial Match Anchor Text
o 3.3 Naked Link Anchor Text
o 3.4 Generic Anchor Text
o 3.5 Branded Anchor Text
o 3.6 Image Anchor
• 4 एंकर टेक्स्ट के फायदें
• 5 You May Also Read
• 6 Conclusion Anchor Text
एंकर टेक्स्ट क्या है?
एंकर टेक्स्ट वह Clickable Text है जो पोस्ट में किसी अन्य पोस्ट को लिंक करने का काम करता है. एंकर टेक्स्ट का इस्तेमाल हाइपर लिंक की तरह यूजर का ध्यान खींचने के लिए किया जाता है. इससे वेबसाइट का Bounce Rate कम होता है. सामान्य तौर पर कहें तो ब्लॉग पोस्ट में इंटरनल और एक्सटर्नल लिंक को ही एंकर टेक्स्ट कहते हैं. यदि यह सर्च इंजन इंजन पॉलिसी को फॉलो करता है तो White Hat SEO के अंदर आता है और यदि यह सर्च इंजन को फॉलो नहीं करता है तो Black Hat SEO की तरह काम करता है.
एंकर टेक्स्ट वह Clickable Text है जो पोस्ट में किसी अन्य पोस्ट को लिंक करने का काम करता है. एंकर टेक्स्ट का इस्तेमाल हाइपर लिंक की तरह यूजर का ध्यान खींचने के लिए किया जाता है. इससे वेबसाइट का Bounce Rate कम होता है. सामान्य तौर पर कहें तो ब्लॉग पोस्ट में इंटरनल और एक्सटर्नल लिंक को ही एंकर टेक्स्ट कहते हैं. यदि यह सर्च इंजन इंजन पॉलिसी को फॉलो करता है तो White Hat SEO के अंदर आता है और यदि यह सर्च इंजन को फॉलो नहीं करता है तो Black Hat SEO की तरह काम करता है.
इंजन को फॉलो नहीं करता है तो Black Hat SEO की तरह काम करता है.
Anchor Text से वेबसाइट के अन्य पेज को आसानी से क्रॉल करवाया जा सकता है. इस पोस्ट में भी कुछ टेक्स्ट रेड कलर का दिख रहा है यह एंकर टेक्स्ट ही है. यहाँ क्लिक करने से एंकर टेक्स्ट में लिखा गया पोस्ट पेज खुल जायेगा। Mouse Cursor को यहाँ लाते ही यह Hand icon में बदल जाता है. ऊपर हाई लाइट किया गया वर्ड एंकर टेक्स्ट है.
Anchor Text से वेबसाइट के अन्य पेज को आसानी से क्रॉल करवाया जा सकता है. इस पोस्ट में भी कुछ टेक्स्ट रेड कलर का दिख रहा है यह एंकर टेक्स्ट ही है. यहाँ क्लिक करने से एंकर टेक्स्ट में लिखा गया पोस्ट पेज खुल जायेगा। Mouse Cursor को यहाँ लाते ही यह Hand icon में बदल जाता है. ऊपर हाई लाइट किया गया वर्ड एंकर टेक्स्ट है.
एंकर टेक्स्ट क्यूँ जरूरी है?
अक्सर ऐसा देखा गया है लोग एंकर टेक्स्ट का इस्तेमाल करने में गलती कर देते हैं. इसे डिटेल में समझाने के लिए नीचे कुछ पॉइंट में जानकारी दी गई है.
अक्सर ऐसा देखा गया है लोग एंकर टेक्स्ट का इस्तेमाल करने में गलती कर देते हैं. इसे डिटेल में समझाने के लिए नीचे कुछ पॉइंट में जानकारी दी गई है.
Good Anchor Text
एंकर टेक्स्ट में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल जो एक कीवर्ड हो और उसके बारें में ही पोस्ट में जानकारी दी गई हो अच्छा एंकर टेक्स्ट माना जाता है. सर्च इंजन भी इसे समझ पाता है यह जानकारी इस बारें में दी गई है. एंकर टेक्स्ट में हमेशा वही वही कीवर्ड का इस्तेमाल करना चाहिए जिसके बारें में पोस्ट लिखा गया है.
एंकर टेक्स्ट में ऐसे शब्दों का इस्तेमाल जो एक कीवर्ड हो और उसके बारें में ही पोस्ट में जानकारी दी गई हो अच्छा एंकर टेक्स्ट माना जाता है. सर्च इंजन भी इसे समझ पाता है यह जानकारी इस बारें में दी गई है. एंकर टेक्स्ट में हमेशा वही वही कीवर्ड का इस्तेमाल करना चाहिए जिसके बारें में पोस्ट लिखा गया है.